महासमुंद: ओम हॉस्पिटल सरायपाली में बड़ी भर्ती प्रक्रिया शुरू, MBBS डॉक्टरों से लेकर नर्सिंग स्टाफ तक की आवश्यकता

महासमुंद: ओम हॉस्पिटल सरायपाली में बड़ी भर्ती प्रक्रिया शुरू, MBBS डॉक्टरों से लेकर नर्सिंग स्टाफ तक की आवश्यकता

सरायपाली। क्षेत्र के प्रमुख स्वास्थ्य संस्थान ओम हॉस्पिटल सरायपाली ने बड़ी संख्या में स्वास्थ्यकर्मियों की भर्ती के लिए विज्ञापन जारी किया है। अस्पताल प्रबंधन ने बताया कि बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं को और मजबूत करने के लिए योग्य डॉक्टरों, नर्सिंग स्टाफ एवं सहायक कर्मचारियों की तत्काल आवश्यकता है। अस्पताल द्वारा जारी सूचना के अनुसार—
MBBS डॉक्टर : 2 पद
ड्यूटी डॉक्टर : 6 पद
नर्सिंग स्टाफ (B.Sc / GNM) : 10 पद
नर्सिंग स्टाफ (फ्रेशर्स एवं प्रशिक्षित) : 30 पद
वार्ड बॉय : 4 पद
अस्पताल प्रबंधन ने बताया कि सभी पदों के लिए वेतन योग्यतानुसार और बातचीत के आधार पर तय किया जाएगा।भर्ती प्रक्रिया के लिए इच्छुक अभ्यर्थी सीधे अस्पताल प्रबंधन से संपर्क कर सकते हैं।
संपर्क नंबर : 74161-61671, 83700-08558

ओम हॉस्पिटल सरायपाली, एल.टी. राजा वीरेंद्र बहादुर सिंह शासकीय महाविद्यालय, राष्ट्रीय राजमार्ग, सरायपाली (छत्तीसगढ़) के पास स्थित है और लंबे समय से क्षेत्रवासियों को स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करा रहा है।
क्षेत्र के युवाओं और स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़े अभ्यर्थियों के लिए यह रोजगार का सुनहरा अवसर माना जा रहा है।

CG News : नाबालिग के प्यार में पागल हुई महिला… किडनैप कर ले गई तेलंगाना, फिर किया शारीरिक शोषण

CG News : नाबालिग के प्यार में पागल हुई महिला… किडनैप कर ले गई तेलंगाना, फिर किया शारीरिक शोषण

 

जशपुरनगर सत्रह वर्षीय किशोर के अपहरण और शारीरिक शोषण करने के आरोप में 25 वर्षीय महिला को जशपुर पुलिस ने तेलंगाना से गिरफ्तार किया है। मामला जिले के कोतबा चौकी क्षेत्र का है। एसएसपी शशि मोहन सिंह ने बताया कि 31 अगस्त को पीड़ित किशोर के स्वजन ने कोतबा चौकी में आरोपित महिला द्वारा उसके अपहरण किए जाने की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी।

शिकायत पर आरोपित महिला के विरूद्व बीएनएस की धारा 137 (2) के अंर्तगत अपराध पंजीबद्व कर मामले की जांच शुरू की। किशोर को बरामद करने के लिए पुलिस ने टेक्निकल टीम के साथ मुखबिर को सक्रिय किया। इस बीच पुलिस को पीड़ित किशोर के स्वजनों से सूचना मिली कि वह तेलंगाना में कहीं है। टेक्निकल टीम के सहयोग से किशोर और आरोपित महिला का लोकेशन ट्रेस करते हुए कोतबा पुलिस की टीम तेलंगाना के मलकााजगिरी जिले के मेडचल पहुंची।

स्थानीय पुलिस के सहयोग से जशपुर पुलिस की टीम ने आरोपित महिला के घर में छापामार कर किशोर को संरक्षित किया और आरोपित महिला के साथ लेकर जशपुर पहुंची। यहां पूछताछ में किशोर ने बताया कि आरोपित महिला उसे शादी का झांसा देकर अपने साथ तेलंगाना ले आई थी। यहां आरोपिता ने उसके साथ शारीरिक संबंध भी बनाएं थे। बयान के आधार पर पुलिस ने 25 वर्षीय आरोपिता के विरूद्व बीएनएस की धारा 137 (2) के साथ पॉक्सो एक्ट की धारा 6 के अंर्तगत अपराध पंजीबद्व किया है।

किशोर को शादी का झांसा देकर अपहरण व शारीरिक शोषण करने के मामले में आरोपित महिला को गिरफ्तार कर,न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है।’ शशि मोहन सिंह,एसएसपी,जशपुर।

CG News : कवर्धा में पुलिस ने नकली नोट के कारोबार पर किया करारा प्रहार, बरामद किए 1.35 लाख रुपये

CG News : कवर्धा में पुलिस ने नकली नोट के कारोबार पर किया करारा प्रहार, बरामद किए 1.35 लाख रुपये

 

छत्तीसगढ़ कबीरधाम पुलिस ने अपनी सजगता, मेहनत और टीमवर्क का परिचय देते हुए नकली नोट के कारोबार पर करारा प्रहार किया है। जिले में अपराधियों के लिए साफ संदेश देते हुए पुलिस ने एनएच-30 पर संदिग्ध मोटरसाइकिल को रोककर 500-500 रुपए के 15 नग जाली नोट बरामद किए। इसके साथ ही आरोपी के पास से मोटरसाइकिल और मोबाइल फोन भी जब्त किया गया, जिनकी कुल कीमत सहित बरामद नकद राशि लगभग 1,35,000 रुपए आंकी गई।

मुखबिर सूचना पर कार्रवाई

मुखबिर की सूचना पर पुलिस दशरंगपुर की टीम ने त्वरित कार्रवाई की और संदिग्ध मोटरसाइकिल को रोका। जांच में भीखम चंद्रवंशी, पिता चतुर चंद्रवंशी, उम्र 27 वर्ष, निवासी मोहतरा थाना पांडातराई से जाली नोट बरामद हुए। उसके पास से प्रयुक्त मोटरसाइकिल और ओप्पो मोबाइल फोन भी जब्त किया गया। इस मामले में बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया गया। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने उड़ीसा से जुड़े नेटवर्क का खुलासा किया। पुलिस पूरे गिरोह की गहन जांच कर रही है ताकि अन्य सदस्य भी गिरफ्तार किए जा सकें और नकली नोट का बड़ा नेटवर्क पूरी तरह समाप्त किया जा सके।

