महासमुंद/धारदार चाकू लहराकर फैला रहा था दहशत, संजय कानन गार्डन के पास से युवक गिरफ्तार

महासमुंदधारदार चाकू लहराकर फैला रहा था दहशत, संजय कानन गार्डन के पास से युवक गिरफ्तार

महासमुंद, 15 जुलाई 2025 शहर के संजय कानन गार्डन के पास उस वक्त सनसनी फैल गई जब एक युवक ने खुलेआम धारदार चाकू लहराते हुए लोगों को डराने-धमकाने लगा। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस हरकत में आई और आरोपी को मौके से गिरफ्तार कर लिया गया।

प्रधान आरक्षक भागवत साहू ने बताया कि वे आरक्षक 112 मोह. रिजवान खान एवं आरक्षक 826 योगेश्वर ध्रुव के साथ गश्त पर निकले थे। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि एक व्यक्ति, संजय गार्डन के पास सड़क किनारे, हाथ में बड़ा चाकू लहराकर आम नागरिकों को डरा रहा है।

सूचना मिलते ही पुलिस ने तत्काल घेराबंदी कर आरोपी राजा खान पिता जाफर खान उम्र 27 वर्ष निवासी संत रविदास गार्डन, नयापारा, महासमुंद को हिरासत में लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से 11 इंच लंबा धारदार चाकू बरामद किया गया, जिसमें 6.6 इंच फल (ब्लेड) एवं 4.4 इंच मुठ की लंबाई पाई गई।

पूछताछ में आरोपी कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। पुलिस ने बरामद चाकू को गवाहों की मौजूदगी में जब्त कर आरोपी के खिलाफ धारा 25 आर्म्स एक्ट के तहत मामला पंजीबद्ध किया है। आरोपी को मौके से गिरफ्तार कर थाना लाकर आवश्यक वैधानिक कार्यवाही की गई।

इस कार्रवाई में स्वतंत्र गवाह नकुल सोनी (ग्राम बेमचा) एवं आलेश साहू (नयापारा) की उपस्थिति रही, जिन्होंने पूरे घटनाक्रम की पुष्टि की।

पुलिस का कहना है कि आरोपी के आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है। इस तरह की घटनाएं आम नागरिकों में दहशत फैलाने का प्रयास हैं, जिस पर पुलिस पूरी सख्ती से कार्रवाई कर रही है।

शिवभक्ति के सुरों में डूबा रायपुर: विधायक डॉ. संपत अग्रवाल ने परिवार संग किया श्रद्धा से ओत-प्रोत रुद्राभिषेक

शिवभक्ति के सुरों में डूबा रायपुर: विधायक डॉ. संपत अग्रवाल ने परिवार संग किया श्रद्धा से ओत-प्रोत रुद्राभिषेक

हर-हर महादेव की गूंज में विधायक डॉ संपत अग्रवाल ने की प्रार्थना,शिवभक्ति से सराबोर रहा पहला सोमवार

श्रावण में शिवमय हुआ रायपुर: विधायक डॉ. अग्रवाल ने रुद्राभिषेक कर सुख-शांति की कामना की

शिव स्तुति से गूंजा रायपुर: विधायक डॉ संपत अग्रवाल ने परिवार संग किया पुण्य रुद्राभिषेक

रायपुर/श्रावण मास के प्रथम सोमवार को रायपुर का वातावरण भक्तिभाव और आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर हो गया। इसी पावन अवसर पर बसना विधानसभा के लोकप्रिय विधायक डॉ. संपत अग्रवाल ने रायपुर स्थित वालफोर्ट सिटी के शिव मंदिर में अपने परिवार के साथ भगवान शिव का विधिवत रुद्राभिषेक कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि की कामना की।

श्रद्धा और विधि-विधान से शिव अभिषेक

विधायक डॉ संपत अग्रवाल ने कहा कि श्रावण मास का पहला सोमवार शिव भक्तों के लिए विशेष महत्व रखता है। विधायक डॉ. अग्रवाल ने परिवार संग भगवान शिव को जल, दुग्ध, पुष्प, बेलपत्र और पंचामृत से अभिषेक किया। मंदिर परिसर वैदिक मंत्रोच्चार और शिव स्तुति से गुंजायमान था, और ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष ने वातावरण को दिव्यता से भर दिया।

