CG NGO Scam: घोटाले के सभी आरोपी अधिकारी हो चुके हैं रिटायर, CBI जल्द कसेगी शिकंजा

CG NGO Scam: घोटाले के सभी आरोपी अधिकारी हो चुके हैं रिटायर, CBI जल्द कसेगी शिकंजा

रायपुर: समाज कल्याण विभाग में हुए 1,000 करोड़ रुपये के एनजीओ घोटाले में आरोपित रहे सभी अधिकारी अब सेवानिवृत्त हो चुके हैं, जिनमें दो पूर्व मुख्य सचिव विवेक ढांड और सुनील कुजूर भी शामिल हैं। ये स्थिति तब है जब इस मामले में पूर्व मुख्य सचिव अजय सिंह की कमेटी ने जांच करके अनियमितताओं की जानकारी देते हुए रिपोर्ट सरकार को सौंपी थी, जिसके आधार पर आगे जांच होनी थी, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई।विभागीय जिम्मेदारों का तर्क कि तब तक मामला कोर्ट में चला गया था, इसके कारण विभागीय कार्रवाई नहीं हो पाई और सभी आरोपितों को सेवानिवृत्ति के बाद नो ड्यूज प्रमाणपत्र व पेंशन दे दी गई। अब हाईकोर्ट ने रोक हटाते हुए सीबीआइ को 15 दिनों के भीतर सोसायटियों से जुड़े दस्तावेज जब्त करने और दर्ज एफआइआर पर कार्रवाई तेज करने का आदेश दिया है। जानकारों का कहना है कि जांच में दोष सिद्ध होने पर सेवानिवृत्त अधिकारियों की पेंशन रोकने और नुकसान की वसूली करना सरकार के लिए चुनौती होगी।

ये अधिकारी हैं एनजीओ घोटाले के आरोपी:वर्ष 2004 में हुए एनजीओ घोटाले में पूर्व मुख्य सचिव विवेक ढांढ, आइएएस एमके राउत, डा.आलोक शुक्ला, सुनील कुजूर, बीएल अग्रवाल समेत 11 वरिष्ठ आइएएस और राज्य सेवा अधिकारी शामिल हैं। राज्य स्तर के अधिकारियों में सतीश पांडेय,पीपी श्रोती के साथ राजेश तिवारी, अशोक तिवारी, हरमन खलखो, एमएल पांडेय और पंकज वर्मा पर आरोप हैं। बता दें कि मामला सामने आने के बाद पूर्व मुख्य सचिव विवेक ढांड और एमके राउत ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर खुद को जिम्मेदारी से अलग बताया था, जिसके बाद जांच पर रोक लग गई थी। लेकिन पिछले दिनों शीर्ष अदालत ने मामला हाईकोर्ट को वापस भेज दिया। हाईकोर्ट ने सीबीआइ को पुरानी एफआइआर पर जांच कर रिपोर्ट सौंपने को कहा है। अब सीबीआइ जल्द ही इन अफसरों पर शिंकजा कस सकता है

पड़ताल में पाया कि घोटाले में शामिल सतीश पांडेय वर्तमान में नवा रायपुर स्थित पंडित दीनदयाल उपाध्याय हैल्थ साइंस एंड आयुष विश्व विद्यालय में संविदा में डिप्टी रजिस्ट्रार के पद पर सेवाएं दे रहे हैं। छह महीने पहले ही उन्होंने विवि ज्वाइन दी है। पांडेय फाइनेंस सर्विस वाले राज्य प्रशासनिक सेवा के अधिकारी रहे है। एनजीओ घोटाले के समय वे उपसचिव वित्त के पद पर कार्यरत थे।

मंत्रियों तक ने नहीं की कोई कार्रवाई:पूर्व मुख्य सचिव अजय सिंह की कमेटी ने इस पूरे घोटाले को उजागर किया था लेकिन आइएएस के साथ तत्कालीन महिला एवं बाल विकास मंत्री रेणुका सिंह भी जांच के घेरे में आ गई। इसलिए मामला ठंडे बस्ते में चला गया। इसके बाद लता उसेंडी,रमशिला साहू और पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार में महिला एवं बाल विकास विभाग की मंत्री रही अनिला भेड़िया और वर्तमान मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े तक ने आरोपित पूर्व आइएएस अधिकारियों समेत अन्य पर कोई कार्रवाई नहीं की। जानकारों का कहना है कि यदि कोर्ट में यह मामला था और एफआइआर भी दर्ज था तो आरोपित बनाए गए अफसरों का पेंशन का क्लेम बनना नहीं चाहिए था,इसकी जांच होनी चाहिए।यह मामला कोर्ट में लंबित था और वर्तमान में क्या स्थिति है,इसकी जानकारी लेने के बाद ही कुछ कह पाउंगी (लक्ष्मी राजवाड़े, मंत्री,महिला एवं बाल विकास विभाग।)