टीमवर्क और सतर्कता का प्रदर्शन

कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक अमित कश्यप, सायबर प्रभारी निरीक्षक महेश प्रधान, उप निरीक्षक त्रिलोक प्रधान, एएसआई संजीव तिवारी, प्रधान आरक्षक लवकेश खरे, आरक्षक नरेंद्र चंद्रवंशी, लेखा चंद्रवंशी, विजय चंद्रवंशी की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस टीम की सतर्कता और तेज कार्रवाई ने अपराधी को पकड़ने में निर्णायक भूमिका निभाई।

जिला पुलिस कप्तान का संदेश

जिला पुलिस कप्तान धर्मेन्द्र सिंह ने कहा कि यह कार्रवाई अपराधियों के लिए स्पष्ट संदेश है कि जिले में नकली नोट, नशा, अवैध शराब, जुआ-सट्टा और संगठित अपराध जैसी गतिविधियों के लिए कोई जगह नहीं है। उन्होंने आम जनता से अपील की कि यदि किसी के पास नकली नोट या अवैध कारोबार की जानकारी हो तो तुरंत पुलिस को सूचित करें। सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह सुरक्षित रखी जाएगी।

अवैध गतिविधियों के खिलाफ कड़ा संदेश

कबीरधाम पुलिस ने चेतावनी दी है कि अवैध कारोबार और आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त लोग जल्द ही कानून के शिकंजे में आएंगे। जिले में कानून व्यवस्था बनाए रखने और युवाओं को नशे एवं अपराध से बचाने के लिए पुलिस हर स्तर पर सक्रिय है। यह कार्रवाई जिले में अपराध नियंत्रण और कानून व्यवस्था कायम करने के लिए एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर मानी जा रही है।

Chandra Grahan 2025: आज लगेगा साल का आखिरी चंद्र ग्रहण, जानें समय, सूतक काल और राशि पर प्रभाव

Chandra Grahan 2025: आज लगेगा साल का आखिरी चंद्र ग्रहण, जानें समय, सूतक काल और राशि पर प्रभाव

 

वैदिक ज्योतिष अनुसार समय-समय पर चंद्र और सूर्य ग्रहण पड़ते हैं। जिसका प्रभाव मानव जीवन और देश- दुनिया पर देखने को मिलता है। इस बार चंद्रग्रहण (Chandra Grahan 2025) सात सितंबर रविवार की रात को भाद्रपद मास की पूर्णिमा के दिन लगने जा रहा है। यह चंद्रग्रहण समूचे यूरोप, एशिया, आस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, अफ्रीका के साथ-साथ उत्तर और दक्षिण अमेरिका के पूर्वी क्षेत्रों में दिखाई देगा। साथ ही भारत में भी दृश्य रहेगा।

नहीं होंगे शुभ-मांगलिक कार्य

ज्योतिषाचार्य व वास्तुविद् पंडित सौरभ दुबे ने बताया कि चंद्र ग्रहण पूर्णिमा को तो वहीं सूर्य ग्रहण अमावस्या को ही लगता है। चंद्र ग्रहण हिंदू धर्म की अशुभ अवधि माना जाता है, जिसमें शुभ-मांगलिक कार्य करने की मनाही होती है। साथ ही इस समय सभी तरह की यात्राएं करना भी वर्जित होता है, क्योंकि इसके अशुभ प्रभाव से जातकों को नकारात्मक परिणाम मिल सकते हैं। इस बार चंद्रग्रहण कुंभ राशि में लगने जा रहा है। जहां पहले से ही राहु विराजमान हैं।

ऐसे में राहु और चंद्रमा की युति कुंभ राशि में रहेगी जबकि सूर्य और केतु की युति कन्या राशि में होगा और दोनों एक दूसरे से समसप्तक भाव में रहेंगे और सप्तम दृष्टि डालेंगे। जिसका प्रभाव देश और दुनिया पर दिखाई देगा। पहाड़ी क्षेत्रों में और प्राकृतिक आपदा आ सकती है। राजनीतिक एवं भौगोलिक बदलाब देखने को मिल सकते है, मौसम का प्रतिकूल प्रभाव भी देखने को मिलेगा। चंद्रग्रहण का प्रभाव सभी राशियों के जातकों पर देखने को मिलेगा।

किन राशियों के लिए शुभ, किनके लिए अशुभ

ज्योतिषाचार्य एवं वास्तुविद् पंडित सौरभ दुबे के अनुसार इस चंद्रग्रहण के दौरान ग्रहों के बहुत ही विचित्र संयोग बन रहा है। सूर्य और केतु की युति सिंह राशि में रहेगी। वहीं, राहु और चंद्रमा की युति इस दिन कुंभ राशि में होगा। ऐसे में राहु और चंद्रमा की युति होने से ग्रहण योग बनेगा। वहीं, सूर्य और केतु की युति से भी ग्रहण योग बना है। ऐसे में डबल ग्रहण योग का प्रतिकूल प्रभाव देश, दुनिया और राशियों पर दिखाई देगा। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, ग्रहों की ऐसी स्थिति के बीच पहाड़ी क्षेत्रों में इस दौरान भारी बारिश और प्राकृतिक आपदाएं घटित हो सकती हैं। चंद्रग्रहण का असर कर्क, वृश्चिक, कुम्भ, मीन, मिथुन और सिंह राशि वालों पर बुरा असर दिखेगा, कठिनाई का सामना करना पड़ सकता है। वही धनु, तुला, कन्या, वृष, मेष मकर राशि वालो पर शुभ प्रभाव दिखेगा।

इस तरह होगा सूतक काल

पंडित सौरभ दुबे के अनुसार खग्रास चंद्र ग्रहण रविवार सात सितंबर 2025 को पूर्वाभाद्र नक्षत्र कुंभ राशि पर दृश्य होगा। भारतीय समय के अनुसार रात्रि 9:57 पर स्पर्श कल होगा। रात्रि 11:40 पर मध्यकाल होगा तथा रात्रि 1:26 पर खग्रास चंद्र ग्रहण का मोक्ष होगा। यह ग्रहण भारत के साथ-साथ अब देश रूस जापान आस्ट्रेलिया म्यांमार पाकिस्तान आदि देशों में दृश्य होगा। ग्रहणकाल का सूतक रविवार सात सितंबर को दिन में 12:57 से प्रारंभ होगा। यह सूतक तीन प्रहर (नौ घंटे) पहले प्रारंभ होगा। बालक, वृद्ध और रोगियों के लिए सूतककाल शाम 6:37 से मानना चाहिए।

गर्भवती महिलाएं बरतें सावधानी

चंद्र ग्रहण के दौरान गर्भवती महिलाओं को किसी भी तरह की नुकीली चीज जैसे सुई, धारदार कैंची या चाकू आदि का इस्तेमाल करने से बचना चाहिए। साथ ही चंद्र ग्रहण को नग्न आखों से न देखें। साथ ही यह भी सलाह दी जाती है कि सूतक लगने के बाद गर्भवती स्त्री को कहीं बाहर नहीं जाना चाहिए, विशेषकर किसी नकारात्मक जगह जैसे श्मशान आदि पर। अगर आप इस सभी बातों का ध्यान रखते हैं, तो इससे गर्भ में पल रहा शिशु नकारात्मक प्रभावों से बचा रहता है।

