महासमुंद/दुर्घटना में मृतक के परिजन को दो लाख रुपए एवं घायल को 50 हजार रुपए प्रतिकर सहायता राशि स्वीकृत

महासमुंद/दुर्घटना में मृतक के परिजन को दो लाख रुपए एवं घायल को 50 हजार रुपए प्रतिकर सहायता राशि स्वीकृत

 

महासमुन्द, दावा निपटान आयुक्त एवं कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह द्वारा दुर्घटना में मृतक के परिजन एवं घायल को हुए घोर अपहानि को दृष्टिगत रखते हुए दो लाख 50 हजार रूपए प्रतिकर सहायता राशि स्वीकृत की गई है।

इनमें राष्ट्रीय राजमार्ग-53 तुमगांव रायपुर बाईपास से तुमगांव ओवरब्रिज के मध्य टक्कर मारकर भागने मोटरयान सड़क दुर्घटना में महासमुंद निवासी श्री सुरेश साहू की मृत्यु हो गई थी। अपहानि के कारण मृतक के विधिक प्रतिनिधि एवं पत्नी श्रीमती संगीता साहू को दो लाख रुपये की प्रतिकर सहायता राशि स्वीकृत की गई है।

इसी प्रकार संजय कानन ग्राम खैरा के पास नयापारा महासमुंद निवासी श्रीमती ममता देवार को टक्कर मारकर भागने मोटरयान सड़क दुर्घटना से घायल होने पर 50 हजार रुपए की प्रतिकर सहायता राशि स्वीकृत की गई है।

महासमुंद/आर.बी.सी. 6-4 के तहत 08 लाख रुपए की आर्थिक सहायता अनुदान राशि स्वीकृत

महासमुंद/आर.बी.सी. 6-4 के तहत 08 लाख रुपए की आर्थिक सहायता अनुदान राशि स्वीकृत

 

महासमुंद/ कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने राजस्व पुस्तक परिपत्र 6-4 के तहत प्राकृतिक आपदा से मृत्यु होने पर 2 मृतकों के निकटतम वारिसानों के लिए चार-चार लाख रुपए के मान से कुल 08 लाख रुपए की आर्थिक सहायता अनुदान राशि स्वीकृत की है।

इनमें महासमुंद विकासखण्ड अंतर्गत पानी में डूबने से मृत्यु होने पर ग्राम चिंगरौद की मृतिका क्षमा साहू के पिता श्री राधे साहू के लिए तथा सरायपाली विकासखंड अंतर्गत सर्पदंश से मृत्यु होने पर ग्राम जलपुर के मृतक श्री जलधर चौहान की पत्नी श्रीमती गीता चौहान के लिए चार-चार लाख रुपए आर्थिक सहायता अनुदान राशि स्वीकृत की गई है।

छत्तीसगढ़ में दिल दहला देने वाली वारदात: कोटवार की पीट-पीटकर हत्या, आरोपी को पुलिस ने दबोचा

छत्तीसगढ़ में दिल दहला देने वाली वारदात: कोटवार की पीट-पीटकर हत्या, आरोपी को पुलिस ने दबोचा

छत्तीसगढ़/कवर्धा : बोड़ला थाना क्षेत्र में देर रात शराब के नशे में विवाद के दौरान युवक ने कोटवार नरेंद्र मानिकपुरी की डंडे से पीट-पीटकर हत्या कर दी। घटना की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और और शव को पोस्टमार्टम के लिए मर्च्युरी भेजा। वहीं आरोपी को गिरफ्तार कर पूछताछ की जा रही है। पूरा मामला ग्राम पंचायत भीरा के आश्रित ग्राम मांदीभाटा का है।

 

जानकारी के मुताबिक, कोटवार नरेंद्र मानिकपुरी का आरोपी चैन सिंह से किसी बात को लेकर विवाद हो गया। विवाद इतना बढ़ा कि चैन सिंह ने आवेश में आकर डंडे से हमला कर दिया, जिससे कोटवार गंभीर रूप से घायल हो गया। स्थानीय लोगों ने घायल कोटवार को तत्काल अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

 