एनजीओ घोटाले में किसी भी जिम्मेदार अफसरों पर कोई कार्रवाई इसलिए नहीं हुई कि ये खुद मालिक और नौकर थे।मेरे कार्यकाल में मामला कोर्ट में चल रहा था,इसलिए मैं क्या कर सकती थी।-(अनिला भेड़िया, पूर्व मंत्री,महिला एवं बाल विकास विभाग)

रायपुर में बंदूक की नोक पर सराफा व्यापारी से लूट, हाथ-पैर बांधकर 86 किलो चांदी के जेवरात ले गए बदमाश

रायपुर में बंदूक की नोक पर सराफा व्यापारी से लूट, हाथ-पैर बांधकर 86 किलो चांदी के जेवरात ले गए बदमाश

रायपुर। राजधानी में अपराधियों ने एक बड़ी वारदात को अंजाम देते हुए सराफा व्यापारी से करीब 86 किलो चांदी के आभूषण लूट लिए। घटना सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र के सदर बाजार इलाके की है। बदमाशों ने व्यापारी को गन प्वॉइंट पर बंधक बनाया, उसके हाथ-पैर बांध दिए और बेहोश करने के लिए संदिग्ध वस्तु सुंघा दी। इसके बाद ज्वेलरी शॉप से भारी मात्रा में चांदी लूटकर फरार हो गए।

शिवा ट्रेडर्स के मालिक को बनाया निशाना:पुलिस के मुताबिक, पीड़ित व्यापारी का नाम राहुल गोयल है और उनकी दुकान शिवा ट्रेडर्स ज्वेलर्स के नाम से संचालित होती है। बताया जा रहा है कि सुबह करीब 4 बजे अज्ञात बदमाश दुकान पर पहुंचे और हथियार के बल पर गेट खुलवाया। इसके बाद व्यापारी को बेहोश कर डकैती को अंजाम दिया।

CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस:वारदात की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। आसपास के इलाकों में लगे CCTV फुटेज खंगाले जा रहे हैं, ताकि आरोपियों की पहचान की जा सके। पुलिस ने अज्ञात बदमाशों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और जल्द गिरफ्तारी का दावा किया है।

रायपुर गुरु घासीदास बाबा के आदर्शों पर चलकर बनाएंगे विकसित छत्तीसगढ़ : मुख्यमंत्री साय

संवाददाता मोनेन्द्र कुमार व्यवहार की रिपोर्ट रायपुर : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय आज रायपुर जिले के आरंग तहसील अंतर्गत भंडारपुरी धाम में आयोजित गुरु दर्शन एवं संत समागम मेला में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने 162 करोड़ रुपए से अधिक की लागत वाले 16 विकास कार्यों का भूमिपूजन किया, जिनमें नवीन सड़क निर्माण, चौड़ीकरण और मजबूतीकरण के कार्य शामिल हैं। मुख्यमंत्री श्री साय ने मेला स्थल पर डोम निर्माण, तेलासी-भंडारपुरी मार्ग में स्ट्रीट लाइट लगवाने तथा कुटेसर प्राथमिक विद्यालय को माध्यमिक विद्यालय में उन्नयन किए जाने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि यदि समाज से पाँच युवा पायलट बनना चाहें तो उनका पूरा खर्च सरकार वहन करेगी और उन्हें पायलट बनाया जाएगा।