क्या करें और क्या न करें

ग्रहण काल में शास्त्रीय वचनानुसार धार्मिक कृत्य, श्राद्ध, चावल, दूध, दही, वस्त्र, सफेद वस्तु आदि का दान करना चाहिए। ग्रहण में जपा गया मंत्र सिद्धप्रद होता है। पूजा, हवन, यज्ञ, मूर्ति स्थापना, विवाह, गृह प्रवेश जैसे शुभ कार्य न करें। सूतक काल में भोजन पकाना या खाना नहीं चाहिए। बाल कटवाना, नाखून काटना, दाढ़ी बनाना या अन्य शारीरिक शुद्धिकरण के कार्य नहीं करने चाहिए। भगवान का नाम जपें, जैसे ओम नमो भगवते वासुदेवाय या महामृत्युंजय मंत्र का जाप कर सकते हैं।

आज ही कर दें गणपति विसर्जन

पंडित सौरभ दुबे के अनुसार श्री गणेश प्रतिमा का विसर्जन भी अनंत चतुर्दशी तिथि के दिन ही कर देना चाहिए। शनिवार छह सितंबर को अनंत चतुर्दशी है और सात सितंबर को पूर्णिमा तिथि और ग्रहण का सूतक प्रारम्भ हो जाएगा। ऐसी स्थिति में ग्रहण काल में मूर्ति को पंडालून में ना रखते हुए उसका विसर्जन कर देना चाहिए जिस किसी भी प्रकार का दोष उन मूर्तियों में ना लगे और हमारी आस्था पर भी किसी प्रकार का भी आक्षेप न लगे।

महासमुन्द कवर्धा/ गांजा तस्कर से जाली नोटों का सौदागर बना आरोपी, पुलिस-आरोपी की सेटिंग से महकमे में खलबली 4 पुलिस कर्मचारीयों को सस्पेंड कर दिया गया है

महासमुन्द कवर्धा/ गांजा तस्कर से जाली नोटों का सौदागर बना आरोपी, पुलिस-आरोपी की सेटिंग से महकमे में खलबली 4 पुलिस कर्मचारीयों को सस्पेंड कर दिया गया है

महासमुंद/कवर्धा।
महासमुंद जिले में पुलिस और आरोपी की कथित सेटिंग का सनसनीखेज मामला सामने आया है। गांजा तस्करी में पकड़ा गया आरोपी न सिर्फ नशीले पदार्थों की तस्करी करता था बल्कि जाली नोटों के धंधे में भी शामिल पाया गया है। इस खुलासे के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है और चार आरक्षकों को निलंबित कर दिया गया है।

दैनिक भास्कर मे छपी खबर के अनुसार आरोपी भीखम चंद्रवंशी (27), निवासी ग्राम मोहत्तर, थाना पांडातराई, जिला कबीरधाम अपनी गर्लफ्रेंड के साथ बाइक (सीजी 07 बीएम 8370) पर ओडिशा से गांजा खरीदकर लौट रहा था। 5 सितंबर को पिथौरा पुलिस ने उसे 20 किलो गांजा सहित पकड़ा, लेकिन आरोप है कि उसने पुलिस से 60 हजार रुपये में सेटिंग कर ऑनलाइन भुगतान कर छूट प्राप्त कर ली।

दो दिन बाद जब आरोपी अपने गांव लौट रहा था, तो कबीरधाम पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली। दशरंगपुर चौकी के पास तलाशी में उसके पास से 500-500 रुपये के 15 नकली नोट (कुल 7,500 रुपये) बरामद हुए। हालांकि गांजा नहीं मिला, लेकिन जांच में नकली नोटों के बड़े नेटवर्क की जानकारी हाथ लगी।

पुलिस पूछताछ में आरोपी ने कबूल किया कि वह लंबे समय से जाली नोटों का कारोबार कर रहा है। अब तक लगभग 50 हजार रुपये के नकली नोट बाजार में चला चुका है। आरोपी ने 3 से 4 लाख रुपये तक के नकली नोट अलग-अलग जगहों पर खपाने की बात भी मानी। वह ओडिशा के सप्लायरों के संपर्क में आया था और वहीं से नकली नोटों का धंधा शुरू किया।

डीएसपी कृष्ण कुमार चंद्राकर (कवर्धा) ने बताया कि आरोपी के खिलाफ BNS की धारा 179 और 180 के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। प्रारंभिक पूछताछ में ओडिशा नेटवर्क की पुष्टि हुई है। जल्द ही पुलिस टीम ओडिशा रवाना होगी।

इस बीच, महासमुंद एसपी आशुतोष सिंह ने गांजा तस्कर को सेटिंग कर छोड़ने के आरोप में चार आरक्षकों को निलंबित कर दिया है। उन्होंने कहा कि विभागीय जांच जारी है और जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।

राशिफल विशेष, जहां आप पाएंगे आज के दिन का राशिफल, कैसा होगा आपका दिन, किसे मिलेगा प्यार, किसका चलेगा व्यापार, करियर में किसे मिलेगी उड़ान, किसे मिलेगा धन अपार… हर वर्ग के लिए जानिए दैनिक राशिफल

राशिफल विशेष, जहां आप पाएंगे आज के दिन का राशिफल, कैसा होगा आपका दिन, किसे मिलेगा प्यार, किसका चलेगा व्यापार, करियर में किसे मिलेगी उड़ान, किसे मिलेगा धन अपार… हर वर्ग के लिए जानिए दैनिक राशिफल

 

मेष 👉  अ, आ, चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो

धर्म-कर्म में रुचि रहेगी। यात्रा सफल रहेगी। धन प्राप्ति सुगम होगी। कानूनी बाधा दूर होकर लाभ होगा। पूँजी निवेश बढ़ेगा। पहले किए गए कार्यों का लाभदायी फल आज मिल सकेगा। संतान के कामों से खुशी होगी। व्यापार-व्यवसाय में तरक्की होगी।

वृषभ 👉 ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो

फालतू खर्च होगा। कीमती वस्तुएं संभालकर रखें। वाणी पर नियंत्रण रखें। चिंता रहेगी। व्यवसाय ठीक चलेगा। नवीन मुलाकातों से लाभ होगा। आमदनी बढ़ेगी। रुका धन मिलने से निवेश में वृद्धि होने के योग हैं। उदर संबंधी विकार हो सकते हैं।

