बसना -/इस गाँव मे पीएम आवास में अमीर अपात्र और शासकीय कर्मचारी को पहुचाया जा रहा है लाभ

बसना -/इस गाँव मे पीएम आवास में अमीर अपात्र और शासकीय कर्मचारी के परिवार को पहुचाया जा रहा है लाभ

बसना से हेमन्त वैष्णव

पीएम आवास योजना अंतर्गत अमीर और अपात्र लोगो को भी साठ गांठ करके फायदा दिलाया जा रहा है जिसके कारण कई पात्र और गरीब तबके के लोगो को इस योजनाओं से दूर रहना पड़ रहा है ।

ग्रामीण क्षेत्रो में ऐसे कई ऐसे मामले देखने को मिलेगा जहां अपात्र लोगो को पीएम आवास योजनाओं का फायदा दिलाया जा रहा है जिनका मकान पहले से पक्का है वे लोग अपने पुराने मकानों को दर्शाकर पीएम आवास का लाभ ले रहे है इसके अलावा कई लोग ऐसे है जो अपने पहले से बनाये हुए घर को दर्शा रहे है और मकान नही बना रहे है इसके अलावा ऐसे कई हितग्राहि मिल जाएंगे जिनके पास ट्रैक्टर और 4 पहिया वाहन है ऐसे लोगो को भी पीएम आवास योजना का लाभ मिला है और अभी भी ऐसे कई हितग्राही है जिन्हें फायदा पहुचाया जा रहा है ।

ताजा मामला बसना ब्लॉक अंतर्गत ग्राम पंचायत गौरटेक का है जहां एक पीएम आवास योजना का लाभ ले रहे हितग्राही का बेटा शिक्षिक है और वे वर्ग 2 के पोस्ट पर पदस्थ है 2011 के सर्वे सूची देखने पर यह परिवार एक साथ रहता है लेकिन पीएम आवास के जिम्मेदार कर्मचारियों के लापरवाही कहें या मिलीभगत ऐसे परिवारों को भी पीएम आवास का लाभ पहुचाया जा रहा है महाजनपद न्यूज़ के संवाददाता को मिली जानकारी के अनुसार गौरटेक के इंदूबाई के नाम पर पीएम आवास योजना पास हुवा है जबकि इनके बेटे अरुण कुमार निषाद शिक्षिक के पद पर 2009 से पदस्थ है फिर भी ऐसे अपात्र लोगो को योजनाओं का लाभ पहुचाया जाता है सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार एक किश्त राशि का आहरण भी कर लिया गया है जिनका भी खुलासा जल्द किया जाएगा

इसके अलावा ग्राम गौरटेक में एक ऐसे हितग्राही का पता चला जो की पीएम आवास योजना का पूरी राशि आहरण करने के बाद भी पीएम आवास का निर्माण नही कराया है
जिसके वहज से कई झोपडी और कच्चे मकान में रहने वाले लोग ऐसे योजनाओं से वंचित हो जाते है।

मामले में ग्राम पंचायत सचिव झसकेतन साहू ने कहा की ऊपर से जैसे लिस्ट आता है उनका आधार और जो जरूरी कागजात रहते है उनको वेरिफिकेशन के लिए जनपद भेजते है इसके हमारा कोई रोल नही ।

जनपद सीईओ एमआर यदु ने इस मामले में कहा कि अगर शिक्षिक हितग्राही के साथ रहता है तो यह अपात्र है जांच कराया जाएगा।

सरायपाली -/ भूमि स्वामियों की बढ़ेगी परेशानी अब एस डी एम के आदेश पर ही होगा त्रुटि सुधार, -/ प्रमोद सागर

सरायपाली -/ भूमि स्वामियों की बढ़ेगी परेशानी अब एस डी एम के आदेश पर ही होगा त्रुटि सुधार, -/ प्रमोद सागर

त्रुटि का सुधार करने का अधिकार ग्राम पंचायतों को दिया जाना चाहिए ताकि भूमि स्वामियों का त्रुटि सुधार का कार्य सरलता से हो, प्रमोद सागर

