सरायपाली: 34 गाँवों को मिला विकास का तोहफ़ा: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की स्वीकृति, सरला कोसरिया की पहल पर सरायपाली में सड़क व भवन निर्माण हेतु करोड़ों स्वीकृत

सरायपाली: 34 गाँवों को मिला विकास का तोहफ़ा: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की स्वीकृति, सरला कोसरिया की पहल पर सरायपाली में सड़क व भवन निर्माण हेतु करोड़ों स्वीकृत

भारतीय जनता पार्टी के पूर्व प्रदेश उपाध्यक्ष, वर्तमान महिला मोर्चा के छत्तीसगढ़ प्रदेश प्रभारी एवं छत्तीसगढ़ शासन में महिला आयोग के सदस्य श्रीमती सरला कोसरिया के अनुशंसा पर छत्तीसगढ़ के सरल,सहज एवं यसस्वी मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सरायपाली विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न ग्राम पंचायतों में विकास कार्य हेतु करोड़ो की स्वीकृति प्रदान की है। भाजपा पूर्व प्रदेश उपाध्यक्ष वर्तमान महिला मोर्चा के छत्तीसगढ़ प्रदेश प्रभारी एवं छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग के सदस्य श्रीमती सरला कोसरिया ने बताया कि जब से छत्तीसगढ़ में भाजपा की विष्णुदेव साय सरकार सत्ता की बागडोर संभाली है तब से चहु ओर विकास साय साय हो रही है। देश के यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के मार्गदर्शन और छत्तीसगढ़ के संवेदनशील मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय जी के नेतृत्व में विकसित छत्तीसगढ़ बनाने का संकल्प पूर्ण हो रहा है। माननीय मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय जी ने सरायपाली विधानसभा क्षेत्र के विकास कार्य के लिए 3 करोड़ 46 लाख की स्वीकृति दी है।

 

जो इस तरह से है ग्राम मुन्धा में नाली निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, बलोदा में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, केंदूढार में सीसी रोड़ हेतु 10 लाख रुपये, भोथलडीह में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, कोटद्वारी में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, भगत सरायपाली में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, खम्हारपाली में सीसी रोड़ हेतु 10 लाख रुपये, सिरबोडा में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, तोरेसिंहा में सीसी रोड़ हेतु 10 लाख रुपये, रिमजी में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, पोटापारा में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, जम्हारी में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 5 लाख रुपये, नूनपनी में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 5 लाख रुपये, कोसमपाली में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, गिरसा में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, आँवलाचक्का में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, बिरकोल में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, काकेनचुवां में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, पाटसेन्द्री में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, बेलमुंडी में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, जंगलबेडा में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, खरखरी में सीसी रोड निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, टिभुपाली में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, बैदपाली में सामुदायिक भवन निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, केसराटाल में सामुदायिक भवन निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, मोखापुटका में सामुदायिक भवन निर्माण हेतु 6 लाख रुपये, मोखापुटका में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, बैतारी में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, चारभाठा में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, बाराडोली में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, चिवराकुटा में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, परसदा में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, जोगीडीपा में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, सलखण्ड में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये, बुंदेलाभाठा में सीसी रोड़ निर्माण हेतु 10 लाख रुपये।

श्रीमती सरला कोसरिया से पूछे जाने पर उन्होंने बताया कि मैं राष्ट्र प्रथम की भावना को लेकर सरायपाली क्षेत्र के विकास के लिए सदैव तत्पर रहती हूं इस भावना को साकार करने में कोई पद में बने रहना,नही रहना इससे कोई फर्क नही पड़ता है। मुख्यमंत्री जी से मिलकर सरायपाली विधानसभा क्षेत्र के विकास के लिए अनेक मांगों को समय-समय रखती आई हूं और उन्होंने हर संभव सहायता करने के लिए आस्वासन दिया है।

सरायपाली के साथ-साथ पूरे छत्तीसगढ़ को कांग्रेस ने अपने शासनकाल में पीछे धकेलने का काम किया है, विकास का एक ईंट भी नही रख पायी सिर्फ भ्रष्टाचार की बुलंदियों को छूकर कीर्तिमान स्थापित की है। सरायपाली विधानसभा क्षेत्र में पहले भी विभिन्न निर्माण कार्य पुल, पुलिया, सड़क,एनीकट,बांध, जैसे अनेक छोटे बड़े कार्यों की स्वीकृति दी है अब मेरे ग्रामीण प्रवास के दौरान ग्रामीणों ने मांग पत्र सौपी थी जिसे आज यशस्वी मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय जी ने स्वीकृति दी है । जिससे क्षेत्र के ग्रामीणों में उत्साह का मौहाल है। सरायपाली विधानसभा को मिली अनेक विकास कार्यों की स्वीकृति के लिए यशस्वी मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय जी का हृदय से धन्यवाद आभार करती हूं।