मृतक नरेंद्र मानिकपुरी नगर पंचायत बोड़ला के निवासी थे, जो ग्राम पंचायत भीरा के कोटवार थे। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए मर्च्युरी भेजा। बोड़ला पुलिस ने मामले में तत्परता दिखाते हुए ग्राम मांदीभाटा निवासी आरोपी चैन सिंह को हिरासत में लिया है और उससे पूछताछ कर रही है। पुलिस का कहना है कि घटना शराब के नशे और आपसी कहासुनी के चलते हुई। बोड़ला थाना प्रभारी ने बताया, घटना की जांच की जा रही है। आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

 

छत्तीसगढ़ : उच्च अधिकारियों के आदेशों की अवहेलना और स्वेच्छाचारिता पड़े भारी, शिक्षक संजय नायक निलंबित

रायपुर : उच्च अधिकारियों के आदेशों की अवहेलना और स्वेच्छाचारिता पड़े भारी, शिक्षक संजय नायक निलंबित

छत्तीसगढ़/जशपुर जिले के पत्थलगांव विकासखंड अंतर्गत शासकीय प्राथमिक शाला तेन्दूपारा में पदस्थ सहायक शिक्षक (एल.बी.) श्री संजय नायक को उच्चाधिकारियों के आदेशों की अवहेलना एवं स्वेच्छाचारिता बरतने के आरोप में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के नियम 03 के उल्लंघन तथा कदाचरण की श्रेणी में पाए जाने पर छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम 1966 के नियम 9 के तहत की गई है।

जिला शिक्षा अधिकारी जशपुर द्वारा जारी आदेश में उल्लेख किया गया है कि 4 जून 2025 को शासकीय प्राथमिक शाला तेन्दूपारा संकुल लुड़ेग में श्रीमती शालेन कुजूर की पदस्थापना की गई थी। इसके बावजूद सहायक शिक्षक श्री संजय नायक द्वारा उन्हें विद्यालय में कार्यभार ग्रहण नहीं कराया गया।

इस विषय में विकासखंड शिक्षा अधिकारी पत्थलगांव द्वारा 11 जून 2025 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया था, जिसका जवाब संजय नायक द्वारा प्रस्तुत नहीं किया गया। 10 जुलाई 2025 को प्रस्तुत प्रतिवेदन के अनुसार, शिक्षक संजय नायक के इस व्यवहार से यह स्पष्ट होता है कि उन्होंने जानबूझकर आदेशों का पालन नहीं किया और प्रशासनिक कार्यों में बाधा उत्पन्न की।

उक्त कृत्य शासन के सेवा आचरण नियमों के सर्वथा विपरीत पाए जाने पर उन्हें निलंबित किया गया है। निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय, बगीचा नियत किया गया है तथा वे नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ते के पात्र होंगे।

 

छत्तीसगढ़: सूचना-प्रसार की दिशा में छत्तीसगढ़ बना रोल मॉडल : छत्तीसगढ़ संवाद व जनसंपर्क विभाग की कार्यप्रणाली ने महाराष्ट्र के अधिकारियों को किया प्रभावित

छत्तीसगढ़: सूचना-प्रसार की दिशा में छत्तीसगढ़ बना रोल मॉडल : छत्तीसगढ़ संवाद व जनसंपर्क विभाग की कार्यप्रणाली ने महाराष्ट्र के अधिकारियों को किया प्रभावित

छत्तीसगढ़/महाराष्ट्र सरकार के जनसंपर्क एवं सूचना विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों का एक अध्ययन दल 5 से 7 अगस्त 2025 तक तीन दिवसीय दौरे पर छत्तीसगढ़ में प्रवास पर रहा। इस दौरे का उद्देश्य छत्तीसगढ़ शासन द्वारा सूचना, जनसंपर्क और शासकीय योजनाओं के प्रचार-प्रसार के क्षेत्र में किए जा रहे नवीनतम नवाचारों और प्रभावी कार्यप्रणालियों का प्रत्यक्ष अवलोकन एवं अध्ययन करना था।

