सरायपाली : आबकारी द्वारा कार्यवाही राष्ट्रीय राजमार्ग पर ट्रक से 18.285 किलो गांजा बरामद, चालक गिरफ्तार
महासमुंद जिले में अवैध नशे के खिलाफ आबकारी विभाग द्वारा लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में रविवार को आबकारी विभाग की टीम ने राष्ट्रीय राजमार्ग-53 पर कार्रवाई करते हुए एक ट्रक से भारी मात्रा में गांजा बरामद किया है। मामले में ट्रक चालक को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि गांजा परिवहन में उपयोग किए जा रहे ट्रक को भी जब्त कर लिया गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार कलेक्टर विनय कुमार लंगेह तथा जिला आबकारी अधिकारी सुनील कुमार सूर्यवंशी के निर्देशन में जिले में अवैध मादक पदार्थों के विरुद्ध लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में आबकारी विभाग वृत्त सरायपाली की टीम ने ग्राम बैतारी के पास राष्ट्रीय राजमार्ग-53 पर जांच के दौरान उड़ीसा से आ रहे एक ट्रक को रोककर उसकी तलाशी ली।
तलाशी के दौरान ट्रक क्रमांक GJ12BT6491 अशोक लेलैंड 3418 के चालक इरफान अब्दुलभाई गौरी (40 वर्ष), निवासी गोंडल थाना गोंडल, जिला राजकोट (गुजरात) के कब्जे से 18.285 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया। आबकारी विभाग की टीम ने गांजे को जब्त करते हुए आरोपी चालक को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया
आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट 1985 की धारा 20 (बी)(ii)(सी) के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है। इसके बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। वहीं गांजा परिवहन में उपयोग किए जा रहे ट्रक GJ12BT6441 अशोक लेलैंड 3418 को भी जब्त कर लिया गया है।
आबकारी विभाग के अनुसार जब्त किए गए गांजे की अनुमानित कीमत लगभग 18 लाख रुपये बताई जा रही है, जबकि जब्त ट्रक का अनुमानित मूल्य करीब 25 लाख रुपये है। इस प्रकार कुल जब्त मशरूका का मूल्य लगभग 43 लाख रुपये आंका गया है।
इस पूरी कार्रवाई को आबकारी उपनिरीक्षक वृत्त सरायपाली मिर्जा जफर बेग के नेतृत्व में अंजाम दिया गया। कार्रवाई में आबकारी उपनिरीक्षक वृत्त सांकरा हृदय राम तिरपुड़े, आबकारी उपनिरीक्षक वृत्त पिथौरा नीरज कुमार साहू, आबकारी उपनिरीक्षक वृत्त महासमुंद ग्रामीण अनिल झारिया सहित अन्य आबकारी स्टाफ का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
आबकारी विभाग के अधिकारियों ने बताया कि जिले में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ लगातार सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। विभाग द्वारा सीमावर्ती क्षेत्रों और राष्ट्रीय राजमार्गों पर निगरानी बढ़ा दी गई है, ताकि नशे के अवैध कारोबार पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सके।