विधायक डॉ. संपत अग्रवाल का संदेश

रुद्राभिषेक के उपरांत विधायक डॉ. अग्रवाल ने कहा, श्रावण मास शिव भक्ति का प्रतीक है, जो हमें आस्था, प्रकृति और आध्यात्मिकता से जोड़ता है। मैंने आज पूरे प्रदेश के सुख, शांति और समृद्धि के लिए भगवान भोलेनाथ से प्रार्थना की है। शिव की कृपा सभी पर बनी रहे—यही मेरी कामना है।

उन्होंने सभी प्रदेशवासियों को सावन के इस शुभ अवसर पर आध्यात्मिक जागृति, स्वास्थ्य और सौहार्द की शुभकामनाएं दीं। साथ ही युवाओं को संदेश दिया कि धार्मिक संस्कारों से जुड़ना आधुनिक जीवन में स्थिरता और मूल्यबोध की नींव रखता है।

श्रावण मास: परंपरा और आत्मचिंतन का संगम

श्रावण मास सिर्फ उपासना नहीं, बल्कि आत्मचिंतन का अवसर भी है। यह महीना प्रकृति के सौंदर्य और मन की शुद्धता को महसूस करने का समय है। विधायक ने इस भावना को उजागर करते हुए सावन को “संस्कारों और सामाजिक सौहार्द का प्रेरक” बताया।

सारंगढ़-बिलाईगढ़/ देवानंद (मन्नू) देवांगन ने खोला ‘कोसा घर’, हाथकरघा कोसा साड़ियों के लिए समर्पित नई पहल

बिलाईगढ़: देवानंद (मन्नू) देवांगन ने खोला ‘कोसा घर’, हाथकरघा कोसा साड़ियों के लिए समर्पित नई पहल

बिलाईगढ़, जिला सारंगढ़-बिलाईगढ़ |
कोसा साड़ियों की परंपरा, शुद्धता और शान को सहेजते हुए बिलाईगढ़ के देवानंद (मन्नू) देवांगन ने अपने ही घर में “कोसा घर” नामक कोसा साड़ी दुकान की शुरुआत की है। यह पहल न केवल स्थानीय ग्राहकों को शुद्ध हाथकरघा कोसा साड़ी उचित मूल्य पर उपलब्ध कराएगी, बल्कि क्षेत्रीय बुनकरों को भी एक नई पहचान देगी।

देवानंद देवांगन पिछले 21 वर्षों से देशभर में प्रदर्शनी के माध्यम से हाथकरघा की साड़ियों को प्रमोट कर रहे हैं। उनकी बुनाई की विरासत पीढ़ियों से चली आ रही है। अपने अनुभव, समर्पण और परंपरा को बनाए रखते हुए वे अब बिलाईगढ़ में ही बुनकरों की कला को बढ़ावा देना चाहते हैं।

साल 2015-16 में उन्हें राज्य सरकार द्वारा स्व. बिसाहू दास महंत स्मृति बुनकर पुरस्कार से सम्मानित किया गया था।

शुद्ध कोसा की पहचान और विशेषता

देवानंद देवांगन बताते हैं कि आजकल बाजार में नकली धागे इतनी सफाई से मिलाए जा रहे हैं कि पहली बार खरीदने वाले ग्राहक भी धोखा खा जाते हैं।
शुद्ध कोसा की पहचान के लिए वे बताते हैं – “साड़ी के एक ताना और एक बाना के धागे को निकालकर जलाएं। यदि वह राख बन जाए तो साड़ी शुद्ध है। अगर प्लास्टिक जैसी गंध और स्ट्रक्चर बन जाए तो उसमें मिलावट है।”

कोसा साड़ियों की खासियत:

प्राकृतिक रूप से प्राप्त धागों से बनी होती हैं।

पूजा-पाठ में पहनना शुभ माना जाता है।

गर्मी में ठंडक और सर्दी में गर्मी का अहसास कराती हैं।

वेजिटेबल डाई से रंगी होती हैं, जिससे रंग कभी नहीं उतरता।

सभी साड़ियाँ पूरी तरह हाथकरघा से बनी होती हैं।

ड्राई क्लीन कराने से इनकी क्वालिटी और बढ़ती है।

समय के साथ इनकी चमक और निखरती जाती है।

अलग-अलग सिल्क की पहचान:

कोसा सिल्क – पतला और मुलायम धागा

घीचा सिल्क – मोटा और रेशा उभरा हुआ

डुपियन सिल्क – मोटा धागा और रेशेदार

टिशू सिल्क – अत्यंत मुलायम क्वालिटी

निष्कर्ष:

देवानंद (मन्नू) देवांगन के यहां मिलने वाली कोसा एवं अन्य सिल्क साड़ियाँ –
शुद्ध, सुंदर, मजबूत, टिकाऊ, आरामदायक और पूजा के लिए उपयुक्त हैं।
इन साड़ियों में किसी प्रकार की मिलावट नहीं होती, जिससे ग्राहकों को असली कोसा का अनुभव मिलता है।

संपर्क एवं पता:

कोसा घर
थाना रोड, बिलाईगढ़, जिला – सारंगढ़ बिलाईगढ़
📍 गूगल मैप पर खोजें: Kosa Ghar
📞 संपर्क: 9179750066 / 9343200751 / 7000670405

सरायपाली/कृषक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय पाटसेंद्री में मनाया गया 15 जुलाई को विश्व युवा कौशल दिवस।

सरायपाली/कृषक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय पाटसेंद्री में मनाया गया 15 जुलाई को विश्व युवा कौशल दिवस।

कृषक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय पाटसेंद्री में संचालित राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई द्वारा प्राचार्य साखीराम पटेल जी के मार्गदर्शन एवं कार्यक्रम अधिकारी सोमेश्वर प्रसाद नायक सहायक जन्मजय पटेल के निर्देशन में विद्यालय के सभागृह में 15 जुलाई को विश्व युवा कौशल दिवस मनाया गया ।सर्वप्रथम मां शारदा तथा युवाओं के प्रेरणा स्रोत स्वामी विवेकानंद के चित्र में दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम प्रारंभ किया गया राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवकों ने शिक्षा के साथ-साथ कौशल विकास पर अपना विचार व्यक्त किया कार्यक्रम अधिकारी नायक जी ने अपने उद्बोधन में स्वामी विवेकानंद के जीवन पर प्रकाश डालते हुए कौशल विकास के महत्व बताया की इसके बहुत सारे लाभ है जैसे बेहतर रुचिकर व्यवसाय के अवसर, व्यक्तिगत विकास के साथ ही आर्थिक विकास में भी सहायक होता है। कौशल विकास व्यक्तियों एवं समुदायों के लिए एक महत्वपूर्ण निवेश होता है जो जीवन भर लाभान्वित करती रहती है,यह व्यक्तिगत ही नहीं अपितु समाज एवं देश के लिए भी महत्वपूर्ण है। अतः वर्ष 2014 में संयुक्त राष्ट्र महासभा ने युवाओं को रोजगार उद्यमिता के लिए कौशल से युक्त करने की रणनीतिक महत्व को ध्यान में रखते हुए 15 जुलाई को विश्व युवा कौशल दिवस (WYSD)के रूप में घोषित किया ताकि युवाओं के भविष्य निर्माण के साथ-साथ स्वरोजगार से शांति एवं विकास संभव हो सके। कार्यक्रम में सहभागी स्वयंसेवकों में लीजा पटेल ,संजना निषाद ,कुमकुम मानिकपुरी , ज्योत्स्ना दास ,कुसुम चौहान,चंद्रहास पटेल ,हेमलता, टिकेश्वरी , टेकचंद ,लीलावती ,दीप्ति ,चित्रसेन, दयासागर, रूपेश, वर्षा , डालींम ,योगेंद्र ,रूपेश, सुजल ,शिवम ,मनीषा, दिव्या भोई ,योगेश डंडसेना,निखिल सेठ , ज्योति सीदार ,काजल दास ,तेजस्विनी साहू ,सुहानी बरिहा, किरण बरिहा ,लिसा निषाद ,चांदनी दास ,तारक पटेल ,सौम्या पटेल ,खुशबू डंडसेना ,किरण बरिहा ,गुलशन यादव, लक्ष्मीकांत चौधरी उपस्थित थे।