 

सरायपाली भाजपा अजा मोर्चा मंडल अध्यक्ष प्रमोद कुमार सागर ने भूपेश बघेल सरकार के रवैया को लेकर कहा कि राजस्व विभाग के आयुक्त भू अभिलेख ने एक बार फिर भुइयाँ सॉफ्टवेयर को लेकर एक बड़ा बदलाव किया है, जिससे किसान अपनी भूमि संबंधित किसी भी तरह के त्रुटि सुधार के लिए अब तहसीलदार की जगह अनुविभागीय अधिकारी राजस्व को आवेदन करेंगे अब किसी भी भूमिस्वामी को अपने नाम, जाति, वर्तनी आदि को सुधार या फिर रकबा खसरा या फसल संशोधन जैसे छोटे छोटे कार्यों का भी त्रुटि सुधार कराना अब आसान नहीं है, अब ना तो पटवारी कार्यालय और न ही तहसील कार्यालय बल्कि सीधे अनुविभागीय अधिकारी को आवेदन देना पड़ेगा और फिर वह तहसीलदार को ज्ञापन देंगे फिर तहसीलदार साहब संबंधित पटवारी को त्रुटि सुधार की भौतिक सत्यापन जांच कर प्रतिवेदन जमा करने की ज्ञापन जारी करेंगे फिर पटवारी द्वारा भूमि स्वामी के पास जाकर उक्त त्रुटि सुधार का भौतिक सत्यापन कर उस ज्ञापन और अपना अभिमत को तहसीलदार के पास जमा करेंगे फिर तहसील कार्यालय द्वारा अनुविभागीय अधिकारी कार्यालय को भेजा जाएगा फिर अनुविभागीय अधिकारी द्वारा त्रुटि सुधार का आदेश जारी होगा इस त्रुटि सुधार का कार्य जो पहले सप्ताह भर में हो जाता था वह अब कम से कम 1 माह का समय निश्चित तो लगेगा ही और अधिकतम समय कितना लग सकता है कुछ कहा नहीं जा सकता.

 

आगे प्रमोद सागर ने कहा कि पूर्व में पटवारी और तहसीलदार से भी यह त्रुटि सुधार हो जाता था,
इससे पहले तक भु राजस्व सहिंता की धारा 115/1 का अधिकार तहसीलदार को था, जिस कारण भूमि संबंधित किसी भी तरह का भी त्रुटि सुधार तहसील कार्यालय स्तर पर ही हो जाती थी.
हमारे सरायपाली के अनुविभागीय अधिकारी राजस्व हेमंत नंदनवार के पास सरायपाली और बसना दोनों अनुविभागों का भार है, अनुविभागीय अधिकारी राजस्व के पास पहले से बहुत कार्य है और शासन इस नए नियम से उनके ऊपर और कार्य की अधिकता होगी,
शासन को नाम जाति रकबा व अन्य सामान्य त्रुटियों का सुधार करने का अधिकार ग्राम पंचायतों को दिया जाना चाहिए ताकि भूमि स्वामियों का त्रुटि सुधार का कार्य सरलता से हो,
उन्होंने ने कहा कि पहले से ही भुईया अभिलेख का केंद्रीकरण करके सभी अधिकार आयुक्त भू अभिलेख कार्यालय को दे दिया गया है, अब सामान्य सुधार भी बड़े कार्यालय से होने लगेगा तो फिर शासन के विकेंद्रीकरण और पंचायती राज का क्या मतलब रह जाएगा।।

बसना – लोन के नाम पर बैंक मैनेजर पर रिश्वत मांगने का आरोप…

बसना हेमंत वैष्णव 

भारत को किसानों का देश कहा जाता है यहां किसानों के लिए सरकार कई तरह की योजनाएं संचालित कर रहे है लेकिन इसके बावजूद भी किसानों को आज ओ हक नही मिलता जहाँ मिलना चाहिए किसानों के लिए ही बनाए गए सरकारी कर्मचारी आज किसान धक्के खा रहे है उनको अपने हक को मांगने की लिए घुस और रिस्वत देना पड़ता है नही देने पर अभद्र व्यवहार किया जाता है

