महासमुंद/कलेक्टर श्री लंगेह ने जनगणना कार्य और राजस्व पखवाड़ा की तैयारियों की समीक्षा की राजस्व पखवाड़ा अंतर्गत गांव गांव में मुनादी के निर्देश
महासमुंद/ कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में जनगणना 2026 की तैयारियों के संबंध में जिले के सभी जनपद पंचायतों, तहसीलों एवं नगरीय निकायों के अधिकारियों की समीक्षा बैठक ली। बैठक में जनगणना कार्य के लिए आवश्यक तैयारियों की प्रगति तथा कर्मचारी एंट्री की स्थिति पर समीक्षा की गई। बैठक में अपर कलेक्टर श्री सचिन भूतड़ा राजस्व एवं सांख्यिकी विभाग के अधिकारी मौजूद थे। वीसी के माध्यम से जनपद सीईओ, तहसीलदार, नगरीय निकायों के अधिकारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
कलेक्टर श्री लंगेह ने कहा कि जनगणना कार्य राष्ट्रीय दायित्व है, इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनगणना के लिए नियुक्त किए जाने वाले प्रगणकों एवं पर्यवेक्षकों की जानकारी शीघ्रता से ऑनलाइन पोर्टल में दर्ज की जाए। कर्मचारी एंट्री का कार्य निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करना सुनिश्चित करें, ताकि आगे की प्रक्रिया समय पर संचालित की जा सके। उन्होंने कहा कि सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें और जनगणना से जुड़े सभी डेटा की शुद्धता एवं पारदर्शिता बनाए रखें। कलेक्टर ने कहा कि जिन कार्यालयों में कर्मचारी एंट्री का कार्य लंबित है, वे इसे प्राथमिकता से पूर्ण करें एवं प्रतिदिन प्रगति की समीक्षा करें। उन्होंने गणना ब्लॉक निर्धारण की समीक्षा करते हुए उसे पोर्टल में दर्ज करने के निर्देश दिए। उल्लेखनीय है कि जनगणना कार्य का प्रथम चरण 1 से 30 मई तक तक सम्पन्न होगा। इस दौरान प्रगणकों द्वारा घर-घर जाकर मोबाइल एप के माध्यम से कुल 34 प्रश्नों की जानकारी ली जाएगी।
कलेक्टर ने 01 अप्रैल 2026 से 15 अप्रैल 2026 तक चलने वाले राजस्व पखवाड़ा की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने सभी राजस्व अधिकारियों को प्रत्येक गांवो में मुनादी कराने के निर्दे श दिए ताकि अधिक से अधिक नागरिकों को राजस्व पखवाड़ा का लाभ मिल सके। कलेक्टर ने कहा कि निर्धारित 15 बिंदुओं के आधार पर कार्रवाई करना सुनिश्चित करें तथा प्रतिदिन रिपोर्ट देवें। पखवाड़ा का दूसरा और तीसरा चरण 01 मई 2026 से 15 मई 2026 तक एवं 01 जून 2026 से 15 जून 2026 तक निर्धारित किया जाएगा। इस अवधि में जिले के विभिन्न ग्रामों में रोस्टर के अनुसार शिविर आयोजित कर राजस्व संबंधी समस्याओं का निराकरण किया जाएगा।
कलेक्टर ने कहा कि अविवादित नामांतरण, सीमांकन, डायवर्सन, किसान किताब का वितरण, नक्शा खसरा का वाचन, आय, जाति निवास प्रमाण पत्र तथा आरबीसी 6-4 के तहत प्राप्त प्रकरणों को इस पखवाड़ा के अंतर्गत निराकरण करने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि पहले से प्राप्त आवेदन जिनका निराकरण लंबित है, उनका भी निराकरण करने के निर्देश दिए। इस अभियान के माध्यम से आम नागरिकों को राहत पहुंचाना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने सभी अधिकारियों को जिम्मेदारी पूर्वक कार्य करते हुए शासन की मंशा के अनुरूप बेहतर परिणाम देने के निर्देश दिए।