बसना/ग्राम हाड़ापथरा मोबाइल के लिए किया वाद-विवाद, गाली-गलौज और मारपीट

बसना/ग्राम हाड़ापथरा मोबाइल के लिए किया वाद-विवाद, गाली-गलौज और मारपीट

हेमकुमार बरिहा पर किशोरी से दुर्व्यवहार और धमकी का आरोप

ग्राम हाड़ापथरा में एक नाबालिग छात्रा के साथ मोबाइल को लेकर हुए विवाद में गाली-गलौज और मारपीट की गंभीर घटना सामने आई है। पीड़िता ग्राम हाड़ापथरा निवासी है और कक्षा 9वीं की छात्रा है। घटना के समय वह घर पर अकेली थी, जब उसके माता-पिता ग्राम बरोली बाजार गए हुए थे।

शाम करीब 6 बजे गांव का ही युवक हेमकुमार बरिहा उसके घर पहुंचा और उसकी मां से बात कराने को कहा। छात्रा ने अपनी मां से मोबाइल पर बात कराई, जिसके बाद हेमकुमार जबरदस्ती उसका मोबाइल लेकर चला गया। जब छात्रा ने मोबाइल वापस मांगा तो आरोपी ने कहा कि “जब तेरी मां पैसा देगी तब मोबाइल दूंगा” और अपने घर चला गया।

मोबाइल लेने के लिए जब छात्रा हेमकुमार के घर गई तो उसने छात्रा को अश्लील गालियां दीं, थप्पड़ मारा और जान से मारने की धमकी दी। बाद में जब पीड़िता की मां घर पहुंची और आरोपी से बात करने गई तो उसे भी गाली-गलौज का सामना करना पड़ा।

घटना की प्रत्यक्षदर्शी सीमरन वैष्णव बताई गई है। छात्रा ने घटना की जानकारी अपने पिता को भी दी और थाने पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामला दर्ज कर भारतीय दंड संहिता की धाराएं 115(2)-BNS, 296-BNS, 351(2)-BNS के तहत जांच शुरू कर दी है।

बागबाहरा/ग्राम कण्डीझर बोकरामुड़ा पति और सास ने की मारपीट, महिला घायल मामला दर्ज

बागबाहरा/ग्राम कण्डीझर बोकरामुड़ा पति और सास ने की मारपीट, महिला घायल मामला दर्ज

बागबाहरा, महासमुंद  ग्राम कण्डीझर बोकरामुड़ा निवासी एक महिला के साथ घरेलू विवाद के चलते मारपीट की घटना सामने आई है। पीड़िता ने अपने पति और सास पर गंभीर आरोप लगाते हुए बागबाहरा थाने में शिकायत दर्ज कराई है।

पीड़िता के अनुसार, घटना दिनांक 14 जुलाई 2025 की दोपहर लगभग 3:00 बजे की है, जब वह अपने घर के सामने बैठी थी। इसी दौरान उसका पति डोमार चक्रधारी, नशे की हालत में घर आया और उसे घर के अंदर बुलाया। घर में प्रवेश करने पर पति ने उसकी मां को लेकर गाली-गलौज शुरू कर दी और महिला को अश्लील व अपमानजनक गालियां दीं। जब पीड़िता ने इसका विरोध किया, तो पति और सास ने मिलकर उसके साथ हाथ-मुक्कों से मारपीट की।

पीड़िता की चीख-पुकार सुनकर आसपास की महिलाएं फूलझरही और उर्मिला मौके पर पहुंचीं और बीच-बचाव कर झगड़ा शांत कराया। इसके पश्चात पीड़िता ने अपने मायके और बड़े पिता तुलसीराम को घटना की जानकारी दी और डायल 112 को फोन कर मौके पर बुलाया। पुलिस ने पीड़िता को प्राथमिक उपचार के लिए सरकारी अस्पताल बागबाहरा पहुंचाया।

पीड़िता ने बताया कि मारपीट से उसके पूरे शरीर में चोटें आई हैं और विशेष रूप से दाहिने कंधे में गंभीर दर्द हो रहा है जिससे वह कार्य नहीं कर पा रही है।

बागबाहरा पुलिस ने पीड़िता की रिपोर्ट पर आरोपियों के विरुद्ध धारा 115(2)-BNS, 296-BNS, 3(5)-BNS के तहत मामला पंजीबद्ध कर लिया है और जांच प्रारंभ कर दी है।

