महासमुंद सिंघोडा/ सरकारी नर्स की लापरवाही महिला की जान खतरे पर आ गई जाने पूरा मामला कराना पड़ा निजी अस्पताल मे भर्ती पीड़ित ने BMO से की है शिकायत!सरायपाली विकास खंड अंतर्गत ग्राम पैकिन थाना सिंघोड़ा के दुर्गेश जायसवाल पिता श्री रत्थुलाल जायसवाल ने बताया कीमे रे पत्नी गीता जायसवाल को 15/06/2024 को सिंघोडा स्वास्थ्य केंद्र प्रसव के बाबत ले जाया गया सिंघोड़ा में ड्यूटी कर रही नर्स टी नागवंशी द्वारा मेरी पत्नी का प्रसव कराया गया जिस दौरान प्रसव वाले –/// खबर अभी बाकी है
जगह पे नीचे छोटा सा चीरा लगाया जाता है नर्स ने वह चीरा नहीं लगाया परन्तु प्रसव के समय नॉर्मल प्रसव हुआ इसलिए अपने आप नीचे की झिल्ली फट गई और स्वतः एक चीरा लग गया चूंकि उस चीरा का ज्ञान हम परिजनों को नहीं था लेकिन लगभग रोज एक प्रसव कराने वाली नर्स को इसका ज्ञान होना चाहिए था उसने खुद से चीरा की सिलाई नहीं की
और नर्स से सिलाई नही हो सकती थी तो इसकी जानकारी हम परिजनों को दे सकती थी ताकि हम मरीज़ का इलाज किसी दूसरे अस्पताल में करवाते और मरीज़ के अधिकतम बीमार होने की आशंका नहीं होती किंतु उस नर्स
ने हमे इस बात की कोई जानकारी नहीं दी और कहा की सब कुछ ठीक है और किसी भी प्रकार के इलाज की ज़रूरत नही है इस प्रकार की लापरवाही प्रसव कराने वाली नर्स द्वारा बिलकुल सही नहीं है
4-5 दिन बाद मेरी पत्नी के प्रसव वाले जगह में इन्फेक्शन और घाव दोनो बढ़ गया मेरी पत्नी की तबियत इतनी ज्यादा खराब हो गई की उसको सुभा नर्सिंग होम झिलमिला में 2 दिन तक एडमिट करके रखना पड़ा जिससे मुझ गरीब परिवार के व्यक्ति को 15 हजार धनराशि का भुगतान प्राइवेट अस्पताल में करना पड़ा इसके अलावा आने जाने मे भी बहुत खर्च हुवा और मेरी पत्नी को जो दुख तकलीफ और पत्नी के प्राण संकट में आने का दुख अलग हुआ तब जा के तबियत में थोड़ा सुधार आया इस तरह की इतनी बड़ी लापरवाही से किसी भी व्यक्ति के प्राण को हानि हो सकती है
वर्तमान के समय में मरीज़ गीता जायसवाल के इलाज और देखभाल करने में व्यस्त रहने के कारण मैं आपसे मिल के शिकायत ब्लॉक चिकित्सा अधिकारी को wahatsapp के माध्यम से शिकायत कर रहा हूं।
अतः सिंघोड़ा स्वास्थ्य केंद्र में उपस्थित नर्स टी नागवंशी के नाम से मैं दुर्गेश जायसवाल निवासी ग्राम पैकिन मरीज़ गीता जायसवाल का पति आपसे शिकायत करता हूं कृपया मामले की पूर्ण जांच करें और दोषी पर उचित कार्यवाही करें ।







में प्रत्येक ग्राम में ग्राम सभा का आयोजन अनिवार्य रूप से कराये जाने के निर्देश है। पंचायत विभाग द्वारा इस संबंध में सभी जिला कलेक्टरों को जिले की प्रत्येक ग्राम पंचायत मुख्यालय एवं उनके आश्रित ग्रामों में ग्रामसभा का आयोजन करने के लिए एक समय-सारिणी तैयार कर स्थानीय आवश्यकता अनुसार अधिकारियों और कर्मचारियों को विशेष जिम्मेदारी देने के निर्देश दिये है।