सांकरा थाना अंतर्गत ग्रामीण बैंक के साखा प्रबंधक दीपक साहू के खिलाप ग्राम चारभाठा निवासी महेश प्रधान ने सिकायत थाना में किया है आरोप है कि ग्रामीण बैंक में लोन के लिए पूरी कागजात लगभग 2 माह पहले से साखा प्रबंधक को दिया गया है लेकिन साखा प्रबन्धक द्वारा आज कल करके घुमाया जा रहा है और अंत मे दिनांक 04 , 05 , 2023 को साखा प्रबंधक दीपक साहू द्वारा पैसों की मांग किया गया महेश प्रधान द्वारा रकम नही देने पर कागजात को फेंक दिया गया नही दूंगा कहकर अभद्र व्हवहार किया गया है किसान ने साखा प्रबंधक के खिलाप कार्यवाई की मांग की है

बसना – कुप्रथा और अंधविश्वास का खतरनाक दंश, दुधमुंहे बच्चों को गर्म सरिया और अगरबत्ती से दागा, 1..2 नहीं…12 बार दागा…

बसना हेमंत वैष्णव

दागना एक सामाजिक कुप्रथा है, जो जानकारी के अभाव में इलाज के नाम पर आज भी ग्रामीण इलाकों में इस प्रकार के कृत्य करते नजर आते हैं. इस कुप्रथा का सबसे ज्यादा खामियाजा नवजात बच्चों को भुगतना पड़ रहा है.

मासूमों के इलाज के नाम पर पेट पर बने दागने के निशान देख कर हर किसी का दिल दहल जाएगा, लेकिन उनके परिजनों का ना तो दिल पसीजा और ना ही कलेजा कांपा. इन मासूमों को इस दुनिया में आए महज 15 से 20 दिन ही हो रहा है.

इस प्रकार के एक नहीं दो-दो मामले सामने आए हैं. दोनों का इलाज बसना के नर्सिंग होम में चल रहा है. यह पूरा मामला महासमुंद जिले के बसना के ग्राम बडेडाभा और पिथौरा के ग्राम मोहगांव का है. जहां आज भी दागना कुप्रथा का दंश ग्रामीण इलाकों में जारी है.

बच्चों को क्यों दागा गया
बच्चों को दागे जाने का कारण जानकर आप भी दंग रह जाएंगे. एक बच्चे का पेट फूलना तो दूसरे बच्चे को अलची नामक बीमारी बताकर दागा गया, लेकिन परेशानी तो ठीक नहीं हुई. हालत बिगड़ते देख आनन-फानन में बच्चों को प्राइवेट हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया. जहां दोनों बच्चे का इलाज चल रहा है.

डॉक्टर दोनों बच्चों की स्थिति अभी ठीक बता रहे हैं, लेकिन 21वीं सदी में आज भी लोग झाड़-फूंक बैगा के चक्कर में क्यों आ जाते हैं? क्यों आज भी कुप्रथा और अंधविश्वास में विश्वास रखते हैं? इसके पीछे कहीं ना कहीं जन जागरूकता की कमी एक बड़ी वजह मानी जा सकती है.

जब जब पृथ्वी पर कोई संकट आता है तो भगवान अवतार लेकर उस संकट को दूर करते है डॉक्टर एन के अग्रवाल |

बसना। ग्राम भूकेल में सभी ग्रामवासियों के अथक प्रयास से 35 वर्ष बाद विष्णु महायज्ञ का भव्य आयोजन किया गया। इस मौके पर मुख्य अतिथि के रूप में बेटी बचाओ बेटी पढाओ के प्रदेश सदस्य डॉक्टर एन के अग्रवाल शामिल हुए तथा पूजा अर्चना कर क्षेत्र की सुख शांति एवं खुशहाली की कामना की।