महानदी में कूदने वाली शादीशुदा महिला की मिली लाश:रक्षाबंधन मनाने मायके आई थी,स्कूटी लेकर निकली फिर नहीं लौटी, बुजुर्ग महिला की भी हुई शिनाख्त

महानदी में कूदने वाली शादीशुदा महिला की मिली लाश:रक्षाबंधन मनाने मायके आई थी,स्कूटी लेकर निकली फिर नहीं लौटी, बुजुर्ग महिला की भी हुई शिनाख्त

रायपुर के आरंग के पारागांव स्थित महानदी पुल से कूदने वाली शादीशुदा महिला स्वाति त्रिवेदी (27) की लाश मंगलवार सुबह नदी में तैरती मिली है। पुलिस ने शव को बाहर निकालकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है।

दरअसल, सोमवार सुबह आरंग पुलिस को ग्राम पारागांव में नेशनल हाईवे-53 पर बने महानदी पुल पर एक स्कूटी और दुपट्टा मिला था। महिला रायपुर के संतोषी नगर की रहती वाली थी। पुलिस अब आत्महत्या के कारणों की जांच कर रही है। परिजनों से पूछताछ भी की जा रही है।

महिला की ढाई महीने की है बच्ची

इस मामले में थाना प्रभारी राजेश सिंह ने बताया कि, स्वाति त्रिवेदी की शादी दो साल पहले हुई थी। उसकी ढाई महीने की बच्ची भी है। महिला का मायका ग्राम पारागांव में है। स्वाति रक्षाबंधन मनाने मायके आई हुई थी।

रविवार को पति और ससुराल पक्ष के लोग उससे मिलने आए। उसी दिन वापस लौट गए थे। अगले दिन सुबह 5 बजे स्वाति घर से स्कूटी लेकर निकली थी, जो पुल पर खड़ी मिली थी।

बुजुर्ग महिला की भी हुई पहचान

सोमवार को स्वाति की तलाश के दौरान पुलिस को महानदी में एक बुजुर्ग महिला की लाश भी मिली थी। उसकी पहचान चंपा चंद्राकर (78) निवासी बेमचा, जिला महासमुंद के रूप में हुई है। चंपा 15 अगस्त को घर से बिना बताए निकली थी। पुलिस ने परिजनों को बुलाया है और शिनाख्त के बाद शव उन्हें सौंपा जाएगा।

CG: कर्मचारियों की बल्ले-बल्ले, अब केंद्र के बराबर 55 प्रतिशत मिलेगा महंगाई भत्ता

CG: कर्मचारियों की बल्ले-बल्ले, अब केंद्र के बराबर 55 प्रतिशत मिलेगा महंगाई भत्ता

 

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राज्य के सरकारी अधिकारी और कर्मचारियों के लिए 2 प्रतिशत महंगाई भत्ते (डीए) में वृद्धि की घोषणा की है। यह निर्णय राज्य सरकार के कर्मचारियों को आर्थिक राहत प्रदान करने और उनकी वित्तीय स्थिति को मजबूत करने के उद्देश्य से लिया गया है। इस वृद्धि से राज्य के लाखों कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को लाभ होगा।

 

मुख्यमंत्री ने कहा कि यह कदम कर्मचारियों के कल्याण और उनकी मेहनत को सम्मान देने का एक प्रयास है। नई दरों के साथ, महंगाई भत्ता अब कुल वेतन का 55 प्रतिशत हो जाएगा, जो कर्मचारियों की बढ़ती जरूरतों को पूरा करने में मदद करेगा। इस वृद्धि का लाभ न केवल नियमित कर्मचारियों को, बल्कि अंशकालिक और संविदा कर्मचारियों को भी मिलेगा।

 

यह घोषणा कर्मचारी संगठनों द्वारा लंबे समय से की जा रही मांगों के बाद आई है। सरकार ने इसे तत्काल प्रभाव से लागू करने का निर्देश दिया है, जिससे कर्मचारियों में खुशी की लहर है।