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने सर्वप्रथम गुरु गद्दी का दर्शन कर प्रदेश की जनता की खुशहाली के लिए आशीर्वाद लिया। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि बाबा गुरु घासीदास के आदर्शों पर चलकर हमें विकसित छत्तीसगढ़ का निर्माण करना है। उनके आदर्शों में मानवता और समानता की सीख निहित है। गुरु बाबा ने समाज को एकजुट होने का संदेश दिया, जिसके परिणामस्वरूप सतनामी समाज आज प्रगति और सौहार्द की दिशा में अग्रसर है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि मेरा सौभाग्य है कि पिछले वर्ष भी मुझे मुख्यमंत्री के रूप में इस मेले में शामिल होने का अवसर मिला। लेकिन इस वर्ष और पिछले वर्ष में बड़ा अंतर आया है। पिछले वर्ष जब मैं यहां आया था तब आपके समाज के गुरु श्री खुशवंत साहेब विधायक थे, अब वे मंत्री बने हैं। उन्हें अनुसूचित जाति और जनजाति के विकास तथा युवाओं को कौशल प्रशिक्षण देकर रोजगार से जोड़ने की बड़ी जिम्मेदारी मिली है। आपके समाज के गौरव से हमें अपार उम्मीदें हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के हर क्षेत्र का विकास तेजी से हो रहा है। देश के यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने छत्तीसगढ़ की तीन करोड़ जनता से जो भी वादे किए थे, उन्हें हम ‘मोदी की गारंटी’ के रूप में पूरा कर रहे हैं। अब तक नौ हजार से अधिक सरकारी भर्तियाँ पूरी हो चुकी हैं और हाल ही में शिक्षा विभाग में पाँच हजार पदों की भर्ती प्रक्रिया शुरू हुई है। उन्होंने कहा कि शासन के प्रत्येक कार्य में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से सुशासन एवं अभिसरण विभाग का गठन किया गया है। ऐसा करने वाला छत्तीसगढ़ देश का पहला राज्य है। हमारी सरकार भ्रष्टाचार मुक्त शासन के लिए संकल्पित है। मुख्यमंत्री ने कहा कि भ्रष्टाचार करने वाला चाहे कितना भी बड़ा व्यक्ति क्यों न हो, उसे बख्शा नहीं जाएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि डॉ. रमन सिंह के कार्यकाल में अनुसूचित जाति समाज के विकास हेतु प्राधिकरण का गठन किया गया था। वर्तमान सरकार ने उसके बजट को 50 करोड़ से बढ़ाकर 75 करोड़ कर दिया है। धर्मगुरु गुरु श्री बालदास साहेब ने कहा कि यह मेला सामाजिक सौहार्द और एकजुटता का प्रतीक है। उन्होंने समाज के गुरु खुशवंत साहेब को कैबिनेट मंत्री बनाने के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का आभार व्यक्त किया और कहा कि सतनामी समाज ही नहीं बल्कि पूरा प्रदेश आज विकास की राह पर अग्रसर है।

विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि कुतुब मीनार से भी ऊँचा जैतखाम छत्तीसगढ़ के गिरौदपुरी में है। यह किसी व्यक्ति की उपलब्धि नहीं बल्कि गुरु बाबा घासीदास की प्रेरणा का परिणाम है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने गरीबों के उत्थान और प्रदेश को आगे बढ़ाने का जो संकल्प लिया है, वह साकार हो रहा है। किसानों, महिलाओं, युवाओं और मजदूरों के हित में योजनाएँ बन रही हैं।

उपमुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने कहा कि आज 162 करोड़ रुपए से अधिक की लागत वाले 16 विकास कार्यों का भूमिपूजन हुआ है, जो आरंग विधानसभा के विकास की दिशा में ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ महतारी की गोद में अनेक संत-महात्मा और तपस्वी जन्मे हैं। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में ‘हमने बनाया है, हम ही संवारेंगे’ का संकल्प लेकर सरकार आगे बढ़ रही है। प्रदेश की सड़कों के विकास के लिए 700 से अधिक टेंडर जारी किए गए हैं और बरसात के बाद प्रदेश की सड़कें नए स्वरूप में नजर आएँगी।

मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि यह मेला गुरु घासीदास बाबा के पुत्र गुरु श्री बालकदास साहेब के गद्दीनशीन होने की स्मृति में प्रतिवर्ष आयोजित होता है। यह सतनाम धर्म के आदर्शों का प्रतीक है। आज ही के दिन गुरु श्री बालकदास जी ने राजगद्दी स्वीकार कर भंडारपुरी की पावन भूमि को अपनी कर्मभूमि बनाया था।

इस अवसर पर राजागुरु, धर्मगुरु गुरु श्री बालदास साहेब, बाबा गुरु श्री ढालदास साहेब, गुरु श्री मकसूदन साहेब, गुरु श्री सोमेश बाबा, गुरु श्री सौरभ साहेब, सांसद श्री कमलेश जांगड़े, सीएसआईडीसी के अध्यक्ष श्री राजीव अग्रवाल, अपेक्स बैंक के अध्यक्ष श्री केदार गुप्ता, जिला पंचायत रायपुर के अध्यक्ष श्री नवीन अग्रवाल, विधायक श्री डोमन लाल कोर्सेवाड़ा, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष श्री गौरीशंकर अग्रवाल, श्रीमती मोना सेन, श्री अमित चिमनानी, श्री श्याम नारंग, श्री नवीन मार्कण्डेय सहित समाज के संतजन एवं बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।