मिथुन 👉 का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, ह

विवाद से क्लेश होगा। शारीरिक कष्ट संभव है। बकाया वसूली के प्रयास सफल रहेंगे। यात्रा सफल रहेगी। आपसी मतभेद, मनमुटाव बढ़ेगा। किसी से मदद की उम्मीद नहीं रहेगी। आर्थिक समस्या बनी रहेगी। व्यसनाधीनता से बचें। व्यापार, रोजगार मध्यम रहेगा

कर्क 👉 ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो

घर-बाहर तनाव रहेगा। विवाद को बढ़ावा न दें। जल्दबाजी न करें। नई योजना बनेगी। नए अनुबंध होंगे। किसी मामले में कटु अनुभव मिल सकते हैं। सरकारी, कानूनी विवाद सुलझेंगे। जोखिम, लोभ, लालच से बचें। नया काम, व्यवसाय आदि की बात बनेगी।

सिंह 👉 मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे

रोजगार मिलेगा। व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी। अप्रत्याशित लाभ होगा। जोखिम व जमानत के कार्य टालें। विवाद न करें। नौकरी करने वालों को ऐच्छिक स्थानांतरण एवं पदोन्नति मिलने की संभावना है। स्वास्थ्य के प्रति लापरवाही न करें।

कन्या 👉 ढो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो

आज चोट, चोरी व विवाद आदि से हानि संभव है। माता को पुराना रोग उभर सकता है। जोखिम व जमानत के कार्य टालें। परिवार की स्थिति अच्छी रहेगी। रचनात्मक काम करेंगे। कर्मचारियों पर निगाह रखें। परिवार की समस्या का उचित समाधान होगा।

तुला👉 रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते

शारीरिक कष्‍ट से बाधा संभव है। भागदौड़ रहेगी। घर-परिवार का सहयोग प्राप्त होगा। राजकीय सहयोग मिलेगा। कार्यकुशलता सहयोग से लाभान्वित होंगे। काम में मन लगेगा। स्वयं का सोच अनुकूल रहेगा। रिश्तेदारों से संबंधों की मर्यादा बनाए रखें।

वृश्चिक  👉 तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू

भूमि व भवन संबंधी बाधा दूर होगी। रोजगार मिलेगा। संतान के स्वास्थ्य में सुधार होगा। सोचे कामों में मनचाही सफलता मिलेगी। व्यापारिक निर्णय समय पर लेना होंगे। पुरानी बीमारी उभर सकती है। चोट व रोग से बाधा संभव है। बेचैनी रहेगी।

धनु, 👉 ये, यो, भा, भी, भू, धा, फा, ढा, भे

पार्टी व पिकनिक का आनंद मिलेगा। विद्यार्थी वर्ग को सफलता मिलेगी। व्यवसाय ठीक चलेगा। प्रमाद न करें। नए कार्यों, योजनाओं की चर्चा होगी। लाभदायी समाचार आएँगे। समाज में आपके कार्यों की प्रशंसा होगी। साहस, पराक्रम बढ़ेगा। विश्वासप्रद माहौल रहेगा।

मकर 👉 भो, जा, जी, खी, खू, खे, खो, गा, गी

पुराना रोग उभर सकता है। भागदौड़ रहेगी। दु:खद समाचार मिल सकता है। धैर्य रखें। अस्वस्थता बनी रहेगी। खुद के प्रयत्नों से ही जनप्रियता एवं सम्मान मिलेगा। रोजगार के क्षेत्र में संभावनाएँ बढ़ेंगी। स्थायी संपत्ति संबंधी खटपट हो सकती है।

कुंभ👉गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा

प्रयास सफल रहेंगे। प्रशंसा प्राप्त होगी। धन प्राप्ति सुगम होगी। वाणी पर नियंत्रण रखें। लाभ होगा। व्यवसाय अच्छा चलेगा। कार्य क्षेत्र में नई योजनाओं से लाभ होगा। लगन, मेहनत का उचित फल मिल सकेगा। क्रोध एवं उत्तेजना पर संयम रखें। विवाद सुलझेंगे।

मीन 👉दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची

पुराने संगी-साथियों से मुलाकात होगी। शुभ समाचार प्राप्त होंगे। व्यवसाय ठीक चलेगा। लाभ होगा। परिश्रम का पूरा परिणाम मिलेगा। अच्छी व सुखद स्थितियाँ निर्मित होंगी। विरोधी आपकी छवि खराब करने का प्रयास कर सकते हैं। व्यावसायिक सफलता से मनोबल बढ़ेगा।

अब कृषि उपकरण, ट्रैक्टर और उर्वरक हुए सस्ते; दूध-पनीर पर जीएसटी खत्म ग्रामीण भारत की अर्थव्यवस्था को नई दिशा – जीएसटी सुधारों से मजबूत होंगे खेत-खलिहान

अब कृषि उपकरण, ट्रैक्टर और उर्वरक हुए सस्ते; दूध-पनीर पर जीएसटी खत्म ग्रामीण भारत की अर्थव्यवस्था को नई दिशा – जीएसटी सुधारों से मजबूत होंगे खेत-खलिहान

 

 

केंद्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान की प्रेस वार्ता
जीएसटी की नई दरें और स्लैब से कृषि के क्षेत्र में व्यापक पैमाने पर असर दिखाई देगा ।इससे विशेष कर छोटे और मंझौले किसानों को बहुत लाभ होगा, कृषि उपकरणों पर जीएसटी दरें कम होने के कारण कृषि की लागत घटेगी और किसानों का मुनाफा बढ़ेगा। यह विचार केंद्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आज भोपाल में आयोजित प्रेस वार्ता में व्यक्त किये।

श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि जैव-कीटनाशक और सूक्ष्म-पोषक तत्वों पर GST घटाई गई है, जिससे किसानों को लाभ होगा। साथ ही रासायनिक उर्वरकों से जैव उर्वरकों की तरफ किसानों की प्रवृति निश्चित रूप से बढ़ेगी। डेयरी क्षेत्र में अब दूध और पनीर पर कोई GST नहीं होगा। इससे आम आदमी को तो लाभ होगा ही, साथ ही किसानों, पशुपालकों और दुग्ध उत्पादकों को भी फायदा मिलेगा।

आज अनंत चतुर्दशी का महापर्व है और गणपति बप्पा को हम विदाई देंगे। उनसे यही प्रार्थना है कि सुख-समृद्धि और ऋद्धि-सिद्धि देश की जनता की ज़िंदगी में आए।

जनता की ज़िंदगी बेहतर बने। इसके लिए प्रधानमंत्री श्रीमान नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में NDA की सरकार लगातार प्रयत्न कर रही है।