अध्ययन दल में महाराष्ट्र शासन की उप सचिव श्रीमती समृद्धि अंगोलकर, निदेशक श्री किशोर गंगरडे सहित कुल छह वरिष्ठ अधिकारी शामिल थे। दल ने छत्तीसगढ़ शासन के जनसंपर्क विभाग एवं उसकी सहायक संस्था छत्तीसगढ़ संवाद की संपूर्ण कार्यप्रणाली का अध्ययन किया।

भ्रमण के दौरान अधिकारियों ने ई-न्यूज़ क्लिपिंग, ई-आरओ सिस्टम, ई-पब्लिकेशन, पत्रकार अधिमान्यता प्रणाली, तथा पत्रकारों के कल्याण हेतु संचालित योजनाओं का गहन अध्ययन किया। इसके साथ ही उन्होंने छत्तीसगढ़ संवाद की संगठनात्मक संरचना, संचालन तंत्र तथा तकनीकी नवाचारों के विभिन्न पहलुओं की विस्तृत जानकारी भी प्राप्त की।

इस अवसर पर अध्ययन दल ने जनसंपर्क विभाग के आयुक्त डॉ. रवि मित्तल से सौजन्य मुलाकात की। जनसंपर्क आयुक्त डॉ. मित्तल ने कहा कि छत्तीसगढ़ जनसंपर्क विभाग का यह सतत प्रयास रहा है कि शासकीय योजनाओं और जनहितकारी नीतियों की जानकारी आम जनता तक त्वरित, पारदर्शी और प्रभावशाली ढंग से पहुँचे। सूचना के क्षेत्र में तकनीक और मानवीय दृष्टिकोण के संतुलित समावेशन ने हमारी कार्यप्रणाली को विशिष्ट बनाया है। यह हमारे लिए प्रसन्नता की बात है कि अन्य राज्य भी हमारे नवाचारों में रुचि ले रहे हैं। यह अनुभव-साझाकरण एक सकारात्मक और रचनात्मक दिशा में उठाया गया कदम है।

अध्ययन दल ने इंद्रावती भवन स्थित जनसंपर्क संचालनालय एवं छत्तीसगढ़ संवाद कार्यालय का भ्रमण कर विभिन्न शाखाओं के संचालन का प्रत्यक्ष अवलोकन किया और विभाग की प्रमुख गतिविधियों को निकट से जाना।

अपर संचालक श्री जे.एल. दरियो, श्री उमेश मिश्रा एवं श्री संजीव तिवारी ने अध्ययन दल को विभाग की प्रमुख गतिविधियों, कार्यप्रणाली और तकनीकी अनुप्रयोगों की जानकारी विस्तार से प्रदान की।महाराष्ट्र से आए अध्ययन दल के सदस्यों ने छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा सूचना एवं जनसंपर्क के क्षेत्र में किए जा रहे नवाचारों की सराहना करते हुए उन्हें अपने राज्य में भी लागू करने की संभावनाओं में गहरी रुचि जताई।

इस अवसर पर जनसंपर्क विभाग और छत्तीसगढ़ संवाद के विभिन्न अधिकारीगण उपस्थित थे।

 

छत्तीसगढ़ : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से बुनकर समाज के प्रतिनिधिमंडल ने की सौजन्य भेंट

छत्तीसगढ़ : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से बुनकर समाज के प्रतिनिधिमंडल ने की सौजन्य भेंट

राष्ट्रीय हथकरघा दिवस पर मुख्यमंत्री को करघा भेंटकर किया अभिनंदन प्रदेश में बुनकरों के सम्मान, समृद्धि और सशक्तिकरण हेतु किए जा रहे हैं विशेष प्रयास – मुख्यमंत्री

jराष्ट्रीय हथकरघा दिवस के अवसर पर छत्तीसगढ़ बुनकर समाज के प्रतिनिधिमंडल ने राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से सौजन्य भेंट की।