छत्तीसगढ़ के सरकंडा में महिला मकान में चला रही थी OYO Hotel, संदिग्ध गतिविधियों से परेशान पड़ोसियों ने की शिकायत

 

छत्तीसगढ़ सरकंडा के बहतराई रोड स्थित एक मकान में ओयो होटल का संचालन किया जा रहा था, जिसके खिलाफ नगर निगम ने कार्रवाई की है। इसमे आवासीय परिसर का व्यवसायिक उपयोग करने का आरोप लगाते हुए मकान को सील कर दिया गया है। मालूम हो कि मोहल्लेवासियों ने भी इसकी शिकायत जिला प्रशासन व नगर निगम से की थी, जिसमे बताया गया था कि इस मकान में ओयो होटल के आड़ संदिग्ध गतिविधियों का संचालन हो रहा है।

जानकारी के अनुसार इस मकान में ओयो होटल का संचालन गायत्री केडिया नाम की महिला कर रही थी, जिससे आसपास के रहवासियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था, लोगों का कहना था कि यहां रोजाना संदिग्ध लोग पहुंचते है और संदिग्ध गतिविधियों को अंजाम देते है, यह सिलसिला सुबह से शुरू होकर देर रात तक चलता रहता है। कई बार इसे होट को बंद कराने की कोशिश की गई, लेकिन संचालन करने वाली महिला नहीं मानी।

ऐसे में अंत में मोहल्लेवासियों को शिकायत करने के लिए बाध्य होना पड़ा। इधर नगर निगम ने मिली शिकायत के बाद जांच किया तो पता चला कि यह तो आवासीय मकान है, इसमे किसी भी स्थिति में होटल नहीं खोला जा सकता है। वहीं गुरुवार को नगर निगम की अतिक्रमण विरोधी दस्ता के प्रभारी प्रमिल शर्मा और शिव जायसवाल अपनी टीम के साथ उक्त मकान पर पहुंच गए, जहां जांच में ओयो होटल का संचालन करते हुए संबंधित को पाया गया। इसके बाद टीम ने तत्काल मकान को सील करने की कार्रवाई की। जहां साफ किया गया कि आवासीय में व्यवासियक गतिविधि नहीं किया जा सकता है।

त्रस्त थे मोहल्लेवासी, जगह-जगह चिपकाया पोस्टर:बताया जा रहा है कि इस अवैध ओयो होटल से मोहल्लेवासी त्रस्त हो गए थे। बार-बार कहने के बाद भी इस होटल का संचालन को बंद नहीं किया जा रहा था। त्रस्त होकर ही मोहल्लेवासियों ने ओयो होटल बंद करो का पाम्पेल्ट छपवाकर जगह-जगह चस्पा कर दिया। इसके बाद भी होटल संचालक महिला को इसका कोई भी असर नहीं हो रहा था, लेकिन मोहल्ले वालों की यह युक्ति काम आई और इसी के बाद प्रशासन स्तर पर रहवासियों की शिकायत को गंभीरता से लिया और इसी के बाद सील करने की कार्रवाई की गई है।

शहर के कई मोहल्लों में ओयो होटल का संचालन बेखौफ किया जा रहा है, जबकि यह भी आवासीय क्षेत्र में आता है, जिसका उपयोग व्यवसायिक रूप से नहीं किया जा सकता है।इसके बाद भी नियम विरुद्व ओयो होटल का संचालन किया जा रहा है। जिससे मोहल्लेवासी त्रस्त चल रहे है और क्षेत्र का माहौल खराब हो रहा है।

सरकंडा के बहतराई रोड स्थित एक मकान में ओयो होटल चलाया जा रहा था, आवासीय में व्यवसायिक गतिविधि नहीं किया जा सकता है। जिसकी शिकायत भी बार-बार मिल रही थी, ऐसे में इस होटल को सील करने की कार्रवाई की गई है। –प्रमिल शर्मा, प्रभारी, अतिक्रमण विरोधी दस्ता

CG Ration Card: रायपुर में 19,574 फर्जी राशन कार्ड, दुर्ग 18,112 के साथ दूसरे नंबर पर

CG Ration Card: रायपुर में 19,574 फर्जी राशन कार्ड, दुर्ग 18,112 के साथ दूसरे नंबर पर

छत्तीसगढ़ में राशन कार्डों का बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। इसमें रायपुर राजधानी 19,574 फर्जी राशन कार्ड के साथ पहले और दुर्ग 18,112 के साथ दूसरे नंबर पर है। वन नेशन वन राशन कार्ड योजना के तहत तैयार आंकड़ों की जांच में पता चला कि 46 लाख से अधिक सदस्य संदिग्ध हैं।