सरकार की कोशिश और प्रधानमंत्री जी के प्रयत्न हैं कि आम आदमी की ज़िंदगी में कठिनाइयाँ न रहें। लाल किले की प्राचीर से उन्होंने देश को ये कहा था कि GST में नेक्स्ट जनरेशन रिफॉर्म लाए जाएंगे और वो रिफॉर्म जनता को बड़ी राहत लेकर आएंगे।

किसान और कृषि मंत्री के नाते मैं प्रधानमंत्री श्रीमान नरेंद्र मोदी जी को धन्यवाद देता हूँ। हमारा संकल्प है कि खेती में उत्पादन की लागत घटाना और उत्पादन बढ़ाना। उत्पादन बढ़ेगा और लागत घटेगी तो किसान का खेती में प्रॉफ़िट बढ़ेगा।

GST में जो सुधार किए गए हैं अगर उन्हें देखें तो उनका बड़ा लाभ देश के किसानों को मिलने वाला है। कुछ कंपनियों ने शुरू कर दिया है। कृषि उपकरण चाहे वो ट्रैक्टर हो, हार्वेस्टर, रोटावेटर हो, अलग-अलग तरह के जो GST घटाकर 5% की गई है वो किसान के लिए वरदान सिद्ध होगी।

हमारे देश के किसानों की जोत का आकार छोटा है। इसलिए हम कोशिश कर रहे हैं इंटीग्रेटेड फार्मिंग की मतलब खेती के साथ किसान खेती से जुड़े और एलाइड सेक्टर के बाकी काम कुछ न कुछ करे।

जैसे पशुपालन, मधुमक्खी पालन, मछली पालन, कृषि वानिकी, भेड़-बकरी पालन, पॉल्ट्री फार्म, अगर ओवरऑल आप देखेंगे तो पूरे सेक्टर में क्योंकि कृषि और पशुपालन तो एक-दूसरे के पूरक हैं। उस पर भी GST में जो छूट दी गई है वो भी हमारी खेती और किसानों के लिए वरदान सिद्ध होगी।

अगर इससे जुड़ा हुआ ग्रामीण क्षेत्र देखें। तो हस्तशिल्प, चमड़े का सामान, दूध उत्पाद के काम में व्यापक पैमाने पर महिला सेल्फ हेल्प ग्रुप काम कर रहे हैं। जिन्होंने कई बहनों को लखपति दीदी बना दिया है। उनकी ज़िंदगी भी GST में इस छूट से और बेहतर होगी, आमदनी बढ़ेगी और लखपति दीदी के आंदोलन को भी नई ताकत मिलेगी।

अगर हम जीएसटी सुधारो को देखें तो एक उदाहरण के तौर पर कोई ट्रैक्टर अगर 9 लाख रुपए में आता था 9 लख रुपए में खरीदते थे तो अब किसान को 65 हजार रुपए की बचत उसपर होगी।

अगर ट्रैक्टर 35 एचपी का है जिसकी कीमत लगभग 5 लख 80 हजार रुपए होती थी तो एक ट्रैक्टर खरीदने पर 41 हजार रुपए की बचत होगी, 45 एचपी के ट्रैक्टर पर 45 हजार रुपए बचत होगी, 50 एचपी के ट्रैक्टर पर 53 हजार रुपए बचत होगी और 75 एचपी के ट्रैक्टर पर लगभग 63 हजार रुपए बचत होगी तो ट्रैक्टर पर ही अगर बचत देखें तो 25 हजार से लेकर 63 हजार रुपए तक की बचत किसानों को होगी।

डेरी क्षेत्र में अब दूध और पनीर पर कोई जीएसटी नहीं होगा इससे आम आदमी को तो लाभ होगा ही इसकी मांग भी बढ़ेगी और दूध खरीदकर डेरी उत्पाद तैयार करने वाले वो भी लाभ में रहेंगे और किसानों को भी सीधा जो दुग्ध उत्पादक, पशुपालक हैं उनको सीधा फायदा होगा।

मक्खन, घी इनपर जीएसटी कम की गई है तो निश्चित तौर पर यह स्वदेशी उत्पाद ज्यादा बिकना प्रारंभ होंगे दूध के डिब्बों पर भी जीएसटी घटाई गई है उसका लाभ भी डेरी क्षेत्र को मिलेगा और अगर डेरी क्षेत्र आगे बढ़ेगा तो सीधे किसान और पशुपालक आगे बढ़ेंगे।

कीटनाशक और सूक्ष्म पोषक तत्वों पर 12 जीव कीटनाशक और सूक्ष्म पोषक तत्व हैं माइक्रो न्यूट्रेंट उनपर भी जीएसटी घटाई गई है इससे प्राकृतिक खेती और जैविक खेती को क्योंकि जैविक जो इनपुटस् हैं उनकी कीमत कम होगी तो उसमें लाभ होगा और रासायनिक उर्वरकों से जैव उर्वरकों की तरफ किसान के बढ़ने की प्रवृति निश्चित तौर पर बढ़ेगी।

फर्टिलाइजर पर भी जो अमोनिया सुल्फ़्यूरिक ऐसिड, नाइट्रिक ऐसिड इनपर भी 18% से घटाकर जीएसटी 5% की गई है यह कच्चा माल है जो उर्वरक तैयार करता है इससे भी निश्चित तौर पर इनकी कीमतें कम होगी तो किसानों को उसका भी लाभ होगा।

श्री चौहान ने कहा कि केंद्र सरकार ने कम की कृषि उपकरणों में जीएसटी दर 18% से कम कर 5% करने से से कृषि उपकरण और अन्य वस्तुएं सस्ती होंगी।

 

 

जैसे 35 एचपी ट्रैक्टर – पहले 6,50,000 रुपए , अब 6,09,000 रुपए (अनुमानित) , बचत 41,000 रुपए
45 एचपी ट्रेक्टर- पहले 7,20,000 रूपए, अब 6,75,000 रूपए, बचत 45,000 रू. 75 एचपी ट्रेक्टर- पहले 10,00,000 रूपए, अब 9,37,000 रूपए, बचत 63,000 रूपए 50 एचपी ट्रेक्टर- पहले- 8,50,000 रूपए, अब 7,97,000 रूपए, बचत 53,000 रूपए पावर टिलर 13 एचपी- पहले 20,357 रूपए, अब 8,482 रूपए, बचत 11,875 रूपए बहुफसली थ्रेशर – 4 टन- पहले 24,000 रूपए, अब 10,000 रू, बचत 14,000 रू.
धान रोपण यंत्र -(4 पंक्ति – वॉक बिहाइंड)- पहले 26,400 रूपए, अब 11,000, बचत 15,400 रूपए पावर वीडर – 7.5 एचपी- पहले 9,420 रू. अब 3,925 रू., बचत 5,495 रूपए सीड कम फर्टिलाइज़र ड्रिल – 11 टाइन- पहले 18,000 रू, अब 7,500 रू. बचत 10,500 रू.सीड कम फर्टिलाइज़र ड्रिल – 13 टाइन- पहले 5,520 रू. अब 2,300 रू. बचत 3,220 रू 14 फीट कटर बार- पहले 3,21,428 रू. अब 1,33,928 रू. बचत 1,87,500 रू. स्ट्रॉ रीपर – 5 फीट- पहले 37,500 रू, अब 15,625 रू, बचत 21,875 रू. हैप्पी सीडर – 10 टाइन- पहले 18,214 रू. अब 7,589 रू. बचत 10,625 रू. सुपर सीडर – 8 फीट- पहले 28,928 रू. अब 12,053 रू. बचत 16,875 रू. रोटावेटर – 6 फीट- पहले 13,392 रू. अब 5,580 रू. बचत 7,812 रू. स्क्वायर बेलर – 6 फीट- पहले 1,60,714 रू. अब 66,964 रू. बचत 93,750 रू. मल्चर – 8 फीट- पहले 19,821 रू. अब 8,258 रू. बचत 11,562 रू. ट्रैक्टर माउंटेड स्प्रेयर – 400 लीटर- पहले 16,071 रू. अब 6,696 रू. बचत 9,375 रूपए तक होगी।

