
महासमुंद कोमाखान: जेवरों की सफाई और नया डिजाइन बनाने का झांसा देकर 2.99 लाख के सोने-चांदी के गहने ले गईं दो अज्ञात महिलाएं
चंदरपुर में तीन महिलाओं से ठगी का आरोप, कंप्यूटर में डिजाइन स्कैन कर पैसे दिलाने का दिया था झांसा; पुलिस ने बीएनएस की धारा 318(3), 318(4) एवं 3(5) के तहत अपराध दर्ज कर जांच में लिया मामला
महासमुंद। जिले के कोमाखान थाना क्षेत्र के ग्राम चंदरपुर में दो अज्ञात महिलाओं द्वारा सोने-चांदी के जेवरों का नया डिजाइन बनाकर देने और उसके एवज में पैसे दिलाने का झांसा देकर कुल 2 लाख 99 हजार रुपये कीमत के सोने-चांदी के आभूषण ले जाने का मामला सामने आया है। इस मामले में ग्राम चंदरपुर निवासी श्रीमती लीना साहू (24 वर्ष), पति परमेश्वर साहू ने 20 अक्टूबर 2026 को थाना कोमाखान में लिखित आवेदन देकर शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने प्रथम दृष्टया भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 318(3), 318(4) एवं 3(5) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया है।
पुराने बर्तन लेने के बहाने घर पहुंची थी अज्ञात महिला
पुलिस को दिए गए आवेदन के अनुसार, प्रार्थिया श्रीमती लीना साहू ग्राम चंदरपुर, थाना कोमाखान, जिला महासमुंद की निवासी हैं। वह कक्षा नौवीं तक पढ़ी-लिखी हैं और गृहिणी हैं।
लीना साहू ने बताया कि 14 अक्टूबर 2026 को सुबह करीब 9:30 बजे एक अज्ञात महिला उनके घर पहुंची। उस समय घर में लीना साहू, उनकी सास सुकवारो बाई और उनकी देवरानी श्रीमती पूनम साहू मौजूद थीं। महिला ने बताया कि वह टिन के पुराने और टूटे-फूटे बर्तन लेती है तथा उनके बदले नए बर्तन बनाकर देती है। इसके लिए वह 50 रुपये मेकिंग चार्ज लेती है। महिला की बातों पर विश्वास करते हुए घर की महिलाओं ने उसे एक पुराना कुकर और टिन की तीन बोतलें दे दीं।
पुराने सामान के बदले नया बर्तन देकर जीता विश्वास
आवेदन के मुताबिक, 15 अक्टूबर 2026 को उक्त अज्ञात महिला अपनी एक सहेली के साथ दोबारा घर पहुंची। उसने पुराने सामान के बदले एक नया टिन का कढ़ाई दिया। इसके बाद दोनों महिलाओं ने घर की महिलाओं से कहा कि यदि उनके पास चांदी के जेवर हैं, तो वे उन्हें दें। जेवरों के डिजाइन को कंप्यूटर में स्कैन करके बाहर भेजा जाता है और इसके एवज में पैसे भी मिलते हैं।
महिलाओं की बातों पर विश्वास करते हुए लीना साहू और उनकी देवरानी पूनम साहू ने चांदी की दो जोड़ी बिछिया, जिनका कुल वजन लगभग 20 ग्राम बताया गया है, उन्हें दे दीं।
चांदी के पायल वापस कर फिर मांगे सोने-चांदी के जेवर
शिकायत के अनुसार, 16 अक्टूबर 2026 को दोनों अज्ञात महिलाएं चांदी की बिछिया वापस करने आईं। उसी दिन उन्होंने फिर कहा कि यदि उनके पास अच्छे डिजाइन वाले चांदी के जेवर हों, तो वे उन्हें कंप्यूटर में स्कैन करके वापस कर देंगी। इसके बाद लीना साहू और उनकी देवरानी ने एक-एक जोड़ी चांदी के पायल, जिनका वजन करीब 12 तोला बताया गया है, दोनों महिलाओं को दे दिए।
