CG बसना पहाड़ों में ड्रिलिंग के बाद अरबों के दुर्लभ खनिज भंडार के संकेत को लेकर डेक्कन गोल्ड माइंस ने की घोषणा भालुकोना-जमनीडीह बन सकता है भारत का पहला निकेल-कॉपर-PGE परियोजना
महाजनपद न्यूज
छत्तीसगढ़ की धरती के नीचे छिपा खनिज खजाना अब देशभर का ध्यान अपनी ओर खींच रहा है। महासमुंद जिले के भालुकोना क्षेत्र में निकेल, कॉपर और प्लैटिनम ग्रुप एलिमेंट्स यानी PGE जैसे रेयर मिनरल्स के मजबूत संकेत मिले हैं। शुरुआती ड्रिलिंग में सामने आए सकारात्मक नतीजों ने इस इलाके को राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बना दिया है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि आगे की जांच में बड़े भंडार की पुष्टि होती है, तो महासमुंद भारत के पहले निकेल-कॉपर-PGE माइनिंग प्रोजेक्ट की पहचान हासिल कर सकता है
आंध्र प्रदेश की जोन्नागिरी स्वर्ण परियोजना से जुड़ी डेक्कन गोल्ड माइंस लिमिटेड ने पहले चरण की ड्रिलिंग के सकारात्मक परिणामों की घोषणा की है। कंपनी के मुताबिक भालुकोना-जमनीडीह क्षेत्र में अब तक करीब 1200 मीटर ड्रिलिंग पूरी की जा चुकी है। शुरुआती रिपोर्ट में 60 मीटर से अधिक क्षेत्र में खनिजयुक्त परतों और निकेल-कॉपर से जुड़े सल्फाइड मिनरल्स के संकेत मिले हैं।
निकेल और कॉपर आज दुनिया की सबसे महत्वपूर्ण धातुओं में गिने जाते हैं। इलेक्ट्रिक वाहन, मोबाइल बैटरी, सोलर पैनल, रक्षा उपकरण और हाईटेक इंडस्ट्री में इनकी मांग तेजी से बढ़ रही है। वहीं PGE यानी प्लैटिनम ग्रुप एलिमेंट्स का उपयोग ऑटोमोबाइल, मेडिकल उपकरण और ग्रीन टेक्नोलॉजी में बड़े स्तर पर होता है।
भारत फिलहाल इन क्रिटिकल मिनरल्स के लिए बड़े पैमाने पर आयात पर निर्भर है। ऐसे में छत्तीसगढ़ में इन खनिजों के संकेत मिलना केवल राज्य ही नहीं बल्कि देश की रणनीतिक और आर्थिक जरूरतों के लिए भी अहम माना जा रहा है।
डेक्कन गोल्ड माइंस लिमिटेड के प्रबंध निदेशक डॉ. हनुमा प्रसाद मोडाली ने कहा है कि पहले चरण की सफलता ने परियोजना की संभावनाओं को और मजबूत किया है। कंपनी अब ड्रिलिंग और खोज कार्य में तेजी लाकर खनन योग्य संसाधनों का आकलन करेगी और माइनिंग लीज प्रक्रिया को आगे बढ़ाएगी।
राज्य सरकार ने पहले ही इस ब्लॉक के लिए कंपोजिट लाइसेंस जारी किया है, जिससे प्रॉस्पेक्टिंग से लेकर माइनिंग तक की प्रक्रिया को गति मिली है। यदि आगे बड़े भंडार की पुष्टि होती है, तो महासमुंद की पहचान कृषि और व्यापार से आगे बढ़कर देश के महत्वपूर्ण खनिज केंद्र के रूप में भी बन सकती है।



