CG -/ राजधानी के जगन्नाथ मंदिर में राष्ट्रपति ने की पूजा अर्चजा पुरन्दर मिश्रा ने की भेंट की हाथ करघा से निर्मित कोशा साड़ी भेंट
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू अपने 2 दिवसीय दौरे पर छत्तीसगढ़ में हैं। इस दौरान वे राजधानी रायपुर में स्थित जगन्नाथ छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री के भूपेश बघेल के साथ मंदिर में पहुंचीं। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने यहां पहुंचकर विशेष पूजा-अर्चना की। भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और सुभद्रा का आशीर्वाद लेने के बाद राष्ट्रपति रायपुर में आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों में शामिल हो रही हैं।

जगन्नाथ मंदिर में राष्ट्रपति ने की पूजा अर्चजा पुरन्दर मिश्रा ने की भेंट की हाथ करघा से निर्मित कोशा साड़ी भेंट की राज्यपाल ,बृजमोहन अग्रवाल , एजाज ढेबर ,अडिशनल चीफ सेक्रेटरी सुब्रत साहू विभिन्न समाज के प्रतिनिधियो ने भेंट की

बता दें कि पुरन्दर मिश्रा ने भाजपा से बसना विधानसभा सीट से दावेदारी भी पेस किए है सूत्रों से पता चलता है कि पुरन्दर मिश्रा का नाम पैनल लिस्ट में है और उनको टिकट मिलने के बहुत चान्स भी है ऐसा माना जा रहा है बता दें कि पुरन्दर मिश्रा पिछले 15 से 20 सालों से भाजपा से जुड़े है

रायपुर का जगन्नाथ मंदिर अपने आप में बहुत खास है। शहर के गायत्री नगर इलाके में स्थित जगन्नाथ मंदिर का निर्माण राज्य निर्माण के तीन वर्ष बाद 2003 में हुआ था। मंदिर का निर्माण पुरी के श्री जगन्नाथ मंदिर की तरह ही किया गया है। मंदिर का मुख्य ढांचा एक ऊंचे चबूतरे पर बनाया गया है।

मंदिर समिति के अधिकारियों के मुताबिक मंदिर निर्माण के बाद ओडिशा से नीम की लकड़ी से बनाई गई मूर्तियों को यहां लाया गया और पुरी के जगन्नाथ मंदिर के विद्वान आचार्यों ने विधिवत भगवान जगन्नाथ, भैया बलभद्र और बहन सुभद्रा की मूर्तियों की प्राणप्रतिष्ठा संपन्न कराई थी। उन्होंने बताया कि रथयात्रा उत्सव के दौरान मनमोहक श्रृंगार करने के लिए पुरी से ही पोशाक और गहने मंगवाए जाते हैं। पुरी मंदिर में जिस तरह से भगवान का श्रृंगार होता है, उसी तर्ज पर यहां भी श्रृंगार किया जाता है।

अधिकारियों ने बताया कि ओडिशा के पुरी स्थित मंदिर में जिस तरह तीन अलग-अलग रथ पर भगवान, उनके बड़े भैया और बहन को विराजित कर रथयात्रा निकाली जाती है, उसी तरह छत्तीसगढ़ का भी यह पहला मंदिर है, जहां तीन रथ पर यात्रा निकलती है।

राज्य के वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि मंदिर में पूजा-अर्चना के बाद राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, राज्यपाल विश्वभूषण हरिचंदन, मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और अन्य लोग विधानसभा मार्ग पर स्थित ब्रह्माकुमारी संस्थान के लिए रवाना हो गए। राष्ट्रपति यहां के शांति सरोवर रिट्रीट सेंटर में ‘सकारात्मक परिवर्तन का वर्ष’ कार्यक्रम में शामिल हुई हैं।

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री निभाते हैं छेरा-पहरा रस्म
भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा की शुरुआत करने छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री हर साल मंदिर पहुंचते हैं। सीएम यहां सोने के झाड़ू से छेरा पहरा रस्म निभाते हैं। इसके बाद ही जगन्नाथ रथयात्रा की विधिवत शुरुआत होती है।