इनमें बड़ी संख्या ऐसे परिवारों की है, जिन्होंने डुप्लीकेट आधार कार्ड, मृत व्यक्तियों के नाम और फर्जी दस्तावेजों से राशन कार्ड में सदस्य जोड़ रखे थे। खाद्य विभाग की ओर से शुरू किए गए भौतिक सत्यापन अभियान में अब तक 1 लाख 93 हजार 67 फर्जी सदस्य चिन्हांकित कर उनके नाम काट दिए गए हैं। विभाग का मानना है कि यह कार्रवाई राशन वितरण प्रणाली को पारदर्शी बनाने और फर्जीवाड़ा रोकने के लिए बेहद अहम है।

जिलावार तस्वीर, रायपुर टॉप पर

रायपुर में सबसे ज्यादा में 19,574 फर्जी सदस्य उजागर हुए हैं। दुर्ग में 18,112, जांजगीर-चांपा में 17,529, राजनांदगांव में 17,327 और कोरबा में 16,064 भी गड़बड़ी वाले शीर्ष जिलों में शामिल हैं।

सरगुजा में 15,626, बलौदाबाजार में 13,833, महासमुंद में 13,308, धमतरी में 10,937 और कवर्धा में 9,987 में भी बड़ी संख्या में नाम हटाए गए। दूसरी ओर गरियाबंद में 7,027 और कांकेर में 7,669 ऐसे जिले रहे, जहां अपेक्षाकृत कम फर्जी सदस्य मिले। जशपुर में 9,727, बालोद 8,925 और बेमेतरा 8,641 में भी गड़बड़ी सामने आई।

सबसे ज्यादा फर्जी सदस्य

रायपुर -19,574

दुर्ग – 18,112

जांजगीर-चांपा – 17,529

राजनांदगांव -17,327

कोरबा -16,064

अभी और हटेंगे 53 हजार नाम: जांच टीम के मुताबिक अभी करीब 53 हजार संदिग्ध सदस्यों की जांच बाकी है। इनमें मृतक, पलायन कर चुके लोग और फर्जी दस्तावेजों से जुड़े सदस्य शामिल हैं। इनके सत्यापन के बाद नाम निरस्त कर दिए जाएंगे।

सबसे कम फर्जी सदस्य

गरियाबंद -7,027

कांकेर -7,669

बेमेतरा -8,641

बालोद -8,925

जशपुर -9,727

कैसे हो रही जांच: खाद्य विभाग ने सभी जिलों को निर्देश दिया है कि जिन परिवारों का ई-केवाईसी पूरा नहीं हुआ है, उनका घर-घर भौतिक सत्यापन कराया जाए। इसके लिए पटवारी, पंचायत सचिव, ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी और आशा कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी दी गई है। यदि कोई सदस्य गलत या अपात्र पाया जाता है तो उसका नाम तत्काल हटाया जा रहा है। विभाग का लक्ष्य है कि 31 अक्टूबर तक सभी जिलों का सत्यापन पूरा कर लिया जाए। रायपुर में 19 हजार से ज्यादा सदस्य के नाम काटे गए हैं। विभाग गंभीरता से लेकर अभियान चला रहा है। हमारा लक्ष्य है कि 31 अक्टूबर तक सत्यापन पूरा करना है। –भूपेंद्र मिश्रा, नियंत्रक, रायपुर

रायपुर ईमानदारी की मिसाल डॉ. हेमंत खटकर ने सड़क पर मिला सामान पुलिस को सौपा।

रायपुर ईमानदारी की मिसाल डॉ. हेमंत खटकर ने सड़क पर मिला सामान पुलिस को सौपा।

रायपुर-एक प्रेरणादायक उदाहरण पेश करते हुए डॉ. हेमंत खटकर सहायक अध्यापक ने अपने आवश्यक काम के लिए विश्वविद्यालय से बाहर जा रहे थे तो देखा कि चार कार्टून सामान सड़क पर लावारिस पड़ा है, जिसमें ल्यूमिनस सोलर एनएक्सटी 130 एमआरपी 7400 रुपये लिखा है, इसका मूल्य 26900 होगा। आसपास पता करने पर सामान के मालिक का कुछ पता नहीं चला तो नेट में सर्च कर थाना आमानाका को फोन किया तब पक्ष थाना आमानाका के द्वारा 112 गाड़ी में तैनात जवान का मोबाइल नंबर उपलब्ध कराया, 112 वाहन में आए पुलिस के जवान अनिल चंद्राकर को डॉ. हेमंत खटकर ने अपनी जिम्मेदारी का परिचय देते हुए सामान को सुपुर्द किया। पुलिस ने सामान को कब्जे में लेकर आवश्यक कार्यवाही हेतु खाने में जमा कर दिया।