महासमुंद/उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम सफल क्रियान्वयन हेतु जिला स्तरीय मास्टर ट्रेनरों का एक दिवसीय उन्मुखीकरण कार्यशाला संपन्न

महासमुंद/उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम सफल क्रियान्वयन हेतु जिला स्तरीय मास्टर ट्रेनरों का एक दिवसीय उन्मुखीकरण कार्यशाला संपन्न

 

महासमुंद/ मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत एवं उपाध्यक्ष जिला साक्षरता मिशन प्राधिकरण श्री हेमन्त नंदनवार की अध्यक्षता में आज सुबह 10ः00 बजे से जिला पंचायत भवन महासमुंद में उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम के सफल क्रियान्वयन हेतु जिला स्तरीय मास्टर ट्रेनरों का एक दिवसीय उन्मुखीकरण कार्यशाला का आयोजन किया गया।

जिला शिक्षा अधिकारी श्री विजय कुमार लहरे द्वारा राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम के सफल क्रियान्वयन समय-सीमा में किए जाने हेतु निर्देशित किया। उक्त प्रशिक्षण में श्री कमलनारायण चंद्राकर जिला परियोजना अधिकारी जिला साक्षरता मिशन प्राधिकरण ने नवसाक्षर व स्वयंसेवी अनुदेशकों की सूची 2025-26 का लक्ष्य विकासखंडवार, लक्ष्य के विरुद्ध पोर्टल में प्रविष्टि की संख्या,. पोर्टल में प्रविष्टि हेतु शेष संख्या, स्थानांतरण से प्रभावित स्कूल यूजर व सर्वेयर की जानकारी, 2025-26 हेतु वास्तविक लक्ष्य संख्या, विकासखंडवार केंद्र संख्या, सितंबर 2025 में परीक्षा में शामिल होने हेतु लक्ष्य संख्या, मार्च 2026 में परीक्षा में शामिल होने हेतु लक्ष्य संख्या, नव साक्षरों हेतु उल्लास केंद्र में प्राप्त पुरानी उल्लास प्रवेशिका की जानकारी, आदर्श उल्लास केंद्र का नाम विकासखंडवार, उल्लास केंद्र संचालन की जानकारी, ‘‘सड़क सुरक्षा जीवन रक्षा‘‘ वाद विवाद प्रतियोगिता के संबंध में जानकारी प्रदान की। श्रीमती सम्पा बोस ए.पी.सी. एवं जिला नोडल अधिकारी उल्लास कार्यक्रम एवं श्री ईश्वर चन्द्राकर नोडल अधिकारी उल्लास कार्यक्रम महासमुन्द ने जिले के सभी विकासखण्ड से उपस्थित मास्टर ट्रेनरों को प्रशिक्षण प्रदान किया।

उन्होंने प्रशिक्षण में बताया कि नवसाक्षरों को उल्लास केन्द्र तक किस प्रकार से प्रेरित कर लाया जाए। केन्द्र संचालन व प्राप्त उल्लास प्रवेशिका के रखरखाव के बारे में बताया तथा 10 वी, 12 वी अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को स्वयंसेवी शिक्षक के रूप में चिन्हांकन कर उन्हे 10 अंक बोनस प्राप्त करने में हम किस प्रकार से सहायता प्रदान कर सकते है। इस अवसर पर जिला परियोजना अधिकारी जिला साक्षरता मिशन प्राधिकरण ने सभी मास्टर ट्रेनरों को उल्लास शपथ दिलाया।

महासमुंद/एसडीएम श्री उमेश साहू ने ग्राम जुनवानी कला में डिजिटल क्रॉप सर्वे कार्य का किया निरीक्षण

महासमुंद/एसडीएम श्री उमेश साहू ने ग्राम जुनवानी कला में डिजिटल क्रॉप सर्वे कार्य का किया निरीक्षण

 

महासमुंद/ कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह के निर्देशानुसार अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) बागबाहरा श्री उमेश कुमार साहू एवं तहसीलदार श्री नीतिन ठाकुर द्वारा आज बागबाहरा विकासखण्ड अंतर्गत ग्राम जुनवानी कला प.ह.नं.-23 में डिजिटल क्रॉप सर्वे कार्य का निरीक्षण किया गया।