मुख्यमंत्री श्री साय ने सभी प्रतिनिधियों का आत्मीय स्वागत करते हुए उन्हें राष्ट्रीय हथकरघा दिवस की हार्दिक शुभकामनाएँ दीं। मुख्यमंत्री ने बुनकर समाज की सराहना करते हुए कहा कि  हथकरघा कला हमारी समृद्ध विरासत है, जो प्रदेश को एक विशिष्ट पहचान दिलाती है और हमारी सांस्कृतिक अस्मिता को सशक्त बनाती है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ का बुनकर समाज अपने श्रम, कौशल और रचनात्मकता के माध्यम से राज्य का गौरव बढ़ा रहा है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राज्य सरकार बुनकरों की समृद्धि, सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता के लिए बहुआयामी प्रयास कर रही है। कच्चा माल सुलभ कराने से लेकर लागत कम करने और विपणन की बेहतर सुविधाएँ प्रदान करने तक, हर मोर्चे पर योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि बुनकरों की आत्मनिर्भरता ही उनकी रचनात्मक उड़ान को नई ऊँचाई दे सकती है।

प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा दिए गए “वोकल फॉर लोकल” के मंत्र का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि यह समय हमारे पारंपरिक उत्पादों और हुनर को प्रोत्साहन देने का है। हथकरघा उद्योग केवल आजीविका का माध्यम नहीं, बल्कि सांस्कृतिक चेतना का जीवंत प्रतीक है, जिसे बुनकर समाज आज भी सहेजे हुए है।

इस अवसर पर समाज के सदस्यों ने मुख्यमंत्री को बुनकरों द्वारा निर्मित करघा (कपड़ा बुनने की पारंपरिक मशीन) की प्रतिकृति भेंट की। मुख्यमंत्री ने कहा कि आपकी यह भेंट न केवल आपके सम्मान और भावनाओं का प्रतीक है, बल्कि सृजन, परंपरा और हमारे प्रदेश के सांस्कृतिक मूल्यों का भी प्रतीक है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने आश्वस्त किया कि छत्तीसगढ़ सरकार बुनकर समाज के हर संभव सहयोग के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है और उनके सर्वांगीण विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने कहा कि आने वाला समय बुनकरों के सम्मान, समृद्धि और सशक्तिकरण का होगा।

इस अवसर पर बुनकर समाज के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष श्री महेश देवांगन, श्री पुरुषोत्तम देवांगन, श्री धनेश देवांगन, श्री गजेंद्र देवांगन सहित अन्य वरिष्ठ सदस्य उपस्थित थे।

 

महासमुंद में विश्व स्तनपान सप्ताह पर कार्यक्रम आयोजित स्तनपान से शिशु का सम्पूर्ण विकास संभव : श्री देवी चंद राठी

महासमुंद में विश्व स्तनपान सप्ताह पर कार्यक्रम आयोजित स्तनपान से शिशु का सम्पूर्ण विकास संभव : श्री देवी चंद राठी

 

महासमुन्द/ महिला एवं बाल विकास विभाग के तत्वावधान में सेजेस महासमुंद में विश्व स्तनपान सप्ताह के अवसर पर बुधवार को जागृति शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में महिला एवं बाल विकास विभाग के सभापति श्रीमती देवकी पटेल एवं अध्यक्ष के रूप में नगर पालिका उपाध्यक्ष श्री देवी चंद राठी शामिल हुए। इस अवसर पर नगर पालिका के पार्षदगण एवं विभाग के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए श्रीमती देवकी पटेल ने कहा कि स्तनपान केवल एक प्राकृतिक प्रक्रिया नहीं, बल्कि यह शिशु के सम्पूर्ण मानसिक, शारीरिक और भावनात्मक विकास की नींव है। माताएं अपने बच्चों को 6 माह तक केवल स्तनपान कराएं और इसके बाद पोषणयुक्त पूरक आहार देना शुरू करें। इससे बच्चे कुपोषण से दूर रहते हैं। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे नगर पालिका उपाध्यक्ष श्री देवीचंद राठी ने कहा कि जागरूकता शिविर के माध्यम से माताओं को यह बताया जाना आवश्यक है कि शिशुवती माताओं को अपने शिशु को जन्म के पश्चात ही मां का दूध पिलाना चाहिए। उन्होंने कहा कि इस सप्ताह के माध्यम से आंगनबाड़ी केन्द्रों में विभिन्न कार्यक्रम किया जाएगा, जो कि एक अच्छी पहल है।