112 प्रभारी अनिल चंद्राकर ने डॉ. खटकर की सतर्कता और ईमानदारी की सराहना करते हुए कहा ऐसे जागरूक नागरिक ही समाज को सुरक्षित और बेहतर बनाते हैं। डॉ. साहब ने जो कार्य किया है वह सभी के लिए प्रेरणादायक है, डॉ.खटकर का यह कदम दर्शाता है कि समाज में आज भी सजग, जिम्मेदार और ईमानदार नागरिक मौजूद है, जो दूसरों को भलाई के लिए हमेशा तत्पर रहते हैं।

CG OD महाभारत कालीन शिशुपाल से लेकर सिरपुर के नागार्जुन की तपस्या भैना राजाओं की वीरगाथा तक सरायपाली शिशुपाल पर्वत आस्था, इतिहास और रहस्यों का खजाना

CG OD महाभारत कालीन शिशुपाल से लेकर सिरपुर के नागार्जुन की तपस्या भैना राजाओं की वीरगाथा तक सरायपाली शिशुपाल पर्वत आस्था, इतिहास और रहस्यों का खजाना

छत्तीसग़ढ में ओड़िसा सीमा पर स्थित सरायपाली से 30 किमी दूर शिशुपाल पर्वत युवाओं के बीच पसंदीदा पिकनिक स्पॉट बनता जा रहा है….!इस शिशुपाल पर्वत का संबंध महाभारत काल से जोड़ते हैं तो कुछ लोग भैना राजा से जोड़ते है, पर्वत का इतिहास जो हो लेकिन यह क्षेत्र निश्चित ही एक अच्छे पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जा सकता है।लोक मान्यता यह भी है कि छग,कृष्ण, महाभारत का नाता यहां भी जुड़ता है…पौराणिक मान्यताओं अनुसार महाभारत काल मे सिरपुर का प्राचीननाम चित्रांगदपुर, मणिपुर था।इसी मणिपुर में महाभारत कालीन चेदिवंश के राजा शिशुपाल का राज था जिसका विवाह विदर्भ के राजा रुक्म की बहन रुक्मणि से हुआ था किंतु श्रीकृष्ण के रुक्मणि को भगा ले जाने के कारण के कारण शिशुपाल का युद्ध श्रीकृष्ण से हुआ था। इसी स्थान पर शिशुपाल पर्वत है जो सिरपुर से कुछ दूरी पर सरायपाली के समीप स्थित है, यात्री व्हेनसांग के वृतांत में लिखा है- दक्षिण कोसल की राजधानी से कुछ दूरी पर एक नरम पत्थर से बना पर्वत था। पर्वत को काट कर एक 5 मंजिला गुफा बनाई गई थी,बौद्ध दार्शनिक नागार्जुन यहीं निवास करते थे।

पर्वत भवन का निचला कक्ष आम जनता के लिए, ऊपरी तल बौद्ध भिक्षुओं के लिए,सबसे ऊपरी तल पर नागार्जुन का निवास था।कहा जाता है, नागार्जुन ने श्रीपर्वत में 12 वर्षो तक तपस्या की थी। व्हेनसांग ने इस पर्वत का नाम “पो-लो- मो-लो-की-ली” लिखा है। कुछ इतिहासकारों द्वारा “पो लो मो लो की ली” का उल्लेख बस्तर के अभि लेखों में वर्णित भ्रमरकोट मण्डल से मानते हैँ उनके अनुसार पर्वत बस्तर के समीप कोरापुट में काला हाण्डी तथा बस्तर की सीमा पर स्थित है।

 

