CG Loksabha Election 2024: ईवीएम के विश्ववसनीयता पर संदेह निराधार, सुरक्षा मानकों से चलती है EVM
अतिरिक्त मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी निलेशकुमार महादेव क्षीरसागर ने एक दिवसीय उन्मुखीकरण और कार्यशाला शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने कहा कि अब ईवीएम को लेकर कोई संदेह नहीं है। इस पर उठने वाली शंकाएं निराधार है। इसके संचालन के लिए निश्चित प्रोटोकॉल का पालन किया जाता है, जो पूर्ण रूप से पारदर्शी प्रक्रिया के तहत होता है।
पत्रकार निर्वाचन के दौरान अन्य विभागों के साथ ही अति आवश्यक सेवा में होते हैं। ऐसे में मतदाता के तौर पर कर्तव्य पूरा करने के लिए डाक मतपत्र की सुविधा दी गई है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी रीना बाबासाहेब कंगाले के निर्देश पर रायपुर के नवीन विश्राम भवन में आयोजित मीडिया कार्यशाला में निर्वाचन संबंधी विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी गई। इलेक्शन मशीनरी और इसमें लगे अधिकारियों-कर्मचारियों की विशेषज्ञता और निष्पक्षता संदेह से परे है।
इस दौरान सभी को भारत निर्वाचन आयोग के पोर्टल्स और मोबाइल एप की जानकारी दी। सहायक मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी शारदा अग्रवाल ने पेड न्यूज, मीडिया मॉनिटरिंग सेल, मीडिया प्रमाणन और अनुवीक्षण समिति (एमसीएमसी) के कामों के बारे में बताया। इस दौरान सहायक मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी रूपेश वर्मा और
उप मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी यूएस अग्रवाल ने ईवीएम की कार्यप्रणाली का उल्लेख किया। उन्होंने इसकी सुरक्षा में बरती जाने वाली सावधानियां और पारदर्शी प्रणाली की जानकारी दी। कार्यशाला में राजधानी रायपुर के विभिन्न मीडिया संस्थानों के प्रतिनिधियों ने बड़ी संख्या में सहभागिता देकर विषय विशेषज्ञों से सवाल-जवाब के माध्यम से अपनी जिज्ञासाओं का समाधान किया।

अभियान चलाया जा रहा हैं। जिसमें 2 दिवसीय खेल गतिविधियां मिनी स्टेडियम महासमुंद में आयोजित किया गया। जिसमें विभिन्न गतिविधियां – 100मीटर दौड़, गोला फेंक, चम्मच दौड़, बोरा दौड़, फ्रंट रोल, लंगड़ी दौड़, कुर्सी दौड़ प्रतियोगिता आयोजित किया गया।
मानिकपुरी व खेल प्रशिक्षक उपस्थित रहे। प्रतियोगिता के परिणाम – कुर्सी दौड़ प्रतियोगिता में प्रथम स्थान नीरा देवांगन, द्वितीय सोनाली दिवान, तृतीय राधिका दिवान ने प्राप्त किया। बोरा दौड़ प्रतियोगिता बालिका में प्रथम स्थान सुरेखा ध्रुव, द्वितीय स्थान प्रीति सबर, तृतीय स्थान पूर्णिमा धीवर, बोरा दौड़ बालक में प्रथम स्थान डगेंद्र कुमार रात्रे, द्वितीय राजेंद्र पटेल, तृतीय स्थान आर्य राज, चम्मच दौड़ प्रथम स्थान भुनेश्वरी सोनकर, द्वितीय स्थान पदमिनी साहू, तृतीय स्थान प्रियांशु साहू, चम्मच दौड़
जो कई टुकड़ो टुकड़ो मे बटा हुवा है स्थानीय ग्रामीणों के मान्यता के अनुसार घटना महाभारत काल का है जहाँ ज़ब पांचो पांडव वनवास के दौरान इस क्षेत्र मे भ्रमण कर रहे थे ग्रामीण बताते है पहले यह इलाका घनघोर जंगल था जो अब जंगल खत्म होते जा रहा है
नागिन डोंगरी तक ले आया और फिर यही उस विशालकाय नागिन का सामना पांडवो से हुवा ग्रामीणों के मान्यताओ के अनुसार अर्जुन नकुल सहित बाकी पांडव विशालकाय नागिन को देखकर डर गए
सर को अब भी ग्रामीण पूजा करते आ रहे है ग्रामीणों के अनुसार नागिन डोंगरी मे ज़ब नागिन और भीम का युद्ध हुवा तो पठार भीम के पाँव और विशालकाय सर्प को घसीटने के निसान आज भी मौजूद है वही नागिन के सर को रखकर पूजा कर रहे है और मंदिर निर्माण का भी योजना चालू हैं