महासमुंद। ओडिशा निवासी एक बुजुर्ग भटकते हुए महासमुंद पहुंचा। विहिप कार्यकर्ता ने उसे पोते से मिलाया और ट्रेन से ओडिशा रवाना किया।
ओडिशा निवासी एक 81 वर्षीय बुजुर्ग मानसिक तनाव चलते कई महीनों से घर के बाहर अलग-अलग शहरों में भटकते हुए पिछले दो दिनों से महासमुंद में घूम रहा था। वह सोमवार को भोजन की तलाश में अपना मार्केट महासमुंद स्थित विश्व हिंदू परिषद कार्यकर्ता अखिलेश लूनिया की दुकान में पहुंचे। उन्होंने पहले तो उसे पेट भर भोजन कराया उसके बाद बातचीत में हाल मुकाम पता पूछा।
उडिय़ाभाषी होने के कारण उसकी भाषा को कोई समझ नहीं पा रहा था। अत: बजरंग दल के कार्यकर्ता चन्दन नेताम को बुलाकर उनकी भाषा को ट्रांसलेट किया गया। तब पता चला कि उनका नाम मधुसूदन साहू है, ग्राम भेरुआमुंडा, पोस्ट पैकमल, जिला बरगढ़ ओडिशा का निवासी है। वह अपने जमाने का पुराना 10वीं पढ़ा लिखा व्यक्ति है।
इसके बाद साहू समाज महासमुंद के पूर्व युवा अध्यक्ष आनंद साहू से संपर्क किया गया। उसने ओडिशा नुवापड़ा, जिला साहू समाज अध्यक्ष देवेन्द्र साहू से संपर्क कर ग्राम भेरुआमुंडा के सरपंच से संपर्क किया। तब पता चला कि वह उसी गांव का निवासी है और संपन्न परिवार से हैं। इसके बाद उसका पोता यशोबंता साहू से संपर्क हुआ और वह शाम 7.30 बजे की पैसेंजर ट्रेन से महासमुंद पहुंचा।
रात्रि 8 बजे मधुसूदन साहू को उसके पोते यशोबंता साहू के सुपुर्द किया गया और रात्रि 9.30 बजे लिंक एक्सप्रेस से दोनों को नुवापड़ा ओडिशा के लिए रवाना किया गया।
इस मामले में प्रमुख रूप से भाजपा के जिला अध्यक्ष येतराम साहू, कोषाध्यक्ष राहुल चंद्राकर, आनंद साहू, विश्व हिंदू परिषद के जिला अध्यक्ष हर्षवर्धन चंद्राकर, अखिलेश लूनिया, चंदन नेताम, रामेश्वर गोलू साहू, सुरेंद्र महाराज, लोकेश दावड़ा, कुम्भज चंद्रकार, बीरू वर्मा आदि ने बुजुर्ग को घर पहुंचाने में सहयोग दिया।