सरायपाली के समीप शिशुपाल पर्वत में स्थित गुफाओं में भी कुछ समानताएं मिलती हैं।भौगोल शास्त्रियोँ के मतानुसार सरायपाली क्षेत्र में स्थित पर्वत बस्तर पर्वतमाला का ही प्रसार है जो केसकाल, नगरी,गरियाबंद छुरा, फिंगेश्वर, बागबाहरा से पिथौरा- सरायपाली तक फैला है। शिशुपाल पर्वत ही संभवतः नागार्जुन निवास स्थान हो सकता है। जन मान्यता के अनुसार इस पर्वत का इति हास भैना राजाओं के शौर्य को दर्शाता है,पहले पर्वत, राजाओं- सैनिकों के लिए एक अभेद्य किला था।किले में राजा-सैनिक गुप्त सुरंगों में रहा करते थे। अंग्रेजों के काल में जब राजा-अंग्रेजों के बीच युद्ध हुआ,राजा वीरगति को प्राप्त हुए। बाद में राजा की 7 रानियों ने लाज बचाने 1 हजार फीट ऊंचाई सेघोड़े पर आँखों में पट्टी बांधकर छलांग लगा दिया,इसी वजह से इस जगह का नाम घोड़ाधार झरना पड़ा, शिशुपाल पर्वत में एक प्राचीन शिव मंदिर हैं,शिव समर्पित इस मंदिर के बाहर मकर संक्रांति पर विशाल मेला लगता है, हजारों की संख्या मेंश्रृद्धालु यहां आते हैं।कहते हैं इस सूर्यमुखी मंदिर में पहले हनुमान सिक्का जड़ा हुआ था जिसे बहुत शक्तिशाली- प्रभावशाली माना जाता था। लेकिन अब यहसिक्का गायब है।

यहां एक बहुत लंबी सुरंग है,नदी की रेत ने अब इस सुरंग का मार्ग अव रुद्ध कर दिया है, लेकिन स्थानीय निवासी बताते हैं कि सुरंग के भीतर अब भी राजा के अस्त्र-शस्त्र पड़ेहुए हैं,पर्वत में बहुत सी आयु र्वेदिक जड़ी-बूटियां मिलती हैं। शतावर,अश्वगंधा ज्यादा संख्या में हैंं।शिशुपाल पर्वत को पर्यटक स्थल के रूप में विकसित किये जाने की जरूरत है, पूर्व सीएमभूपेश बघेल ने तो पर्यटक स्थल घोषित कर दिया था।

महासमुंद/सांकरा शराबखोरी पर पुलिस की कार्रवाई, सांकरा में बुजुर्ग आरोपी गिरफ्तार

महासमुंद/सांकरा शराबखोरी पर पुलिस की कार्रवाई, सांकरा में बुजुर्ग आरोपी गिरफ्तार

 

महासमुंद/सांकरा।थाना सांकरा पुलिस ने 03 अक्टूबर 2025 को देर शाम टाउन पेट्रोलिंग के दौरान अंग्रेजी शराब दुकान के पास शराबखोरी पर बड़ी कार्रवाई की।प्रधान आरक्षक की टीम को मुखबिर से सूचना मिली थी कि ग्राम सांकरा में एक व्यक्ति आम लोगों को शराब पिलाने की व्यवस्था कर रहा है। सूचना पर परसवानी चौक के समीप कार्रवाई करते हुए पुलिस ने मौके पर दबिश दी। पुलिस को देखकर शराब पी रहे लोग भाग निकले, लेकिन शराब पिलाने वाला रामसिंह पिता समुंद राम (65 वर्ष), निवासी ग्राम सांकरा पुलिस के हत्थे चढ़ गया।

पुलिस ने उसके कब्जे से:03 नग खाली शीशी (अंग्रेजी शराब की गंधयुक्त),04 नग डिस्पोजल गिलास (शराब की गंधयुक्त),05 नग पानी पाउच की खाली झिल्ली बरामद कर पंचनामा गवाहों के समक्ष जब्त किया।आरोपी का कृत्य धारा 36(C) आबकारी एक्ट के तहत अपराध पाते हुए उसे गिरफ्तार किया गया। बाद में सक्षम जमानतदार पेश करने पर उसे जमानत मुचलका पर रिहा कर दिया गया।

महासमुंद/बसना सड़क हादसे में पिता घायल बेटे ने दर्ज कराई रिपोर्ट, घरेलू विवाद में महिला पर हमला रिपोर्ट दर्ज– बसना व भंवरपुर क्षेत्र की दो बड़ी घटनाएं

महासमुंद/बसना सड़क हादसे में पिता घायल बेटे ने दर्ज करवाई रिपोर्ट, घरेलू विवाद में महिला पर हमला रिपोर्ट दर्ज– बसना व भंवरपुर क्षेत्र की दो बड़ी घटनाएंपहला मामला सड़क हादसे में पिता गंभीर रूप से घायल, बेटे ने दर्ज कराई रिपोर्ट महासमुंद/बसना।ग्राम बोईरडीह निवासी आकाश प्रधान ने थाना पहुंचकर अपने पिता हेमराज प्रधान के सड़क हादसे में घायल होने की रिपोर्ट दर्ज कराई है। रिपोर्ट के अनुसार 07 अगस्त 2025 की रात करीब 8.20 बजे हेमराज प्रधान अपनी मोटरसाइकिल स्प्लेंडर (क्रमांक CG06GD2204) से जगदीशपुर से लौट रहे थे। तभी सावित्री राइस मील के पास ट्रक (क्रमांक CG06GZ9688) को चालक ने लापरवाहीपूर्वक बिना इंडिकेटर दिये खड़ा कर दिया था। इसी बीच सामने से आ रही चार पहिया वाहन की तेज रोशनी की वजह से मोटरसाइकिल चालक ट्रक से टकरा गया।