निरीक्षण के दौरान गांव के भूस्वामियों में श्री संतराम, कमलाबाई, कर अंगालाला, सत्यभामा एवं नरेन्द्र कुमार एवं अन्य किसान उपस्थित थे। अधिकारियों ने सर्वे की प्रगति का जायजा लिया और किसानों से उनकी समस्याओं तथा फसलों की वास्तविक स्थिति की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने अपने अधीनस्थ सभी राजस्व अधिकारियों को निर्देश दिए कि सर्वे कार्य को पारदर्शी एवं समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाए, ताकि किसानों को योजनाओं का लाभ समय पर मिल सके।

महासमुंद/ऑपरेशन सिंदूर आतंकवाद के खिलाफ भारत की नीति विषय पर हायर सेकेण्डरी विद्यालय केना के कक्षा 12वीं के छात्र पुनीत ने राष्ट्रीय स्तर पर 21वां स्थान प्राप्त किया शाला परिवार ने दी बधाई

महासमुंद/ऑपरेशन सिंदूर आतंकवाद के खिलाफ भारत की नीति विषय पर हायर सेकेण्डरी विद्यालय केना के कक्षा 12वीं के छात्र पुनीत ने राष्ट्रीय स्तर पर 21वां स्थान प्राप्त किया शाला परिवार ने दी बधाई

 

महासमुंद/ स्वतंत्रता दिवस समारोह 2025 के हिस्से के रूप में, रक्षा मंत्रालय के सहयोग से ऑपरेशन सिंदूर आतंकवाद के खिलाफ भारत की नीति को फिर से परिभाषित करना विषय पर एक अंतर्दृष्टि पूर्ण और विचारोत्तेजक निबंध प्रतियोगिता 01 जून से 31 जुलाई 2025 तक की घोषणा की गई थी। जिसमें शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, केना (सरायपाली) के कक्षा बारहवीं (संकाय- विज्ञान) के प्रतिभाशाली विद्यार्थी पुनीत लाल साहू ने ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर निबंध प्रतियोगिता में भाग लिया था। इन्होंने टॉप 200 प्रतिभागियों में इक्कीसवीं क्रम में स्थान प्राप्त करने में सफलता अर्जित किया। उनके ईमेल पर शाम 5 बजे, 13 अगस्त को इसकी सूचना उन्हें मिली। विद्यालय के व्याख्याता शैलेन्द्र कुमार नायक के मार्गदर्शन में अपनी जानकारी वेबसाइट पर भरकर प्रेषित किया, किंतु समयाभाव और तात्कालिक रूप से तैयारी में कमी के कारण दिल्ली में होने वाले स्वतंत्रता दिवस समारोह को देखने के लिए ई-आमंत्रण मिलने के बाद भी शामिल नहीं हो पाया।

विद्यालय के व्याख्याता शैलेन्द्र कुमार नायक ने बताया कि विद्यार्थियों और प्रतियोगी परीक्षाओं में शामिल होने वाले तथा रचनात्मक गतिविधियों में रुचि लेने वाले लोगों के लिए भारत सरकार के वेबसाइट माईजीओव्ही डॉट इन पर नियमित रूप से प्रतियोगिताएं संचालित होती रहतीं हैं, जो कि राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर के विषयों से जुड़ी होती हैं। इसमें शामिल होकर जीतने वाले को ऑनलाइन ई-सर्टिफिकेट और कैश प्राइज भी मिलता है। इसमें एंड्रॉयड मोबाइल के माध्यम से भी जुड़ा और खेला जा सकता है। अभी तक स्वयं द्वारा 450 से अधिक क्वीज़ प्रतियोगिताओं में शामिल हो चुके हैं और ई-सर्टिफिकेट भी प्राप्त कर चुके हैं। अपने विषय के अध्यापन में नवाचार युक्त गतिविधियों में विद्यार्थियों को ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर क्वीज़ और ई-सर्टिफिकेट तैयार कर प्रतिभागिता के लिए प्रोत्साहित करते हैं। गत वर्ष शिक्षा विभाग द्वारा राष्ट्रीय आविष्कार अभियान अंतर्गत होने वाले क्वीज़ प्रतियोगिता के लिए जिला महासमुंद में ऑनलाइन क्वीज़ की सीरीज भी चलाया गया था।

उल्लेखनीय है कि वेबसाइट पर प्रकाशित सूचना एवं नियमों के अनुसार यह पहल युवा दिमागों और जोशीले नागरिकों को यह जानने और व्यक्त करने के लिए आमंत्रित किया गया था कि कैसे ऑपरेशन सिंदूर भारत की विकसित हो रही आतंकवाद-रोधी रणनीति में एक साहसिक और परिवर्तनकारी कदम का प्रतीक है। प्रतिभागी इस बात पर विचार करेंगे कि यह ऑपरेशन किस तरह से भारत के धैर्य, रणनीतिक गहराई और शांति और संप्रभुता के लिए खतरों के खिलाफ राष्ट्रीय एकता की भावना को दर्शाता है।

