सरायपाली। सरायपाली क्षेत्र के ग्राम छिंदपाली में केंद्र सरकार द्वारा संचालित जवाहर नवोदय विद्यालय स्थित है, जहां कक्षा छठवीं से 12वीं तक छात्र-छात्राएं हॉस्टल में रहकर शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं। सरायपाली क्षेत्र के लिए यह विद्यालय बड़ी सौगात माना जाता है और हजारों अभिभावक अपने बच्चों को यहां शिक्षा दिला रहे हैं। लेकिन विद्यालय से महज करीब 500 मीटर की दूरी पर स्थित एक ढाबे में खुलेआम शराब बिक्री और शराब सेवन किए जाने के आरोपों ने अब सुरक्षा और शैक्षणिक वातावरण को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।
नगरपालिका अध्यक्ष चुनाव में स्वतंत्र प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ चुकीं समाजसेवी श्रीमती सुखविंदर कौर रैना ने इस मामले को लेकर प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि हजारों अभिभावक जब अपने बच्चों से मिलने जवाहर नवोदय विद्यालय पहुंचते हैं तो उन्हें असहज परिस्थितियों का सामना करना पड़ता है। अभिभावकों के सामने विद्यालय से कुछ ही दूरी पर लोगों द्वारा खुलेआम शराब का सेवन करने और कथित तौर पर गाली-गलौज करने जैसी स्थिति दिखाई देती है।
श्रीमती रैना ने कहा कि अभिभावक अपने बच्चों को जवाहर नवोदय विद्यालय में इसलिए भेजते हैं क्योंकि उन्हें लगता है कि यहां उनका बच्चा सुरक्षित वातावरण में रहकर बेहतर शिक्षा प्राप्त करेगा। लेकिन जब विद्यालय के आसपास इस तरह की गतिविधियां नजर आती हैं तो अभिभावक स्वाभाविक रूप से अपने निर्णय पर पुनर्विचार करने की चर्चा करने लगते हैं।
उन्होंने कहा, “मैं भी एक अभिभावक हूं और मैंने भी जवाहर नवोदय विद्यालय में अध्ययन के लिए अपने पुत्र का आवेदन किया है। ऐसे में जब हम विद्यालय के पास जाते हैं और हमें असहज स्थितियों का सामना करना पड़ता है तो उन सभी पालकों की पीड़ा को करीब से समझ सकते हैं।”
श्रीमती रैना ने आरोप लगाया कि ग्रामवासियों की ओर से शिकायतें किए जाने के बावजूद प्रशासन द्वारा अब तक उचित कार्रवाई नहीं की जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रशासन या तो केंद्र सरकार द्वारा संचालित इतने महत्वपूर्ण शिक्षण संस्थान की गरिमा और महत्व को समझ नहीं पा रहा है या फिर इस मामले को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा है। इसके पीछे कारण क्या है, इसका जवाब प्रशासन ही दे सकता है।
झिलमिला चौक पर भी शराब बिक्री का आरोप
श्रीमती रैना ने सरायपाली झिलमिला चौक की स्थिति पर भी चिंता जताई। उन्होंने आरोप लगाया कि यहां कुछ लोग ढाबे की आड़ में शराब की दुकान की तरह शराब का विक्रय कर रहे हैं। उनका कहना है कि सावन के महीने में शिव मंदिर से महज करीब 200 मीटर की दूरी पर शराब बिक्री किए जाने की शिकायतें सामने आ रही हैं।
उन्होंने आबकारी विभाग और पुलिस प्रशासन से मामले की जांच कर उचित कार्रवाई की मांग की है। श्रीमती रैना ने कहा कि कार्रवाई होने से जनता के बीच यह विश्वास मजबूत होगा कि प्रशासन शराब की अवैध बिक्री पर रोक लगाने और जनहित में प्रभावी कदम उठाने के लिए गंभीर है।



