सरायपाली: राइस मिल और धान खरीदी करने वालों का कारनामा उजागर, डीओ धान को खपाया जा रहा था—यह हाल सिर्फ इसी समिति का नहीं बसना सरायपाली के कई समितियों का यही हाल
महासमुंद, 22 दिसम्बर 2025/ जिले में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी सतत रूप से जारी है, वहीं धान खरीदी में अनियमितता करने वालों के खिलाफ प्रशासन द्वारा सख्त कार्रवाई भी की जा रही है। अवैध परिवहन में संलिप्त लोगों के विरुद्ध एफआईआर का प्रकरण दर्ज किया गया है। कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह के निर्देश पर जिले में सर्वाधिक धान जप्ती के प्रकरण बनाए गए हैं।
गत 20 दिसम्बर को सरायपाली अंतर्गत धान उपार्जन केंद्र सिंगबहाल में धान परिवहन से संबंधित गंभीर अनियमितता पाई गई, जिसके विरुद्ध एफआईआर दर्ज की गई है।
खाद्य अधिकारी श्री अजय यादव ने बताया कि 20 दिसम्बर को शाम करीब 6 बजे सिंगबहाल धान उपार्जन केंद्र में धान की हेराफेरी की सूचना प्राप्त होने पर खाद्य निरीक्षक श्री अविनाश दुबे एवं तहसीलदार श्री श्रीधर पंडा मौके पर पहुंचे। वहां प्रभारी बुद्धिवंत प्रधान से डीओ, डीएम, राइस मिलर गेट पास एवं तौल पत्रक प्रस्तुत करने को कहा गया।
जांच के दौरान बुद्धिवंत प्रधान द्वारा प्रस्तुत दस्तावेजों के अनुसार डीओ में श्री भोलेनाथ इंडस्ट्रीज छुईपाली का 350 क्विंटल का डीओ तथा डीएम में कुल 875 बोरा धान, धान उपार्जन केंद्र सिंगबहाल से श्री भोलेनाथ इंडस्ट्रीज छुईपाली को जारी होना पाया गया। जबकि मौके पर ट्रक क्रमांक CG 06 HB 4361 में मात्र 500 बोरी धान लोड होना पाया गया।
इस अनियमितता में बुद्धिवंत प्रधान, हेमंत साहू, गिरजाशंकर भोई एवं आशीष अग्रवाल निवासी छुईपाली, थाना सिंघोड़ा, जिला महासमुंद (छ.ग.) की संलिप्तता पाई गई। जांच में यह भी स्पष्ट हुआ कि यह कृत्य शासन को आर्थिक हानि पहुंचाने की मंशा से किया गया।
तहसीलदार सरायपाली, खाद्य निरीक्षक सरायपाली एवं पर्यवेक्षक शाखा सरायपाली द्वारा प्रस्तुत जांच प्रतिवेदन के आधार पर संयुक्त जांच दल द्वारा सहकारी समिति मर्यादित सिंगबहाल के धान उपार्जन केंद्र सिंगबहाल से मिल श्री भोलेनाथ इंडस्ट्रीज छुईपाली को जारी डीओ एवं डीएम के आधार पर ट्रक में लोड किए गए धान तथा संबंधित दस्तावेजों, रजिस्टर एवं सीसीटीवी फुटेज की गहन जांच की गई।
जांच में यह तथ्य सामने आया कि बुद्धिवंत प्रधान, हेमंत साहू एवं गिरजाशंकर भोई द्वारा जानबूझकर तय डीएम की मात्रा से कम धान ट्रक में लोड किया गया और शासन को हानि पहुंचाई गई। साथ ही इस पूरे कृत्य में श्री भोलेनाथ इंडस्ट्रीज छुईपाली के संचालक श्री आशीष अग्रवाल की सक्रिय भूमिका पाई गई।
उक्त अनियमितता में सम्मिलित सभी दोषी व्यक्तियों के विरुद्ध संबंधित थाने में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है।



