महासमुंद/कलेक्टर ने ली समय-सीमा की बैठक, दिए आवश्यक निर्देश धान उठाव की समीक्षा
महासमुंद/ कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने आज सुबह 10ः00 बजे से कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में समय-सीमा की बैठक आयोजित कर जिले में संचालित शासकीय योजनाओं एवं कार्यक्रमों की विस्तृत समीक्षा की। इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ श्री हेमंत नंदनवार, अपर कलेक्टर श्री सचिन भूतड़ा, श्री रवि कुमार साहू, अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व), विभागीय जिलाधिकारी, जनपद सीईओ, नगरीय निकायों के सीएमओ तथा वीसी के माध्यम से ब्लॉक स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में कलेक्टर श्री लंगेह ने निर्देश दिए है कि सभी अधिकारी-कर्मचारी मंगलवार और बुधवार को अनिवार्य रूप से प्रातः 10 बजे समय पर कार्यालय पहुंचे तथा आधार बेस्ड उपस्थिति प्रणाली को अनिवार्य रूप से पालन करें। उन्होंने कहा कि निर्धारित समय पर उपस्थिति में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। ई-ऑफिस प्रणाली में नियमित पत्राचार करते हुए इसे व्यवहार में प्रभावी रूप से लागू करने के निर्देश दिए।
अभी हाल ही में सम्पन्न हुए एसआईआर कार्य को सफलतापूर्वक संपन्न होने पर कलेक्टर श्री लंगेह ने उप जिला निर्वाचन अधिकारी, बीएलओ तथा महिला एवं बाल विकास विभाग को विशेष बधाई दी। कलेक्टर ने कहा कि निर्धारित समय सीमा में बिना किसी अवरोध के कार्य पूर्ण किया जाना सराहनीय है। कलेक्टर ने समीक्षा के दौरान संपूर्णता अभियान के अंतर्गत निर्धारित सभी संकेतकों को तय समय सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। साथ ही मुख्यमंत्री द्वारा की गई घोषणाओं पर सतत निगरानी रखते हुए गुणवत्ता के साथ कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए।
बैठक में कलेक्टर ने धान उठाव की समीक्षा करते हुए प्रतिदिन लगभग 20 हजार क्विंटल धान उठाव के निर्देश दिए। संभावित बारिश को ध्यान में रखते हुए कैप कवर सुनिश्चित करने तथा जल निकासी के लिए नाली निर्माण करने के निर्देश भी संबंधित अधिकारियों को दिए गए। साथ ही धान को नमी से बचाने एवं सुरक्षित रखने हेतु नियमित निगरानी के निर्देश दिए। उन्होंने जप्त धान के संबंध में तहसीलदार को आज शाम तक पीवी रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा। जिला विपणन अधिकारी ने बताया कि 24 फरवरी की स्थिति में कुल 8 लाख 21 हजार 969 मीट्रिक टन धान के लिए डीओ जारी किया गया है। जिसके विरूद्ध अब तक 6 लाख 21 हजार 451 मीट्रिक टन धान का उठाव कर लिया गया है। इसी तरह जिन राशन दुकानों में अब तक खाद्यान्न का वितरण नहीं हुआ है, उस पर कलेक्टर ने नाराजगी जताते हुए समय पर भंडारण एवं वितरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं तथा संबंधित एसडीएम को व्यक्तिगत रूप से निगरानी करने एवं नियमित निरीक्षण करने को कहा गया है। उन्होंने कहा कि राशन दुकानों में प्रतिमाह चावल उत्सव अनिवार्य रूप से आयोजित करें।
कलेक्टर ने पीएम श्री स्कूलों का 21 बिंदुओं के आधार पर निरीक्षण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया। उन्होंने इन विद्यालयों को सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के रूप में विकसित करने, वोकेशनल ट्रेनिंग प्रारंभ करने, लैब एवं लाइब्रेरी को सुव्यवस्थित करने तथा शिक्षकों के नियमित प्रशिक्षण सुनिश्चित करने एवं बाला कांसेप्ट पर कार्य करने के निर्देश दिए गए। इन शालाओं में निर्माण कार्यों का सतत निरीक्षण कर गुणवत्ता के साथ समय सीमा में पूर्ण करने के भी निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने कहा कि इन स्कूलों के लिए नियुक्त सभी नोडल अधिकारी अपने दायित्वों का गंभीरता से निर्वहन करें और पीएम श्री शालाओं को उच्च गुणवत्तापूर्ण मानकों के अनुरूप विकसित करें। उन्होंने जर्जर आंगनबाड़ी केंद्रों की अद्यतन जानकारी उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
कलेक्टर ने जनपद सीईओ को निर्देशित करते हुए कहा कि स्वच्छ भारत मिशन के तहत जिन ग्राम पंचायतों में कचरा वाहनों की खरीदी हो चुकी है, वहां डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण की शुरुआत करें तथा ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता व्यवस्था को और मजबूत बनाया जाए। पीएम सूर्य घर योजना के तहत अधिकतम पात्र परिवारों को जोड़ने का लक्ष्य रखें। इसके अलावा कलेक्टर ने अपार कार्ड, आधार कार्ड, वय वंदन योजना तथा आयुष्मान कार्ड की प्रगति की समीक्षा करते हुए लक्ष्यों की प्राप्ति में तेजी लाने के निर्देश दिए गए। साथ ही उन्होंने पीएम जनमन, मुख्यमंत्री जनदर्शन, कलेक्टर जन चौपाल, समय-सीमा पत्रक और राजस्व प्रकरणों, लोक सेवा गारंटी की समीक्षा करते हुए गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।