बेटी बचाओ बेटी पढाओ के प्रदेश सदस्य डॉक्टर एन के अग्रवाल ने संबोधित करते हुए कहा की जब जब पृथ्वी पर कोई संकट आता है तो भगवान अवतार लेकर उस संकट को दूर करते है।भगवान विष्णु ने अनेको बार पृथ्वी पर अवतार लिया है।

पुराणों के अनुसार भगवान विष्णु के 24अवतार बताये गए है, इन में से 23 अवतार अब तक पृथ्वी पर अवतरित हो चुके है जबकि 24 वा अवतार ‘कल्कि अवतार’ के रूप में होना बाकी है। इन 24 अवतार में से 10 अवतार विष्णु जी के मुख्य अवतार माने जाते है। जिसमें मत्स्य , कूर्म , वराह , नृसिंह , वामन , परशुराम , राम . कृष्ण , बुद्ध और कल्कि अवतार। आतें हैं, इन सभी अवतारों में राम अवतार और कृष्ण अवतार भगवान विष्णु के सम्पूर्ण कला से युक्त थे ।

इस अवसर पर इस अवसर पर सरपंच सीडी बघेल, सुरेश बारीक़, ग्राम के प्रमुखजन गोकुल सिह,पारेश्वर,मोहितराम,रंगीलाल,सागर कश्यप,चैतराम,कारन सिंह,ज्ञान सिंह सहित ग्रामीण व श्रधालुओं की उपस्थिति रही |

बसना – गिधली हरी संकीर्तन अष्टप्रहरी नामयज्ञ में शामिल हुए डॉ एन.के. अग्रवाल ……

ग्राम गिधली में अष्टप्रहरी हरीनाम यज्ञ कार्यक्रम का आयोजन किया गया जिसमें बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ के प्रदेश सदस्य डॉ एन.के. अग्रवाल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए । ग्राम वासियों ने डॉक्टर एनके अग्रवाल का हर्ष उल्लास के साथ तिलक लगाकर स्वागत किया उन्होंने श्री जगन्नाथ जी की पूजा अर्चना कर क्षेत्रवासियों की सुख समृद्धि की कामना की।

इस अवसर पर बेटी बचाओ बेटी पढाओ के प्रदेश सदस्य डॉक्टर एन. के. अग्रवाल ने कहा की इस क्षेत्र में सुख शांति हमेशा बनी रहे भगवान सबको हनुमान जी जैसा शक्ति प्रदान करें इस अवसर पर समस्त ग्रामवासी उपस्थित थे|

ग्राम सेमलिया मे आयोजित नामयग्य संकीर्तन मे बतौर मुख्य अतिथि सामिल हुए डा. एन.के.अग्रवाल।

बसना विधानसभा के जागृत ग्राम सेमलिया एवं ग्राम रसोडा मे आयोजित अष्ठप्रहरी नामयग्य हरिसंकिर्तन मे बतौर मुख्य अतिथि सामिल हुए डा .एन .के. अग्रवाल । आयोजन में पहुँच कर भगवान राधा माधव का पूजन कर क्षेत्र वालों की खुशहाली व समृद्धि के लिए कामना की । आयोजन समिति के प्रमुखों के द्वारा डा.एन. के. अग्रवाल का तिलक लगाकर श्री फल व अंग वस्त्र भेटकर स्वागत सम्मान किया गया । अग्रवाल नर्सिंग होम बसना के संचालक डा. एन .के. अग्रवाल ने इस दो दिवसीय आयोजन में अपने मनमोहक अंदाज में भक्त और भगवान के बारे मे कहा कि, नामयग्य हरिसंकिर्तन से क्षेत्र के हजारों भक्त वृन्द हरे राम… हरे कृष्ण ….महामंत्र की मधुर ध्वनि एवं प्रभु की भक्तिमय महान शक्तिशाली नाम के रस पान से दो दिवसीय गुन्जार से अभिभूत ग्राम मे खुशहाली व आध्यात्मिकता के साथ अटूट आस्था का संगम बनते गाँव की दशा व दिशा में मानो अमृत घुल गया हो ऐसा जान पडता है । उन्होने कहा कि,भगवान श्री राम चन्द्र जी एवं भगवान श्री राधाकृष्ण जी का नाम ही इस कलि काल का मोक्षदायिनी महामंत्र है,,इस महामंत्र के जाप..व..श्रवण मात्र के प्रभाव से ही मानव मात्र का कल्याण निहित है । हमारे रिषि मुनि,साधु संतों ने इस राम नाम.. हरिनाम..को जीवन दायिनी,एवं मोक्षदायिनी महामंत्र कहा है। आप सभी बडभागी हैं कि भगवान श्री राम,,,श्री कृष्ण,,का नामयग्य के रसपान से अपने जीवन को धन्य बना रहे हैं ।  । इस अवसर पर सुरेश बारीक,बसंत प्रधान,मनीष साहू,अक्रूर भोई,जगदीस साहू ,उपेन्द साहू, अखिलेश भोई,किरन साहू,तीर्थो साहू, सुरेश साहू,बसन्त साहू,रसिक साहू,पनकू साहू एवं ग्राम के पंच सरपंच एवं गणमान्य जन सैकड़ो माता बहनों की उपस्थित थे।

