महासमुंद: 50 लाख के लोन विवाद में बेटे की बेरहमी से हत्या: पिता-सौतेली मां ने बांस डंडा व टंगिया से किया हमला, भाई भी साक्ष्य छिपाने में शामिल
महासमुंद जिले के पटेवा थाना क्षेत्र के ग्राम टुरीडीह में पारिवारिक विवाद के चलते एक युवक की निर्मम हत्या का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में मृतक के पिता, सौतेली मां और भाई के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार थाना पटेवा में पदस्थ सहायक उप निरीक्षक ललित चन्द्रा द्वारा मर्ग क्रमांक 0/2026 धारा 194 बीएनएसएस तथा गुम इंसान क्रमांक 15/2026 की जांच की जा रही थी। जांच के दौरान मृतक प्रेमप्रकाश टण्डन के भाई आशीष टण्डन के मेमोरण्डम कथन एवं शव पंचनामा के आधार पर मामला सामने आया।
बताया गया कि 2 मार्च 2026 की रात करीब 9 बजे गंगाराम टण्डन ने अपने बेटे प्रेमप्रकाश टण्डन को मोबाइल से फोन कर गोंगल रोड स्थित ईंट फैक्ट्री बुलाया था। इसके बाद प्रेमप्रकाश अपने भाई आशीष टण्डन के साथ यामाहा एक्सएसआर मोटरसाइकिल क्रमांक CG-04 QV 6254 से ईंट फैक्ट्री पहुंचा।
फैक्ट्री पहुंचने के बाद पिता गंगाराम टण्डन ने प्रेमप्रकाश को बताया कि ईंट भट्ठा खोलने के लिए बैंक से 50 लाख रुपये का लोन लिया गया है, जिसमें उन्होंने अपनी जमीन गिरवी रखकर गारंटर बने हैं। बैंक द्वारा लोन की राशि जमा करने का नोटिस मिलने के कारण दोनों के बीच विवाद शुरू हो गया।
विवाद के दौरान प्रेमप्रकाश ने लोन चुकाने से इनकार कर दिया और फैक्ट्री की चाबी देने से भी मना कर दिया। इसके बाद जब प्रेमप्रकाश अपने भाई के साथ मोटरसाइकिल से घर लौटने लगा तो सौतेली मां प्रिंसकिला टण्डन ने फैक्ट्री का दरवाजा बंद कर दिया।
इसी दौरान गंगाराम टण्डन और प्रिंसकिला टण्डन ने बांस के डंडे और टंगिया से प्रेमप्रकाश के सिर और चेहरे पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया, जिससे वह मोटरसाइकिल से गिर पड़ा। गिरने के बाद भी दोनों ने उस पर कई बार प्राणघातक वार किए, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई।
हत्या के बाद साक्ष्य छिपाने की नीयत से शव को मोटरसाइकिल CG-06 GB 7450 से फैक्ट्री से दूर खेत में ले जाकर छोड़ दिया गया। इसके बाद मृतक के कपड़े निकालकर मोटरसाइकिल की डिग्गी में रख दिए गए। घर वापस आकर दरवाजे और घर में फैले खून को पानी से धोकर साफ किया गया तथा खून लगे कपड़ों को जला दिया गया।
मामले में पुलिस ने गंगाराम टण्डन, प्रिंसकिला टण्डन और आशीष टण्डन के खिलाफ धारा 103(1), 238 और 3(5) बीएनएस के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना में लिया है।