 

पावर टिलर में इसकी अनुमानित क़ीमत बता रहा हूँ लेकिन मोटे तौर पर पावर टिलर 13 HP का लगभग 1 लाख 69 हज़ार 643 रुपए का आता है। उसमें 11 हज़ार 875 रुपए की लगभग बचत होगी।

धान के रोपण का जो यंत्र होता है वो 2 लाख 20 हज़ार रुपए का आता है। उसमें 15 हज़ार 400 रुपए की बचत होगी।

बहुफसलीय थ्रेशर जिससे अलग-अलग फसलें निकालते हैं। उस पर लगभग 14 हज़ार रुपए की बचत होगी।

पावर वीडर जो घास निकालता है, ज़मीन तैयार करता है 7.5 HP का इसमें 78 हज़ार रुपए के आस-पास आता है, इसमें 5 हज़ार 495 रुपए की बचत होगी।

सीड कम फर्टिलाइज़र ड्रिल 11 टाइन ये 1 लाख 50 हज़ार रुपए का आता है, इसमें लगभग 10 हज़ार 500 रुपए की बचत होगी।

सीड कम फर्टिलाइज़र ड्रिल – 13 टाइन ये 46 हज़ार रुपए का आता है, इसमें लगभग 3 हज़ार 200 रुपए से ज़्यादा की बचत होगी।

ऐसे ही 14 फीट कटर बार अगर हम कम्बाइन्ड हार्वेस्टर की बात करें, इसमें 1 लाख 87 हज़ार 500 की बचत होगी।

स्ट्रॉ रीपर – 3 लाख 12 हज़ार 500 रुपए का, 21 हज़ार 875 रुपए बचत होगी।

सुपर सीडर – 16 हज़ार 875 रुपए की बचत होगी, जो 2 लाख 41 हज़ार 71 रुपए का आता है।

हैप्पी सीडर – 10 टाइन का 1 लाख 51 हज़ार के आस-पास आता है, इसमें 10 हज़ार 600 के आस-पास बचत होगी।

मल्चर – जो पराली को काटकर ऊपर छोड़ता है, 1 लाख 65 हज़ार रुपए के आस-पास आता है, इसमें लगभग 11 हज़ार 500 रुपए की बचत होगी।

ऑटोमेटिक प्लांटर की बहुत ज़रूरत है ताकि बीज एक समान दूरी पर डाले जा सकें, कम ज़्यादा न हों बराबर डालें। ये 4 लाख 68 हज़ार 700 रुपए के आस-पास आता है, इस पर 32 हज़ार 800 रुपए के आस-पास की बचत होगी।

ऐसे ही हमने अलग-अलग चीज़ों के दाम निकाले हैं। क्योंकि 12% से 5% में क्या-क्या फ़ायदा होगा वो एकदम समझ में नहीं आता है, लेकिन ये जो किसानों की बचत है ये मैंने बताने का प्रयत्न किया है।

 

फल और सब्जियां अब जरूरी हो गया है कि इनकी वैल्यू एडीशन करें, प्रोसेसिंग करें इस प्रोसेसिंग पर भी तैयार संरक्षित सब्जियां, फल, मेवे इनपर भी जीएसटी घटाई गई है जिनका लाभ सीधे सीधे किसानों को मिलेगा।

कोल्ड स्टोरेज, फूड प्रोसेसिंग उसको भी इसका निश्चित तौर पर लाभ मिलेगा ऐसे ही हमारे मछली उत्पादक किसान देश के बड़े हिस्से में मछली पालन का काम होता है केवल समुद्रों में नहीं अब तो खेतों में भी तालाब बनाकर व्यापक पेमाने पर मछली पालन का काम किया जा रहा है तो इसपर भी जो तैयार या संरक्षित मछली पर भी कर की दर कम की गई है उससे भी देशभर के जो मछली पालन के काम में किसान लगे हैं उनको लाभ होगा वैसे ही प्राकृतिक शहद पर भी जीएसटी कम होगा, शहद उत्पादक किसान उनको सीधा सीधा इसका लाभ मिलेगा।

एक और किसानों का लाभ है ऊर्जा आधारिक उपकरणों पर जीएसटी कम की गई है 12% से घटाकर 5% इससे सस्ते शोध आधारिक उपकरण वो और सस्ते होंगे क्योंकि किसान ऊर्जादाता भी बने इसका प्रयत्न भी चल रहा है शोध ऊर्जा के आधार पर तो उनको भी इसका लाभ मिलेगा वैसे ही ड्रिप इरीगेशन वगेरा उसपर भी जीएसटी कम की गई है तो जो पर ड्रॉप मोर क्रॉप के जो उपकरण हैं ड्रिप ए, स्प्रिंकलर उसपर भी जीएसटी कम की गई है वो और सस्ते हो जाएंगे और किसान की पहुंच में और आसानी से आएंगे तो किसान उनका भी इस्तेमाल करेगा तो पानी भी बढ़ेगा, पानी भी बचेगा, उत्पादन बढ़ेगा और किसानों का प्रॉफ़िट बढ़ेगा।

ग्रामीण भारत के लिए सीमेंट, लोहा जो GST कम की गई है उसमें प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत मकान बनाना भी सस्ता हो जाएगा। क्योंकि सीमेंट, लोहे के दाम कम होंगे गरीब का घर बनाना भी आसान होगा। ग्रामीण क्षेत्रों में जो इंफ्रा बनता है।