कार्यक्रम में 3 गर्भवती माताओं का गोद भराई एवं 3 बच्चों का अन्नप्राशन कराया गया। इस अवसर पर विभिन्न स्वास्थ्य वर्धक पूरक पोषण आहार का प्रदर्शन किया गया। इन गतिविधियों के माध्यम से समुदाय में महिलाओं और परिजनों को पोषण के महत्व की जानकारी दी गई। कार्यक्रम में जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारी श्री राजीव पांडेय मौजूद थे।

महासमुंद शहरी परियोजना की अधिकारी श्रीमती शैल नाविक ने कहा कि स्तनपान केवल बच्चे को पोषण नहीं देता, बल्कि मां और शिशु के बीच गहरा भावनात्मक संबंध भी स्थापित करता है। यह बच्चे की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता है और मां को भी कई बीमारियों से बचाता है। सुपरवाइजर शीला प्रधान एवं ग्रामीण परियोजना की सुपरवाइजर ने बताया कि इस सप्ताह के अंतर्गत आंगनबाड़ी केंद्रों में विभिन्न गतिविधियां जैसे रैली, नुक्कड़ नाटक, चित्रकला प्रतियोगिता आदि आयोजित की जाएंगी, जिससे समुदाय में स्तनपान के प्रति जागरूकता बढ़ेगी। इस अवसर पर विभाग की ओर से पोषण पर आधारित जानकारी दी गई और उपस्थित महिलाओं को स्तनपान एवं शिशु आहार के संबंध में मार्गदर्शन दिया गया।

महासमुंद/पुनरीक्षित हॉफ बिजली बिल योजना से जिले के एक लाख 40 हजार से अधिक सामान्य और कमजोर वर्ग के उपभोक्ता होंगे लाभान्वित

महासमुंद/पुनरीक्षित हॉफ बिजली बिल योजना से जिले के एक लाख 40 हजार से अधिक सामान्य और कमजोर वर्ग के उपभोक्ता होंगे लाभान्वित

महासमुन्द/ छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा घरेलू उपभोक्ताओं को राहत देने हेतु हॉफ बिजली बिल योजना में संशोधन करते हुए अब 100 यूनिट तक की मासिक खपत पर 50 प्रतिशत रियायत देने का निर्णय लिया गया है। अधीक्षण अभियंता (वृत्त) श्री वाय. के. मनहर ने बताया कि पुनरीक्षित योजना से महासमुन्द जिले के लगभग एक लाख 40 हजार 393 सामान्य और कमजोर वर्ग के उपभोक्ता लाभान्वित होंगे। जिले के 56 हजार 501 बीपीएल परिवारों को पूर्ववत 30 यूनिट तक मुफ्त बिजली मिलती रहेगी, साथ ही वे हॉफ बिजली बिल योजना के अन्य लाभों के भी पात्र बने रहेंगे।

इसी कड़ी में प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना को भी जिले में प्रभावी रूप से लागू किया जा रहा है। इस योजना के तहत रूफटॉप सोलर प्लांट लगाने पर उपभोक्ताओं को अधिकतम एक लाख 08 हजार तक की सब्सिडी प्रदान की जा रही है। इनमें 2 किलोवॉट प्लांट पर 90 हजार तक सब्सिडी जिसमें 60 हजार केंद्र और 30 हजार राज्य सरकार द्वारा एवं 3 किलोवॉट प्लांट पर एक लाख 08 हजार सब्सिडी जिसमें 78 हजार केंद्र और 30 हजार रुपए राज्य सरकारी की ओर से सब्सिडी मिलती है। बैंक ऋण के लिए 6.3 से 6.5 प्रतिशत वार्षिक ब्याज दर पर आसान दस्तावेज़ों के साथ वित्तीय सहायता उपलब्ध है, जिसमें बिजली बिल, आधार, पैन कार्ड, वेंडर कोटेशन व फिज़िबिलिटी रिपोर्ट शामिल हैं।