बसना/ छुईपाली टोल प्लाजा के पास तेज रफ्तार लापरवाही बनी जानलेवा, मोटरसाइकिल सवार युवक की हादसे में मौत

बसना/ छुईपाली टोल प्लाजा के पास तेज रफ्तार लापरवाही बनी जानलेवा, मोटरसाइकिल सवार युवक की हादसे में मौत

बसना, महासमुंद | थाना बसना क्षेत्र के छुईपाली टोल प्लाजा के पास एक दर्दनाक सड़क दुर्घटना में युवक की मौत हो गई। मृतक की पहचान सरायपाली निवासी दुष्यंत सोनी के रूप में हुई है, जो अपने साथी दिनेश सारथी के साथ मोटरसाइकिल से लौट रहा था।

थाना बसना में पदस्थ प्रधान आरक्षक द्वारा दर्ज मर्ग क्रमांक 48/2025 की जांच के दौरान मृतक के चाचा रविशंकर सोनी, साथी दिनेश सारथी एवं प्रत्यक्षदर्शी दीपक मिश्रा के बयान दर्ज किए गए। इन बयानों के अनुसार, दिनांक 13 जून 2025 को दोपहर लगभग 2 बजे दुष्यंत सोनी अपने साथी दिनेश सारथी के साथ मोटरसाइकिल क्रमांक CG22U6146 से सिंघनपुर की ओर से सरायपाली लौट रहा था। इसी दौरान छुईपाली टोल प्लाज़ा से पहले पीछे से आ रही एक अन्य मोटरसाइकिल (क्रमांक CG13AW4902) के चालक ने तेज़ रफ्तार, लापरवाही और खतरनाक तरीके से वाहन चलाते हुए इनकी बाइक को पीछे से टक्कर मार दी।

टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि दोनों युवक मोटरसाइकिल से गिर पड़े, और दुष्यंत सोनी का सिर सड़क किनारे लगे खंभे से टकरा गया, जिससे उसे गंभीर चोट आई। साथी दिनेश सारथी को भी दाहिने पैर में चोट आई। तत्काल दोनों को इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) सरायपाली ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने दुष्यंत सोनी को मृत घोषित कर दिया।

जांच के पश्चात प्राप्त पीएम रिपोर्ट एवं गवाहों के कथनों के आधार पर पुलिस ने मोटरसाइकिल क्रमांक CG13AW4902 के चालक के खिलाफ भारतीय न्यायदंड संहिता (BNS) की धारा 281, 125(A), 106(1) एवं मोटर वाहन अधिनियम की धारा 184 के अंतर्गत अपराध पंजीबद्ध किया है।

पुलिस मामले की विवेचना कर रही है।

पटवारी धर्मेन्द्र मन्नाडे के खिलाफ तत्काल कार्रवाई करने की मांग कलेक्टर को ज्ञापन : अशवंत तुषार साहू 

पटवारी धर्मेन्द्र मन्नाडे के खिलाफ तत्काल कार्रवाई करने की मांग कलेक्टर को ज्ञापन : अशवंत तुषार साहू

महासमुंद भाजपा किसान नेता अशवंत तुषार साहू ने कलेक्टर को ज्ञापन देकर ग्राम खैरझिटी पटवारी हल्का नंबर 6 की शिकायत किया, और अपने ज्ञापन में कहा खैरझिटी के पटवारी धर्मेंद्र मन्नाडे ने डेरहू राम साहू पिता आशा राम साहू की लगभग 5 एकड़ जमीन को और देवनारायण साहू पिता आशा राम साहू की 60 डिसमिल खेती की जमीन को पटवारी ने अपने रिश्तेदार पुष्पेंद्र पिता कांशीराम के नाम में परिवर्तित कर जमीन को कुछ खरीदारों के पास बेंच दी। रजिस्ट्री के दो दिन पूर्व 29 जून 2025 को ग्रामीणों को मामले की जानकारी तब हुई जब खरीदार बेची गई जमीन का मुआयना करने ग्राम पंचायत पहुंचे थे।