हादसे में हेमराज प्रधान को सिर व पैर में गंभीर चोटें आईं। उन्हें पहले अग्रवाल अस्पताल बसना ले जाया गया, जहां से रायपुर के वी. वाय. अस्पताल और बाद में एमएमआई अस्पताल में भर्ती कराया गया। लंबे इलाज के बाद भी उनकी तबीयत में सुधार नहीं हुआ। घटना को आकाश प्रधान, कुबेर प्रधान और कुशाग्र प्रधान ने देखा। प्रकरण में पुलिस ने 122-MOT, 177-MOT, 125(ए)-BNS, 281-BNS के तहत अपराध दर्ज किया है।

दूसरा मामला 👉भंवरपुर क्षेत्र के ग्राम कलमीदादर में घरेलू विवाद ने लिया हिंसक रूप, महिला पर डंडे से हमला महासमुंद/भंवरपुर।चौकी भंवरपुर क्षेत्र के ग्राम कलमीदादर में पारिवारिक विवाद मारपीट में बदल गया। 75 वर्षीय गहकमोति सागर ने पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई है कि 2 अक्टूबर 2025 को शाम 4.30 बजे उनके देवर शौकीलाल सागर ने गाली-गलौज कर उन पर हमला कर दिया।

महिला के अनुसार सुबह झाड़ी काटने के दौरान भी उनका विवाद हुआ था। शाम को जब वह घर के आंगन में थीं, तभी देवर वहां पहुंचा और गाली देते हुए हाथ में रखे बांस के डंडे से उनके बाएं पैर में मारकर चोट पहुंचाई। साथ ही जान से मारने की धमकी भी दी। घटना की गवाह उनकी बहू गुलाबी सागर बताई गई है। रिपोर्ट दर्ज कर पुलिस ने 115(2)-BNS, 296-BNS और 351(2)-BNS के तहत मामला कायम कर लिया है।

CG : नवजात शिशुओं के लिए विशेष परामर्श शिविर, ओम हॉस्पिटल सरायपाली में 7 अक्टूबर को

CG : नवजात शिशुओं के लिए विशेष परामर्श शिविर, ओम हॉस्पिटल सरायपाली में 7 अक्टूबर को

सरायपाली।
नवजात शिशुओं के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए ओम हॉस्पिटल सरायपाली में शिशु रोग विभाग की ओर से एक दिवसीय विशेष परामर्श शिविर आयोजित किया जा रहा है। यह शिविर आगामी 7 अक्टूबर 2025, मंगलवार को सुबह 11 बजे से होगा। संपर्क हेतु :
फोन – 07725-299360
मोबाइल – 83700-08558

इस अवसर पर शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. राम प्रकाश साहू (MBBS, DNB, Paediatrics, PGPN) उपलब्ध रहेंगे और अभिभावकों को शिशुओं की बीमारियों के संबंध में सही सलाह और बेहतर उपचार देंगे।

किन लक्षणों पर तुरंत डॉक्टर से परामर्श लें?

बुखार, सर्दी-जुकाम

रोने के तरीके में बदलाव

कम रोना या सामान्य से अधिक रोना

भूख कम लगना

दूध पीने की इच्छा न होना

सांस लेने में तकलीफ

असामान्य मल प्रक्रिया

निमोनिया या खून की कमी

डॉक्टरों का कहना है कि यदि इनमें से कोई भी लक्षण दिखाई दें तो माता-पिता को लापरवाही नहीं करनी चाहिए और तुरंत विशेषज्ञ से परामर्श लेना चाहिए।

मरीजों के लिए विशेष सुविधा

आयुष्मान कार्ड, राशन कार्ड और इंश्योरेंस से इलाज की सुविधा उपलब्ध

बीपीएल कार्डधारकों को निःशुल्क उपचार

प्रत्येक गुरुवार को निःशुल्क परामर्श की व्यवस्था

अस्पताल का पता व संपर्क

यह शिविर ओम हॉस्पिटल, सरायपाली (स्व. राजा वीरेंद्र बहादुर सिंह शासकीय महाविद्यालय के पास, नेशनल हाईवे, महासमुंद, छत्तीसगढ़) में आयोजित होगा।