अब तक जिले में 2759 आवेदन प्राप्त हुए हैं। 2006 उपभोक्ताओं ने वेंडर का चयन कर लिया है। 319 घरों में सोलर प्लांट स्थापित कर निरीक्षण पूर्ण हुआ है एवं 230 हितग्राहियों को सब्सिडी का भुगतान भी किया जा चुका है।

उल्लेखनीय है कि वर्तमान में बाजार में 3 किलोवॉट तक के डीसीआर सोलर सिस्टम की कीमत 1.8 लाख से 2.10 लाख तक है, जिसमें सब्सिडी घटाकर शेष राशि उपभोक्ताओं को वहन करनी होती है। कई बीमा कंपनियां सोलर प्लांट का बीमा भी उपलब्ध करा रही हैं। 2 किलोवॉट या उससे अधिक क्षमता वाले प्लांट से प्रतिमाह औसतन 240 यूनिट से अधिक बिजली का 25 साल तक कर सकते हैं, जो 03 अगस्त 2025 के पहले लागू हॉफ बिजली योजना से मिलने वाली अधिकतम छूट 400 यूनिट पर 200 यूनिट रियायत से भी ज्यादा है। जिससे उपभोक्ता न सिर्फ स्वयं की बिजली जरूरतें पूरी कर सकते हैं, बल्कि अतिरिक्त बिजली ग्रिड को बेचकर आय अर्जित भी कर सकते हैं। यह योजना न सिर्फ स्वच्छ ऊर्जा, आर्थिक बचत और ऊर्जा आत्मनिर्भरता की ओर प्रेरित करेगी, बल्कि पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी एक बड़ा कदम साबित होगा।

उपभोक्ताओं को इन योजनाओं का लाभ पूरी तरह ऑनलाइन प्रक्रिया के माध्यम से प्रदान किया जा रहा है। अधिक जानकारी और आवेदन के लिए उपभोक्ता https://pmsuryaghar.gov.in पोर्टल पर अवलोकन कर सकते हैं अथवा पीएम सूर्यघर मोबाईल ऐप सीएसपीडीसीएल के वेबसाईट, मोर बिजली ऐप एवं बिजली कंपनी की टोल फ्री नंबर 1912 पर कॉल कर आवेदन कर सकते है। अधिक जानकारी के लिए सीएसपीडीसीएल के नजदीकी बिजली दफ्तर में संपर्क कर सकते है। इस स्कीम के तहत उपभोक्ता सौर प्लांट के स्थापना हेतु वेंडर का चयन ऑनलाईन खुद कर सकते है।

सौर प्लांट स्थापित होने के बाद केन्द्र एंव राज्य से प्राप्त होने वाली सब्सिडी राशि सीधे उपभोक्ता के खाते में अथवा बैंक से लोन लेने वाले प्रकरण में सीधे बैंक के खाते में प्राप्त होगी। इच्छुक हितग्राही जो इस योजना का लाभ लेना चाहते है, वे आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर आवेदन कर सकते है और एक उज्ज्वल और हरित भविष्य की ओर कदम बढ़ा सकते है।

महासमुंद/पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत शिविर का आयोजन 30 से अधिक कर्मचारियों ने दी सोलर पैनल लगाने की सहमति

महासमुंद/पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत शिविर का आयोजन 30 से अधिक कर्मचारियों ने दी सोलर पैनल लगाने की सहमति

महासमुन्द/ प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के प्रचार-प्रसार एवं लाभान्वयन हेतु 06 अगस्त को विद्युत वितरण विभाग द्वारा बीटीआई रोड स्थित विद्युत कंपनी परिसर में शिविर का आयोजन किया गया। यह शिविर छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड (सीएसपीडीसीएल) के महासमुन्द ग्रामीण वितरण केन्द्र परिसर में संपन्न हुआ।