किसानों की जमीन बेचे जाने की जानकारी मिलते ही किसान 30 जून 2025 को रजिस्टर के कार्यालय पहुंचे और रजिस्ट्री पर अपनी आपत्ति दर्ज करने आवेदन देकर मामले की शिकायत कलेक्टर कार्यालय में किया गया है।

महासमुंद जिले में पटवारियों के कारनामे किसी से छुपे नहीं है, एक के बाद एक नित नए कारनामे देखने को मिल रहे हैं, और इन पटवारियों पर जिला प्रशासन की कार्रवाई ना के बराबर ही रही है। ऐसा ही एक मामला फिर महासमुंद जिले में सामने आया है, जहां पटवारी ने गलत तरीके से दो ग्रामीणों की जमीन अपने रिश्तेदार के नाम पर चढ़ा कर बेचने की नाकाम कोशिश की है।

ग्रामीणों ने कहा पटवारी धर्मेन्द्र मन्नाडे ने 2023 में ग्रामीणों की जमीन अपने रिश्तेदार के नाम पटवारी रिकॉर्ड में गुपचुप तरीके से चढ़ा लिया था। ग्रामीणों का कहना है कि पटवारी धर्मेन्द्र मन्नाडे पटवारी होने के आड़ लेकर जमीन की खरीद फरोख्त में शामिल रहता है। कह सकते हैं कि पटवारी जमीन की दलाली करता है। पटवारी की शिकायत के बाद अब तक जिला प्रशासन ने सिर्फ अब तक ग्रामीणों को आश्वासन मात्र दिया है। ग्रामीण न्याय के लिए कलेक्टर और तहसीलदार के दफ्तर के चक्कर काट रहे हैं।

कलेक्टर को ज्ञापन देकर तत्काल कार्रवाई करने की मांग किया

छत्तीसगढ़ : राज्य में भू-अभिलेखों के डिजिटलीकरण पर दिया ज़ोर

छत्तीसगढ़ : राज्य में भू-अभिलेखों के डिजिटलीकरण पर दिया ज़ोर

पारदर्शिता तथा अद्यतन भू-अभिलेखों की उपलब्धता सुनिश्चित करें-केंद्रीय भूमि संसाधन सचिव श्री मनोज जोशी

छत्तीसगढ़ में भू-अभिलेख आधुनिकीकरण एवं नक्शा परियोजना की समीक्षा हेतु तीन दिवसीय दौरा कार्यक्रम

छत्तीसगढ़ राज्य में डिजिटल इंडिया लैंड रिकॉर्ड्स मॉडर्नाइजेशन प्रोग्राम (DILRMP) तथा नक्शा परियोजना के कार्यों की प्रगति की समीक्षा के लिए भारत सरकार, ग्रामीण विकास मंत्रालय, भूमि संसाधन विभाग (DOLR) के वरिष्ठ अधिकारियों का तीन दिवसीय दौरा कार्यक्रम निर्धारित किया गया है। इस क्रम में भारत सरकार के भूमि संसाधन विभाग के सचिव श्री मनोज जोशी एवं संयुक्त सचिव श्री कुणाल सत्यार्थी ने आज न्यू सर्किट हाऊस नवा रायपुर में डिजिटल इंडिया लैंड रिकॉर्ड्स मॉडर्नाइजेशन प्रोग्राम (DILRMP) तथा ‘नक्शा परियोजना’ की प्रगति की समीक्षा की। इस बैठक में राजस्व विभाग के सचिव श्री अविनाश चंपावत,महानिरीक्षक पंजीयन श्री पुष्पेंद्र मीणा,भू संचालक श्री विनीत नन्दनवार, भूमि संसाधन विभाग के डॉ. एम.के.स्टॅलिन सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।

