महासमुंद के बसना थाना अंतर्गत ग्राम जगदीशपुर नर्सिंग पुर मे सालो से लोगो को गुमराह कर एक फर्जी अनाथ आश्रम का संचालन किया जा रहा था यहां सालो से अन्य राज्य और आसपास के स्थानीय बच्चों को रखकर उनको अनाथ बताया जाता रहा और लोगो से खूब धन दौलत अनाथ बच्चे बताकर बच्चों के नाम से दान लेते रहे लेकिन ज़ब महाजनपद न्यूज़ ने इस मामले को प्रमुखता से उठाया तो कलेक्टर महोदय के संज्ञान मे आने के बाद इस मामले की जाँच सुरु हो गई जिला बाल संरक्षण विभाग द्वारा मामले की जाँच किया गया जिसमे बताया गया की यहां एक भी बच्चे अनाथ नहीं है वही संचालक अपने आपको बचाने के लिए अनाथ आश्रम को छात्रा वास कहकर गुमराह करने लगा है ज़ब की छात्रा वास से संबंधित भी यहां कोई कागज़त या रजिस्ट्रेशन नंबर नहीं पाया गया बताया जाता है की यहां एक दो दूध मुहे बच्चे थे जो कहा से आये थे अभी कहा है कोई लेखा जोखा नहीं है वही मामले मे बाल संरक्षण अधिकारी ने कहा जांच कर कार्य क्रम अधिकारी को भेज दिया गया है आचार सहिता के चलते कार्यवाही नहीं हो पा रही थी देखवाते है फ़ाइल कहा रुकी हुई है!