अगले दिन 17 अक्टूबर 2026 को सुबह करीब 11:30 बजे दोनों अज्ञात महिलाएं फिर घर पहुंचीं और पहले दिए गए चांदी के पायल वापस कर दिए। साथ ही उपहार के रूप में एक टिफिन, एक कुकर और 500 रुपये नकद दिए। इसके बाद उन्होंने घर की महिलाओं से कहा कि यदि उनके पास इसी तरह अच्छे डिजाइन वाले सोने-चांदी के जेवर हैं, तो वे उन्हें दें। दोनों महिलाओं ने कंप्यूटर में डिजाइन स्कैन कर जेवर वापस करने और इसके एवज में प्रत्येक महिला को 40-40 हजार रुपये मिलने की बात कही।
तीन महिलाओं से कुल 2.99 लाख रुपये के जेवर लेने का आरोप
शिकायत के अनुसार, दोनों अज्ञात महिलाओं की बातों पर विश्वास करते हुए लीना साहू, उनकी सास सुकवारो बाई और देवरानी पूनम साहू ने अपने-अपने सोने-चांदी के जेवर उन्हें दे दिए।
शिकायत में दिए गए जेवरों का विवरण इस प्रकार है—
1. लीना साहू के जेवर:
- पुराने इस्तेमाल के 10 नग सोने के लॉकेट, वजन लगभग 10 ग्राम, अनुमानित कीमत 60,000 रुपये।
- एक जोड़ी बड़ी चांदी की पायल, वजन लगभग 120 ग्राम, अनुमानित कीमत 15,000 रुपये।
- एक जोड़ी सोने की बाली, वजन लगभग 5 ग्राम, अनुमानित कीमत 30,000 रुपये।
2. सास सुकवारो बाई के जेवर:
- तुलसी के पत्ते जैसे आकार के 7 नग सोने के लॉकेट, वजन लगभग 10 ग्राम, अनुमानित कीमत 60,000 रुपये।
- एक जोड़ी सोने के टॉप्स, वजन लगभग 5 ग्राम, अनुमानित कीमत 30,000 रुपये।
- एक जोड़ी चांदी की ऐंठी, वजन लगभग 250 ग्राम, अनुमानित कीमत 25,000 रुपये।
3. देवरानी पूनम साहू के जेवर:
- एक जोड़ी सोने के झुमके, वजन लगभग 3.5 ग्राम, अनुमानित कीमत 21,000 रुपये।
- सोने के 8 नग लॉकेट, वजन लगभग 8 ग्राम, अनुमानित कीमत 48,000 रुपये।
- चांदी का हाफ करधन, वजन लगभग 50 ग्राम, अनुमानित कीमत 10,000 रुपये।
आवेदन में इन सभी सोने-चांदी के जेवरों की कुल अनुमानित कीमत 2 लाख 99 हजार रुपये बताई गई है। शिकायतकर्ता के अनुसार, दोनों अज्ञात महिलाएं जेवर लेकर वहां से चली गईं।
इंतजार के बाद थाने पहुंचकर दर्ज कराई शिकायत
लीना साहू ने अपने आवेदन में बताया कि जेवर देने के बाद परिवार के लोगों ने एक-दो दिन तक दोनों महिलाओं के वापस आने का इंतजार किया, लेकिन वे जेवर लौटाने नहीं आईं। इसके बाद परिवार के सदस्यों से सलाह-मशविरा करने के बाद 20 अक्टूबर 2026 को थाना कोमाखान पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई गई।
प्रार्थिया ने पुलिस से दोनों अज्ञात महिलाओं की जांच कर उनके विरुद्ध उचित कानूनी कार्रवाई करने का अनुरोध किया है।
पुलिस ने अपराध दर्ज कर शुरू की विवेचना
मामले में प्राप्त आवेदन के आधार पर थाना कोमाखान पुलिस ने प्रथम दृष्टया भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 318(3), 318(4) एवं 3(5) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया है। अब पुलिस शिकायत में बताए गए घटनाक्रम और दोनों अज्ञात महिलाओं के संबंध में जांच कर रही है।




