दुर्ग न्यूज़ : स्कूल से नदारद प्रधानपाठिका सहित छह शिक्षकों पर गिरी गाज, संभागायुक्त ने किया निलंबित, डीईओ और बीईओ को भी थमाया नोटिस महात्मा गांधी शासकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय की प्रधानपाठिका सहित छह शिक्षकों को निलंबित कर दिया है। मामले में दुर्ग डीईओ और बीईओ को भी कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। महात्मा गांधी शासकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय की प्रधानपाठिका सहित छह शिक्षकों को निलंबित कर दिया है। मामले में दुर्ग डीईओ और बीईओ को भी कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। दरअसल उक्त स्कूल में प्रधानपाठिका सहित शिक्षकों के आए दिन अनुपस्थिति को लेकर दुर्ग संभागायुक्त से शिकायत की गई थी।
शिकायत पर संभागायुक्त ने स्कूल का औचक निरीक्षण कर यह कार्रवाई की। दुर्ग निवासी महावीर जैन ने संभागायुक्त के पास लिखित शिकायत की थी कि महात्मागांधी शासकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय में वहां की प्रधानपाठिका और शिक्षकों द्वारा बड़ी लापरवाही बरती जा रही है। स्कूल में दर्ज संख्या के अनुपात में काफी अधिक शिक्षक हैं। इसका फायदा उठाकर प्रधानपाठिका शायना परवीन खान और कई शिक्षक बहुत-बहुत दिनों तक स्कूल नहीं आते हैं। टीचर्स स्कूल आते भी हैं तो पूरा समय मोबाइल और अपने निजी काम में लगा देते हैं। इसके बाद संभागायुक्त और उपायुक्त दुर्ग संभाग, संयुक्त संचालक शिक्षा संभाग दुर्ग को मिलाकर एक ज्वाइंट टीम बनाई गई। अधिकारियों की टीम ने विगत दिनों महात्मा गांधी शासकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान प्रधानपाठिका शायरा परवीन खान स्कूल से अनुपस्थित मिली। स्कूल में पदस्थ 11 शिक्षकों में प्रधानपाठिका सहित छह अनुपस्थित पाए गए। स्कूल में विद्यार्थियों की दर्ज संख्या 94 है लेकिन वहां मात्र 62 विद्यार्थी ही उपस्थित पाए गए। 32 विद्यार्थी ही उपस्थित पाए गए।
प्रधानपाठिका के अलावा जिन शिक्षकों को निलंबित किया गया है उसमें छाया दुबे शिक्षक एलबी, सुनीता देवांगन शिक्षक एलबी, गरिमा सिन्हा शिक्षक एलबी, शशिकला साहसी शिक्षक, रेखा अग्रवाल शिक्षक एलबी शामिल है। इस मामले में शिकायतकर्ता ने डीईओ और बीईओ की कार्यप्रणाली को लेकर भी सवाल उठाया था। उनका कहना था कि डीईओ कार्यालय से कुछ ही किमी की दूरी पर स्कूल संचालित है। मामला संज्ञान में होने के बाद भी अधिकारी कार्रवाई नहीं कर रहे हैं। मामले में डीईओ और बीईओ को प्रति माह 20 हजार रुपये रिश्वत दिए जाने का आरोप भी लगाया गया था। अधिकारियों की जांच में रिश्वत लिए जाने का आरोप प्रमाणित नहीं हुआ। प्रकरण में संभागायुक्त ने डीईओ अभय जायसवाल और बीईओ गोविंद साव को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।