बसना – मोहका अष्टप्रहरी नामयज्ञ में शामिल हुए डॉ एन.के. अग्रवाल ……

ग्राम मोहक में अष्टप्रहरी नामयज्ञ कार्यक्रम का आयोजन किया गया जिसमें बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ के प्रदेश सदस्य डॉ एन.के. अग्रवाल शामिल हुए । ग्राम वासियों ने डॉक्टर एन के अग्रवाल का हर्ष उल्लास के साथ तिलक,फूलमाला एवं गमछा देकर स्वागत किया उन्होंने श्री राधाकृष्ण  की पूजा अर्चना कर क्षेत्रवासियों की सुख समृद्धि की कामना की।

इस अवसर पर बेटी बचाओ बेटी पढाओ के प्रदेश सदस्य डॉक्टर एन. के. अग्रवाल ने कहा की इस क्षेत्र में सुख शांति हमेशा बनी रहे भगवान सबको हनुमान जी जैसा शक्ति प्रदान करें |

इस अवसर पर  राकेश संगीता प्रधान,सुरेंद्र कुमार,सेविका प्रधान,मनोज,आशीष,रुपानंद, चित्ररेखा,सहित समस्त ग्रामवासी  उपस्थित थे|

सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति से बेटी बचाओ बेटी पढ़ो के प्रदेश सदस्य डॉक्टर एन के अग्रवाल ने घर जाकर जाना हाल चाल |

बरिहापाली निवासी गोविंदा भोई का भी गंभीर सड़क दुर्घटना हुआ था उन्हें अग्रवाल नर्सिंग होम में भर्ती किया गया था, जब गोविंदा का C.T. SCANE किया गया तो पता चला की इनके ब्रेन में SDH थक्का जमा हुआ था जिसके बाद जांच से पता चला की मरीज का G.C.S. बहुत कम है, मरीज को तत्काल वेंटिलेटर में रखा गया जिसके बाद अग्रवाल नर्सिंग होम बसना के द्वारा रातों रात प्रदेश के प्रसिद्ध न्यूरोसर्जन डॉक्टर रुपेश वर्मा को बुलाकर इन दोनों मरीजों का सफल सर्जरी किया गया आपरेशन के बाद मरीज पूरी तरह स्वस्थ रहा,स्वस्थ होने में समय भी लगा गोविंदा भोई स्वस्थ होकर अपने घर गए| बेटी बचाओ बेटी पढाओ के प्रदेश सदस्य डॉक्टर एन के अग्रवाल ने 3 मई को गोविंदा का हाल चाल जानने उनके घर बरिहापाली गए थे वहां गोविंदा व उनके परिवार से मिलकर हाल चाल जान सुख शांति की कामना की,इस अवसर पर सुरेश बारीक़ व सुरेश प्रधान उपस्थित थे |