स्कूल, आंगनवाड़ी, पंचायत भवन, उनकी लागत भी निश्चित तौर पर कम हो जाएगी। सबसे बड़ा फ़ायदा अर्थव्यवस्था को जो होगा, आज देश जिन चुनौतियों का सामना कर रहा है, हमें हमारी अर्थव्यवस्था को और मज़बूत करना है। इसलिए ये जो दाम कम होंगे, उससे निश्चित तौर पर मांग बढ़ेगी।

सुधार किसानों के लिए बड़ी राहत लेकर आए हैं। नए प्रावधानों में कई तरह की छूट दी गई हैं, जो किसानों और लखपति दीदियों के लिए वरदान सिद्ध होंगी।

मांग बढ़ने से बाज़ार में और पैसा आएगा, उससे हमारी अर्थव्यवस्था भी निश्चित तौर पर मज़बूत होगी। इसलिए इन कदमों के लिए जिन्होंने ग्रामीण भारत की तस्वीर बदली है, इन फैसलों के लिए मैं प्रधानमंत्री श्रीमान नरेंद्र मोदी जी को हृदय से बहुत-बहुत धन्यवाद देता हूँ।

इससे हमारी प्राकृतिक खेती, जैविक खेती को भी बल मिलेगा और विशेषकर इन्टीग्रेटेड फार्मिंग की तरफ हम देश को ले जाना चाहते हैं। ये केवल फल, सब्ज़ी या अनाज की खेती नहीं, उसके साथ बाकी कामों में भी किसान लगे उसको भी बल मिलेगा। इस क्रांतिकारी सुझाव के लिए प्रधानमंत्री जी को बहुत-बहुत धन्यवाद, वित्तमंत्री जी का आभार

CG News: सरगुजा क्षेत्र में फिर एक बांध टूटने से मची तबाही, कई एकड़ धान की फसल नष्ट

CG News: सरगुजा क्षेत्र में फिर एक बांध टूटने से मची तबाही, कई एकड़ धान की फसल नष्ट

अंबिकापुर : सरगुजा जिले के लुंड्रा विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत गेरसा में शनिवार सुबह वर्ष 1988 में निर्मित बांध का बड़ा हिस्सा अचानक टूट गया। बताया जा रहा है कि शुक्रवार रात से ही बांध में रिसाव शुरू हो गया था, लेकिन शनिवार सुबह लगभग नौ बजे बांध का मेड़ बह गया और पानी का तेज बहाव निकल पड़ा।

गनीमत रही कि बांध के निचले हिस्से में कोई बस्ती नहीं है, जिससे जनहानि की आशंका टल गई। हालांकि, इस हादसे में किसानों को बड़ा नुकसान उठाना पड़ा है। बांध टूटने से करीब 25 से 30 एकड़ क्षेत्र में लगी धान की फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई।

बीते मंगलवार की रात बलरामपुर जिले में लुत्ती जलाशय टूटने की घटना हुई थी, जिसकी पीड़ा लोग भूल भी नहीं पाए थे कि गेरसा बांध के टूटने ने एक बार फिर से बांधों के रखरखाव की मांग तेज हो गई है। ग्रामीणों का कहना है कि जल संसाधन विभाग की अनदेखी और समय पर मरम्मत कार्य न होने के कारण ही यह स्थिति बनी।

मौके पर पहुंचे कलेक्टर

घटना की जानकारी मिलते ही कलेक्टर विलास भोसकर मौके पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया। उन्होंने तत्काल विभागीय अधिकारियों को बांध की मरम्मत और स्थिति पर निगरानी रखने के निर्देश दिए। साथ ही प्रभावित किसानों को राहत दिलाने का आश्वासन भी दिया।

ग्रामीणों का कहना है कि गेरसा जलाशय की क्षमता से अधिक पानी भरने और देखरेख में लापरवाही बरतने की वजह से बांध का एक हिस्सा टूटा है।

बता दें कि पिछले कुछ दिनों से उत्तरी छत्तीसगढ़ के इलाकों में भारी बारिश हुई है। जिस कारण सभी नदी-नाले और जलाशय लबालब भरे हुए हैं। ऐसे में पुराने हो चुके बांध रखरखाव के अभाव में नष्ट हो रहे हैं। जिससे जान-माल का नुकसान हो रहा है। लुत्ती जलाशय के हादसे में 7 लोगों की जान चली गई वहीं 50 से ज्यादा मवेशी मारे गए थे। वहीं अब इस बांध के टूटने से किसानों के धान की फसल को भारी नुकसान हुआ है।

छत्तीसगढ़ में इलेक्ट्रिक बसों के लिए केंद्र सरकार से मिला पैसा, चार्जिंग व्यवस्था नहीं होने अटकी योजना

छत्तीसगढ़ में इलेक्ट्रिक बसों के लिए केंद्र सरकार से मिला पैसा, चार्जिंग व्यवस्था नहीं होने अटकी योजना

 

रायपुर: बसों के लिए केंद्र सरकार से धनराशि मिल चुकी है, परंतु चार्जिंग की व्यवस्था करने में विफलता ने इलेक्ट्रिक बस योजना को फंसा दिया है। पूरी प्रक्रिया में प्रदेश के अधिकारी ‘हाथी निकल गया, परंतु पूंछ अटक गया’ की कहावत को चरितार्थ कर रहे हैं।

शहरी विकास मंत्रालय की रिपोर्ट के अनुसार राज्य में अब तक केवल 215 ई-बसें ही संचालित हो सकी हैं, जबकि पिछले पांच महीनों से टेंडर प्रक्रिया और अन्य तैयारियां अधूरी पड़ी हैं। वहीं ओडिशा में 450, पश्चिम बंगाल में 391 और आंध्र प्रदेश में 238 ई-बसें संचालित हो रही है और ये राज्य छत्तीसगढ़ से आगे निकल चुके हैं। देश में सर्वाधिक ई-बसें दिल्ली में 3,564, महाराष्ट्र में 3,296, कर्नाटक में 2,236 और उत्तरप्रदेश में 850 में चल रही हैं।

जारी रिपोर्ट में बताया गया कि पूरे भारत में 14,329 ई-बसें चल रही हैं। शीर्ष चार राज्य दिल्ली, महाराष्ट्र, कर्नाटक और उत्तर प्रदेश के बाद ओडिशा इन बड़े राज्यों से थोड़ा पीछे है। आने वाले वर्षों में 1,000 से अधिक ई-बस बढ़ाने की योजना पर काम चल रहा है।

290 चार्जिंग स्टेशन स्थापित

राज्य में करीब 290 सार्वजनिक चार्जिंग स्टेशन स्थापित हैं। रायपुर, दुर्ग और बिलासपुर जिलों में लगभग 50 प्रतिशत चार्जिंग स्टेशन मौजूद हैं, जबकि शेष 50 प्रतिशत चार्जिंग स्टेशन अन्य जिलों में हैं। सभी शोरूम या विक्रय स्थलों पर अनिवार्य रूप से चार्जिंग प्वाइंट स्थापित करने के निर्देश दिए।