इस उपलब्धि पर जिला शिक्षा अधिकारी महासमुंद श्री विजय कुमार लहरे, सहायक संचालक द्वय सतीश नायर, नंदकिशोर सिन्हा, जिला मिशन समन्वयक रेखराज शर्मा, सहायक जिला क्रीड़ा अधिकारी अंजलि बरमाल, विकास खण्ड शिक्षा अधिकारी प्रकाशचंद्र मांझी, सहा.बीईओ देवनारायण दीवान, बीआरसीसी सतीश स्वरूप पटेल, एसएमडीसी अध्यक्ष चंद्रहास प्रधान, नवीन पटेल पालक सदस्य, संस्था के प्राचार्य मोहित लाल नायक, व्याख्याता गण घटसुंदर होता, प्रीति उबोवेजा, वंदना बड़घैया, रुद्रसिंह राय, अनूप मेश्राम, अमित विकास एक्का, निर्मल प्रधान, चेतना निबरगिया, मंजुषा तिग्गा, गोविंद कामड़े, शंभु कुशवाहा, अनुज बरेठ, विज्ञान सहायक सत्यप्रकाश साहू, भानूप्रिया साहू, चंद्रमा बारिक, लिपिक द्वय लोचन प्रसाद भोई, राकेश डड़सेना सहित संजू कमार आदि ने बधाई प्रेषित किया है।

महासमुंद/ग्राम बरबसपुर में जप्त रेत की नीलामी 25 से 27 अगस्त तक

महासमुंद/ग्राम बरबसपुर में जप्त रेत की नीलामी 25 से 27 अगस्त तक

 

महासमुंद/ कलेक्टर कार्यालय (खनिज शाखा) महासमुंद द्वारा ग्राम बरबसपुर में शासकीय एवं निजी भूमि में अवैध रूप से भंडारित रेत को जप्त किया गया है। जप्त भंडारित रेत को निविदा के माध्यम से नीलामी किया जाएगा।

नीलामी में भाग लेने हेतु अर्हता प्राप्त इच्छुक बोलीदार अपनी बोली जिला कार्यालय (खनिज शाखा) महासमुंद में कार्यालयीन दिवसों में प्रातः 11ः00 बजे से शाम 5ः00 बजे तक जमा कर सकते हैं। बोली की प्रारंभिक तिथि 25 अगस्त तथा अंतिम तिथि 27 अगस्त 2025 निर्धारित की गई है। निविदा खोलने की कार्यवाही 27 अगस्त 2025 को सायं 5ः30 बजे कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में की जाएगी।

नीलामी से संबंधित विस्तृत नियम एवं शर्तें जिले की आधिकारिक वेबसाइट www.mahasamund.gov.in व कार्यालय कलेक्टर (खनिज शाखा) महासमुंद तथा संबंधित ग्राम पंचायत, जनपद पंचायत एवं जिला पंचायत महासमुंद के सूचना पटल पर उपलब्ध हैं।

महासमुंद/कलेक्टर ने जन चौपाल में सुनी आम जनों की समस्याएं, अधिकारियों को शीघ्र निराकरण के दिए निर्देश

महासमुंद/कलेक्टर ने जन चौपाल में सुनी आम जनों की समस्याएं, अधिकारियों को शीघ्र निराकरण के दिए निर्देश

महासमुंद/ कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने मंगलवार को जिला कार्यालय के सभाकक्ष में आयोजित साप्ताहिक जन चौपाल में जिले के विभिन्न स्थानों से आए लोगों की समस्याएं एवं शिकायतों को गंभीरता पूर्वक सुना। जन चौपाल में आज 34 आवेदन प्राप्त हुए। कलेक्टर श्री लंगेह ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को प्राप्त सभी आवेदनों को प्राथमिकता के साथ शीघ्र निराकरण करने के निर्देश दिए हैं। आवेदनों का अवलोकन कर नियमानुसार पात्र हितग्राहियों को शासकीय योजनाओं से लाभान्वित करने कहा। इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ श्री हेमंत नंदनवार सहित जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद थे।