शिविर में अधीक्षण अभियंता (वृत्त) श्री वाय. के. मनहर एवं कार्यपालन अभियंता (सं/स) श्री पी. आर. वर्मा द्वारा उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना के तहत अपने मकानों की छतों पर रूफटॉप सोलर पैनल अनिवार्य रूप से लगाने हेतु प्रेरित किया गया। उन्होंने इस महत्वाकांक्षी योजना के लाभ, पर्यावरणीय महत्व तथा दीर्घकालिक बचत की जानकारी भी साझा की। शिविर के दौरान लगभग 30 अधिकारियों-कर्मचारियों ने अपने घरों में रूफटॉप सोलर पैनल स्थापित करने हेतु सहमति दी, जिससे स्पष्ट होता है कि यह योजना विभागीय कर्मचारियों के बीच भी उत्साहपूर्वक अपनाई जा रही है।

इस अवसर पर कार्यपालन अभियंता श्री एल. के. राठौर, श्रीमती मुक्तेश्वरी साहू, एस. के. लांझी, व्ही. के. टंडन, नरेन्द्र साहू, एम. एल. सिन्हा, सुरेश साहू, ए. के. ध्रुव, के. एल. निर्मलकर, वर्धमान आनंद उइके, अमर सिंह कंवर, गौतम राज, अनिल कश्यप, प्रखर कुमार चन्द्रवंशी, भूपेन्द्र कुमार साहू, प्रभात श्रीवास्तव, राजेश देवांगन, डोमार चन्द्राकर, अश्वनी तिवारी, कमलेश चन्द्राकर, कृष्ण कुमार तावेरकर, श्रीमती सुमित्रा जटवार, शैलेन्द्र भुवाल, श्रीमती राधा चन्द्राकर, श्रीमती झमित उइके, विकास गिरी गोस्वामी, अमित चन्द्राकर, रेणुका वर्मा, गिरजा साहू, सूरज वर्मा, भुनेश्वर पटेल, धनेश साहू, डिगेश पटेल, रेखुराम साहू सहित कुल 100 से अधिक अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

महासमुंद/सांकरा ग्राम लालमाटी में अवैध शराब के साथ एक आरोपी गिरफ्तार, 60 लीटर हाथ भट्ठी शराब जब्त

महासमुंद/सांकरा ग्राम लालमाटी में अवैध शराब के साथ एक आरोपी गिरफ्तार, 60 लीटर हाथ भट्ठी शराब जब्त

 

महासमुंद /थाना सांकरा पुलिस ने अवैध शराब के विरुद्ध बड़ी कार्रवाई करते हुए ग्राम लालमाटी के सिदार पोल्ट्री फार्म से एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। आरोपी के कब्जे से 60 लीटर हाथ भट्ठी महुआ शराब बरामद की गई, जिसकी कीमत लगभग 12,000 रुपये आंकी गई है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, प्रार्थी प्रधान आरक्षक नीलकंठ नायक अपने हमराह स्टाफ व आरक्षकों के साथ दिनांक 06 अगस्त को ग्राम सल्डीह की ओर गश्त पर रवाना हुए थे। इसी दौरान उन्हें मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि ग्राम लालमाटी चौक स्थित सिदार पोल्ट्री फार्म में एक व्यक्ति अवैध रूप से शराब बेचने के लिए रखे हुआ है।

सूचना की तस्दीक के लिए दो स्वतंत्र गवाहों के साथ मौके पर पहुंची टीम ने घेराबंदी कर दबिश दी। मौके पर सुरेश सिदार (उम्र 35 वर्ष), निवासी लालमाटी थाना सांकरा, उपस्थित मिला। पूछताछ करने पर उसने शराब रखना स्वीकार किया और एक नीले रंग की 60 लीटर क्षमता वाली जरकीन में भरी हाथ भट्ठी महुआ शराब को पेश किया, जिसे मौके पर सीलबंद कर जप्त किया गया।

आरोपी के पास शराब रखने के वैध दस्तावेज नहीं पाए गए, जिसके चलते उसे धारा 34(2) छत्तीसगढ़ आबकारी अधिनियम के तहत गिरफ्तार किया गया। आरोपी को विधिवत रूप से गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।

पुलिस ने बताया कि यह मामला अजमानतीय श्रेणी का है और देहाती नालसी के आधार पर थाना सांकरा में अपराध क्रमांक 0/2025 दर्ज किया गया है।