बढ़ाए जा रहे चार्जिंग प्वाइंट

परिवहन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि छत्तीसगढ़ में इलेक्ट्रिक वाहन नीति के तहत इलेक्ट्रिक वाहनों की खरीदी और उपयोगिता को बढ़ावा देने विभिन्न स्थानों पर ई-वाहनों के लिए चार्जिंग प्वाइंट की स्थापना को लेकर पिछले महीने इलेक्ट्रिक वाहन निर्माता कंपनियों के प्रतिनिधियों की मंत्रालय बैठक हुई थी। इस बैठक में चार्जिंग स्टेशनों की संख्या बढ़ाने के लिए पेट्रोल पंपों और इलेक्ट्रिक वाहन विक्रेताओं से चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने पर जोर दिया गया।

जिन जिलों में चार्जिंग स्टेशन की संख्या कम है, वहां प्राथमिकता के आधार पर चार्जिंग स्टेशनों की स्थापना करने का काम चल रहा है। चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर को प्रोत्साहित करने के लिए सरकार की ओर से विशेष उपाय किए गए हैं, जिनमें चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने वाले हितग्राहियों को सब्सिडी प्रदान करने का प्राविधान शामिल है।

12 हजार बिके ई-वाहन लेकिन ई-चार्जिंग पर्याप्त नहीं

वित्तीय वर्ष 2024-25 में विभिन्न कंपनियों द्वारा 12,617 इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री की गई है, जो राज्य की ई-वाहन नीति में निर्धारित लक्ष्य से अधिक है। यह रुझान बताता है कि ई-वाहनों की बिक्री में लगातार वृद्धि हो रही है, लेकिन मुख्य चुनौती पर्याप्त और सुलभ ई-चार्जिंग प्वाइंट की उपलब्धता बनी हुई है।

इस वर्ष राज्य सरकार ने रायपुर में 100, दुर्ग भिलाई और बिलासपुर में 50-50 और कोरबा में 40 कुल 240 ई-बस उतारने की योजना मंजूर करने के साथ ही 52.75 करोड़ रुपए नागरिक सुविधाओं और विद्युत संरचना के विकास के लिए स्वीकृत की है। अधिकारियों ने बताया कि निविदा प्रक्रिया पूर्ण हो चुकी है और अनुबंध शीघ्र ही दिए जाएगे,जो अब तक नहीं हो पाया है।

ई-कार के लिए रायपुर से अंबिकापुर, जगदलपुर समेत अन्य शहरों तक चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने की योजना पर तेजी से काम चल रहा है। प्रत्येक 40-40 किलोमीटर में यह व्यवस्था होनी चाहिए। खासकर पेट्रोल पंपों में स्थापित करने को कहा गया है। वहीं रायपुर नगर निगम ई-बसों के लिए चार्जिंग स्टेशन बना रहा है।

-डी.रविशंकर, अपर परिवहन आयुक्त

छत्तीसगढ़/ बच्चों की जान से खिलवाड़! स्कूल के खाने में नजर आए कीड़े, प्रिंसिपल को मिला नोटिस

छत्तीसगढ़/ बच्चों की जान से खिलवाड़! स्कूल के खाने में नजर आए कीड़े, प्रिंसिपल को मिला नोटिस

 

रायगढ़ सरकारी स्कूलों में बच्चों को पौष्टिक व स्वच्छ भोजन उपलब्ध कराने के लिए शासन द्वारा करोड़ों खर्च किए जा रहे हैं, दूसरी ओर स्कूल प्रबंधन की लापरवाही के कारण बच्चों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ हो रहा है।

ताजा मामला घरघोड़ा विकासखंड के संकुल केंद्र टेरम स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय का है। यहां आकस्मिक निरीक्षण पर पहुंचे अधिकारी को मध्याह्न भोजन में कीड़े मिले हैं। मामले में बीईओ ने प्राचार्य को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है।

प्रिंसिपल को मिला नोटिस

टेरम स्कूल के प्राचार्य किशोर देवांगन पर यह आरोप है कि उनकी सीधी निगरानी में बच्चों को गंदा भोजन परोसा जा रहा था। यह आचरण न सिर्फ घोर लापरवाही है बल्कि छत्तीसगढ़ सिविल सेवा आचरण नियम 1965 का भी खुला उल्लंघन है।

विकासखंड शिक्षा अधिकारी ने इस गंभीर लापरवाही पर प्राचार्य को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। शासन द्वारा समय-समय में जारी साफ-सफाई, सावधानी एवं सतर्कता बरतने संबंधी आवश्यक दिशा-निर्देशों को रसोईयों एवं स्व सहायता समूहों को आपके द्वारा निर्देशित नहीं किया गया।

इससे प्रतीत होता है कि बच्चों के सेहत का कोई ख्याल नहीं रखते हुए बिना साफ-सफाई कर भोजन तैयार किया जा रहा है तथा अपने कर्तव्य के प्रति लापरवाही व अनुशासनहीनता बरती जा रही है जो कि छ०ग० सिविल सेवा आचरण अधिनियम-1965 के नियम-3 के विपरीत है। इस कृत्य के लिए क्यों न वरिष्ठ कार्यालय को आपके विरूद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही हेतु प्रस्तावित किया जाए।

बहरहाल तीन दिवस के भीतर शालेय कार्यावधि के पश्चात अधोहस्ताक्षरकर्ता के समक्ष स्वतः उपस्थित होकर अपना स्पष्टीकरण अनिवार्यतः प्रस्तुत करना सुनिश्चित करने का निर्देश दिए है। वहीं, स्पष्टीकरण संतोषजनक स्थिति नहीं पाये जाने पर आगामी माह का वेतन लंबित रखते हुए खिलाफ एकपक्षीय कार्यवाही की चेतावनी दी गई है।

सेहत से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं के निर्देश से मचा हड़कंप

स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा जारी नोटिस में कई तथ्यों का उल्लेख किया गया है। नोटिस में स्पष्ट कहा गया है कि बच्चों की जान से खिलवाड़ किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अधिकारियों की इस सख्त चेतावनी और निर्देश से अन्य स्कूलों के प्रचार्य एवं प्रधान पाठकों में हड़कंप मच गया है। वही देखना यह भी होगा कि इस निर्देश और सख्ती बातों का कितना असर पड़ता है।

क्या कहते हैं विकासखंड शिक्षा अधिकारी

इस विषय मे जानकारी लेने जब हमने विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी संतोष सिंह से बच्चों के खाने में कीड़े निकलने पर उनके द्वारा जारी नोटिस के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा मेरे ध्यान में नही है,अभी थोड़ा व्यस्त हूं।