जन चौपाल में सबसे त्वरित समाधान के रूप में ग्राम घोड़ारी महासमुंद निवासी पायल यादव को तत्काल मोटराइज्ड ट्राइसाइकिल प्राप्त हुआ। उनके आवेदन पर कलेक्टर श्री लंगेह ने मौके पर ही समाज कल्याण विभाग को निर्देशित कर तत्काल ट्राइसाइकिल प्रदाय कराई। पायल यादव ने हर्षित भाव से कलेक्टर के हाथों मोटराइज्ड ट्राइसाइकिल प्राप्त की। इस दौरान कलेक्टर ने पायल से चर्चा करते हुए उनकी पढ़ाई के संबंध में जानकारी ली। पायल ने कहा कि मोटराइज्ड ट्राइसाइकिल मिलने से अब मुझे स्कूल आने-जाने में बहुत ही सहुलियत होगी तथा दूसरों पर निर्भरता कम होगी। इसी तरह ग्राम सिरको पिथौरा निवासी मूक बधिर एवं श्रवण बाधित श्री भुवनेश्वर निषाद ने दिव्यांगता निराश्रित व अन्य योजनाओं का लाभ दिलाने के संबंध में आवेदन किया। इस पर कलेक्टर ने समाज कल्याण विभाग को शीघ्रता से लाभान्वित करने के निर्देश दिए तथा इस अवसर पर श्रवण बाधित श्री भुनेश्वर निषाद को श्रवण यंत्र प्रदान किया गया।

इसी तरह ग्राम छिर्रालेवा बसना के ग्राम वासियों ने शासकीय प्राथमिक शाला में शिक्षक की कमी को दूर करने, ग्राम बम्हनी महासमुंद निवासी प्रशांत साहू ने बिजली करंट से युवक के घायल होने के संबंध में उचित सहायता हेतु, ग्राम कछारडीह बागबाहरा निवासी कुणाल साहू ने तेंदूपत्ता संग्रहण राशि हेतु आवेदन किए। इसके अलावा नामांतरण, मुआवजा राशि, भूमि त्रुटि सुधार, नल-जल योजना, अपूर्ण निर्माण कार्य, जाति प्रमाण पत्र, खाद की उपलब्धता संबंधी आवेदन प्राप्त हुए।

महासमुंद कलेक्टर ने ली समय-सीमा की बैठक रजत जयंती की तैयारी के संबंध में दिए गए महत्वपूर्ण निर्देश 

महासमुंद कलेक्टर ने ली समय-सीमा की बैठक रजत जयंती की तैयारी के संबंध में दिए गए महत्वपूर्ण निर्देश

आवारा पशुओं के रोकथाम के लिए सतत निगरानी के निर्देश, अब तक 80 हजार की पेनाल्टी वसूली गई सभी अनुविभागीय अधिकारी स्कूल, आंगनवाड़ी, छात्रावास एवं स्वास्थ्य केन्द्रों का सतत निरीक्षण करें – कलेक्टर श्री लंगेह

कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने आज सुबह 10 बजे कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में समय-सीमा की बैठक लेकर विभिन्न विभागीय योजनाओं, कार्यक्रमों की समीक्षा की। इस अवसर पर अपर कलेक्टर श्री सचिन भूतड़ा एवं रवि कुमार साहू, अनुविभागीय अधिकारी, सभी विभाग के जिला अधिकारी उपस्थित रहे। वीसी के माध्यम से जनपद सीईओ, नगरीय निकायों के सीएमओ सहित सभी ब्लॉक स्तरीय संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
कलेक्टर श्री लंगेह ने आदिवासी विकास विभाग द्वारा आदि कर्मयोगी अभियान के संबंध में जानकारी ली गई। उन्होंने कहा कि जिले के 308 आदिवासी बाहुल्य गांवों में आदि सेवा केन्द्र की स्थापना की जाएगी। उन्होंने कहा कि जनजाति समुदायों के अंतिम व्यक्ति तक विकास सुनिश्चित करने के लिए यह योजना लागू की जा रही है। उन्होंने रजत जयंती समारोह की तैयारियों की भी समीक्षा की और सभी विभागों को विशेष उपलब्धियों के साथ कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए हैं। अटल मॉनिटरिंग पोर्टल में समय-सीमा में डेटा अपलोड करने, तथा ई-ऑफिस का अनिवार्य उपयोग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में उन्होंने 15 वर्ष से अधिक पुरानी शासकीय वाहनों की नीलामी हेतु संबंधित जानकारी प्रस्तुत करने को कहा। मुख्यमंत्री घोषणाओं के क्रियान्वयन की स्थिति की समीक्षा करते हुए गढ़फुलझर, दुर्गापाली में प्रगति में तेजी लाने के निर्देश दिए गए।
पीएम जनमन योजना अंतर्गत निर्माणाधीन प्रधानमंत्री आवासों को 31 अगस्त तक पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। बहुद्देशीय केंद्रों की प्रगति की जानकारी भी ली गई। उन्होंने कहा कि सहकारी समिति में खाद पहुंचने पर इसे तत्काल किसानों को बांटना सुनिश्चित करें। साथ ही ऐसे निजी दुकानों पर कार्रवाई सुनिश्चित करें जहां अवैध खाद का भंडारण करने की शिकायतें प्राप्त हो रही है। उन्होंने सभी अनुविभागीय अधिकारियों को नियमित रूप से दुकानों का निरीक्षण करने के निर्देश दिए हैं। रविवार को 800 टन डीएपी की रेक पहुंची है। वहीं आज 650 टन यूरिया का रेक पहुंचेगी। कलेक्टर ने कहा कि खाद का भंडारण के पश्चात सभी विकासखण्डों में वितरण सुनिश्चित करें। वहीं कृषि विभाग की समीक्षा में डिजिटल क्रॉप सर्वे के लिए सभी राजस्व अधिकारियों को फील्ड में जाकर सर्वे प्रारम्भ करने के निर्देश दिए हैं।

एक पेड़ मां के नाम अभियान के तहत एक लाख 90 हजार पेड़ लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। जिसमें एक लाख 20 हजार पेड़ लगाया जा चुका है। उन्होंने आवश्यक जानकारी और फोटोग्राफ पोर्टल में अपलोड करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने संग्रहण केन्द्रों में भंडारित धान का शत प्रतिशत उठाव करने के निर्देश दिए हैं।
कलेक्टर ने आवारा पशुओं की समस्या को लेकर सख्त निर्देश देते हुए कहा कि पशु मालिकों पर अपने पशुओं को सड़क पर खुला छोड़ने पाए जाने पर जुर्माना लगाना जारी रखें। पंचायत स्तर पर पशुओं को रखने की स्थानीय व्यवस्था की जाए। पशुपालन विभाग द्वारा बताया कि अब तक कुल 80 हजार 800 रुपए का पेनाल्टी वसूल किया गया है। कलेक्टर ने सभी अनुविभागीय अधिकारियों को स्कूल छात्रावास, आंगनवाड़ी केन्द्रों का सतत निरीक्षण करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि स्कूलों का विशेष रूप से निरीक्षण करें और यह सुनिश्चित करें कि सभी शिक्षक समय पर ड्यूटी पर उपस्थित रहें। उन्होंने कहा कि निरीक्षण के दौरान मध्यान्ह भोजन के गुणवत्ता का भी निरीक्षण करें।

कलेक्टर ने अवैध शराब बिक्री और ठोस कार्रवाई करने के निर्देश पुलिस और आबकारी विभाग को दिए हैं। उन्होंने अनुविभागीय अधिकारियों को सतत मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए। इस पर निजी रूप से मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए गए। बैठक में समय-सीमा में प्राप्त पत्रों की समीक्षा, जनशिकायत निवारण, एवं लोक सेवा गारंटी अधिनियम की प्रगति की भी समीक्षा की गई।

 

 

महासमुंद/जनजाति क्षेत्रों में अंतिम व्यक्ति तक पहुंचने आदि कर्मयोगी अभियान की पहल जिला स्तरीय कार्यशाला सम्पन्न आदि सेवा केन्द्रों की स्थापना की जाएगी

महासमुंद/जनजाति क्षेत्रों में अंतिम व्यक्ति तक पहुंचने आदि कर्मयोगी अभियान की पहल जिला स्तरीय कार्यशाला सम्पन्न आदि सेवा केन्द्रों की स्थापना की जाएगी

महासमुंद/ जनजातीय कार्य मंत्रालय भारत सरकार द्वारा जनजातीय बाहुल्य ग्रामों में शासन की योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने हेतु “आदि कर्मयोगी” नामक नई पहल की गई है। इस अभियान के अंतर्गत जिले से चयनित 6 अधिकारियों ने राज्य स्तरीय प्रशिक्षण प्राप्त कर जिला मास्टर ट्रेनर का सम्मान हासिल किया है। आज जिला स्तरीय कार्यशाला का आयोजन कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में किया गया। जिसमें अभियान की विस्तृत और उद्देश्यों के संबंध में जानकारी दी गई।

कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह की अध्यक्षता में आयोजित इस कार्यशाला में आदिवासी विकास विभाग द्वारा बताया गया कि प्रधानमंत्री जनजातीय न्याय महाअभियान (पीएम जनमन) और धरती आबा जनजातीय उत्कर्ष अभियान संचालित किए जा रहे हैं। जिले में निवासरत विशेष पिछड़ी जनजाति (कमार) के लिए 9 अलग अलग मंत्रालयों के 11 प्रकार के कार्यों से संतृप्ति का कार्य किया जा रहा है। जनमन योजना अंतर्गत जिले में विशेष पिछड़ी जनजाति कमार के 77 बसाहटों के 940 परिवारों (3306 जनसंख्या) को आधार कार्ड, आयुष्मान कार्ड, राशन कार्ड, बैंक खाता, जाति प्रमाणपत्र जैसे जरूरी दस्तावेज उपलब्ध कराए जा रहे हैं। साथ ही सामुदायिक उत्थान हेतु प्रधानमंत्री आवास, स्वच्छ पेयजल, बिजली और सड़क जैसी मूलभूत सुविधाओं का भी विकास किया जा रहा है। वहीं धरती आबा अभियान अंतर्गत जिले के 308 जनजातीय बाहुल्य ग्रामों में 17 मंत्रालयों की 25 योजनाओं का लाभ दिया जा रहा है। इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ श्री हेमंत नंदनवार, अपर कलेक्टर श्री सचिन भूतड़ा, श्री रवि कुमार साहू सहित जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद थे।

पूर्व में जिला प्रशासन द्वारा शिविरों के माध्यम से योजनाओं का लाभ पहुंचाने का प्रयास किया जाता था, लेकिन अपेक्षित परिणाम न मिलने पर अब इस कार्यशैली को आदि कर्मयोगी अभियान के रूप में नई दिशा दी गई है। इसमें विकास कार्यों को तीन स्तर पर आगे बढ़ाया जाएगा। जिसमें पहला आदि कर्मयोगी तैयार करना। इनमें राज्य, जिला एवं ब्लॉक स्तर पर प्रशिक्षित मास्टर ट्रेनर तैयार किए जाएंगे। दूसरे क्रम में आदि सहयोगी की टीम बनाई जाएगी। जिसमें शिक्षक, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, चिकित्सक, युवा नेता, सामाजिक मुखिया आदि जो ग्राम स्तर पर योजना क्रियान्वयन में सहयोग करेंगे। तीसरे क्रम में आदि साथी, वे हितग्राही जिन्हें योजनाओं का सीधा लाभ दिया जाना है। कलेक्टर ने सभी विभागों को सौंपे गए दायित्वों का निर्वहन निर्देशानुसार करने कहा है। उन्होंने बताया कि ग्राम स्तर पर वालंटियर्स की नियुक्ति की जाएगी। तथा आदि सेवा केन्द्रों की स्थापना भी की जाएगी। उन्होंने सभी जनपद सीईओ को इस दिशा में आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।

हाल ही में भोपाल में राज्य स्तरीय प्रशिक्षण एवं रायपुर में 11 से 14 अगस्त तक कार्यशाला का आयोजन किया गया था। इसमें महासमुंद जिले से आदिवासी विकास विभाग से अधीक्षक श्री निलेश खांडे, महिला एवं बाल विकास से परियोजना अधिकारी मनीषा साहू, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग से सहायक अभियंता किशोर साहू, वन विभाग से एसडीओ गोविंद सिंह, पंचायत विभाग से अशोक यादव एवं स्वास्थ्य विभाग से ग्रीस ध्रुव ने भाग लेकर जिला मास्टर ट्रेनर के रूप में प्रशिक्षण प्राप्त किया। इन मास्टर ट्रेनरों ने बताया कि अब सभी विभाग मिलकर अभिसरण के तहत योजनाओं को हितग्राही मूलक बनाते हुए कार्य करेंगे। साथ ही वे प्रति सप्ताह कम से कम एक ग्राम में ग्रामीणों के साथ बैठक कर ग्राम की आवश्यकताओं के अनुरूप विकास की रूपरेखा तैयार करेंगे।