महासमुंद -/ किवदंती है कि इसी स्‍थान पर बाणासुर ने अपनी घोर तपस्‍या से भगवान शिव को प्रसन्‍न किया था।

महासमुंद -/ किवदंती है कि इसी स्‍थान पर बाणासुर ने अपनी घोर तपस्‍या से भगवान शिव को प्रसन्‍न किया था।

महासमुंद हेमन्त वैष्णव

गंधेश्‍वर महादेव का मंदिर – पौराणिक कथाओं के अनुसार पुरातात्‍विक धरोहर सिरपुर एक समय में दानव राज बाणासुर की राजधानी हुआ करती थी।

इसी स्‍थान पर बाणासुर ने अपनी घोर तपस्‍या से भगवान शिव को प्रसन्‍न किया था।

प्राचीन काल में सिरपुर को श्रीपुर के नाम से जाना जाता था। किवदंती है कि इस पावन स्‍थली पर ब्रह्मा, विष्‍णु और महेश एकसाथ त्रिनाथ के नाम से प्रकट हुए थे।

सिरपुर में गंधेश्‍वर महादेव का मंदिर भी है। इस मंदिर में भगवान शिव की लिंग रूप यानि शिवलिंग के रूप में पूजा होती है। श्रावण मास के महीने में इस मंदिर में लाखों की संख्‍या में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ती है।

इसी स्‍थान पर भगवान राम की माता कौशल्‍या का जन्‍म भी हुआ था एवं इसी कारण इस स्‍थान को ‘दक्षिण कोसल’ भी कहा जाता है। इस स्‍थान पर लक्ष्‍मण मंदिर भी स्थित है। ये मंदिर अपनी विशिष्‍ट कलाकृति के कारण संपूर्ण भारत में प्रसिद्ध है।

महाभारत काल में अर्जुन को अकेले ही बारह वर्ष का वनवास भोगना पड़ा था। उस दौरान पांडव पुत्र अर्जुन ने अपने वनवास के कुछ दिन यहीं बिताए थे। किवदंती है कि महानदी के मनोरम तट पर राजकुमारी उलुपी और सुलुपी स्‍नान कर रहीं थी। इन्‍हें देखकर अर्जुन इन पर मोहित हो गए और अर्जुन ने इनसे गंधर्व विवाह कर लिया। उलुपी को बब्रूवाहन के रूप में एक संतान की प्राप्‍ति हुई तो पराक्रम और साहस में अर्जुन से भी आगे था।

गंधेश्‍वर महादेव का मंदिर – महादेव की प्रकट स्‍थली

फोटो

 

चूंकि इस स्‍थान पर महादेव ने दर्शन दिए थे इस कारण सिरपुर, छत्तीसगढ़ को काशी के नाम से भी जाना जाता है। महादेव की जटा से निकलकर गंगा सिहावा पर्वत से शृंगी ऋषि के वरदान से प्रकट हुई और छत्तीसगढ़ की पावन धरा सिरपुर से होकर गुज़री। इसी वजह से इस स्‍थान का धार्मिक महत्‍व बहुत बढ़ जाता है।

बौद्ध भिक्षुओं का रहा है गढ़

चीनी सभ्‍यता के अनुसार सिरपुर प्राचीन समय में बौद्ध भिक्षुओं का गढ़ रह चुका है। इस स्‍थान पर भगवान गौतम बुद्ध अपने शिष्‍यों के साथ पधारे थे। सिरपुर में भगवान गौतम बुद्ध के अनुयायियों द्वारा बनाए गए बौद्ध स्‍तूप के भग्‍नावशेष आज भी यहां मौजूद हैं।

छत्तीसगढ़ का सिरपुर ऐतिहासिक और धार्मिक दृष्टि से बहुत महत्‍वपूर्ण है। इस स्‍थान पर आकर त्रिनाथ के रूप में ब्रह्मा, विष्‍णु और महेश के दर्शन कर भक्‍तों का मन प्रसन्‍न हो जाता है।