बैठक के दौरान केंद्रीय सचिव भूमि संसाधन श्री मनोज जोशी  विभागीय अधिकारियों के साथ भू-अभिलेख के संधारण, सर्वे आदि की प्रगति की विस्तृत समीक्षा एवं परियोजनाओं के सफल क्रियान्वयन हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राजस्व न्यायालय के लंबित प्रकरणों को शीघ्र निराकरण करने के लिए अनावश्यक तिथि बढ़ाये जाने की परंपरा को रोका जाए। जिओरिफ्रेंसिंग के कार्य को पूर्ण कर किसानों के हित मे उपयोग करें। इसके लिए ध्यान रखें कि भूमि के क्षेत्र और सीमा में वेरिएशन कम से कम हो। जमीन से संबंधित प्रकरणों को निराकृत करने के लिए विशेष राजस्व अधिकारियों की नियुक्ति की जा सकती है। राज्य में भूमि सर्वे या रिसर्वे के कार्याे को क्षेत्रानुसार अलग-अलग वेंडरों को दिया जाय ताकि काम समय पर पूरा हो। उन्होंने कहा कि राज्य में भूमि सर्वे या रिसर्वे के काम को प्रशासन द्वारा कुछ गांव को मॉडल के रूप में लेकर भी किया जा सकता है। इसी तरह जमीन दस्तावेजों के साथ भू-स्वामियों के बारे में यथा आधार कार्ड,मोबाइल नंबर आदि की सम्पूर्ण जानकारी को सुरक्षित रखा जाए। इस जानकारी का उपयोग भू-स्वामियों के लिए जमीन के उपयोग,बैंक ऋण या खरीदी-बिक्री आदि में हो सकेगा।इस समीक्षा बैठक का उद्देश्य छत्तीसगढ़ राज्य में भूमि अभिलेख आधुनिकीकरण और नक्शा परियोजना की प्रगति को गति देना तथा सुचारू क्रियान्वयन सुनिश्चित करना है।

गौरतलब है कि केंद्रीय राजस्व सचिव 14  से 16 जुलाई 2025 तक राज्य के दौरे में हैं। इस महत्वपूर्ण दौरे का उद्देश्य राज्य में भूमि अभिलेखों के डिजिटलीकरण, पारदर्शिता तथा अद्यतन भू-अभिलेखों की उपलब्धता को सुनिश्चित करना है ताकि आमजन को समयबद्ध एवं सुगम सेवाएं प्राप्त हो सकें। छत्तीसगढ़ शासन एवं संबंधित विभागों द्वारा इस दिशा में किए जा रहे प्रयासों को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए यह समीक्षा बैठक मील का पत्थर सिद्ध होगी।

 

छत्तीसगढ़: ऑपरेशन सिन्दूर: भारत की ताकत, संकल्प और वैश्विक नेतृत्व क्षमता का प्रमाण- मुख्यमंत्री श्री साय

रायपुर : ऑपरेशन सिन्दूर: भारत की ताकत, संकल्प और वैश्विक नेतृत्व क्षमता का प्रमाण- मुख्यमंत्री श्री साय

ऑपरेशन सिन्दूर पर छत्तीसगढ़ की जनता को गर्व: मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने जताया प्रधानमंत्री के प्रति आभार

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा है कि ऑपरेशन सिन्दूर के दौरान प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की कुशल रणनीति और नेतृत्व क्षमता को पूरे देश ने देखा है। यह केवल एक मिशन नहीं था, बल्कि भारत की ताकत, संकल्प और वैश्विक नेतृत्व क्षमता का जीवंत प्रमाण है। श्री साय आज विधानसभा में ऑपरेशन सिन्दूर के सफल क्रियान्वयन हेतु प्रस्तुत धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा कर रहे थे। उन्होंने समस्त छत्तीसगढ़वासियों की ओर से प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी को ऑपरेशन सिन्दूर के सफल संचालन के लिए धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ की जनता को इस ऑपरेशन की सफलता पर गर्व है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि ऑपरेशन सिन्दूर ने एक बार फिर यह सिद्ध कर दिया कि भारत अब ऐसा राष्ट्र बन चुका है जो अपने नागरिकों की सुरक्षा के लिए किसी भी परिस्थिति में, किसी भी सीमा तक जाकर, त्वरित, निर्णायक और प्रभावी कार्यवाही करने में सक्षम है। ऐसे अभियान केवल सैन्य या कूटनीतिक सफलता का प्रतीक नहीं होते, बल्कि वे संपूर्ण राष्ट्र की भावना का प्रतिनिधित्व करते हैं। हमारे राष्ट्रीय नेतृत्व का दृष्टिकोण स्पष्ट है — हर भारतीय का जीवन बहुमूल्य है, चाहे वह देश में हो या विदेश में। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस ऑपरेशन के केंद्र में समन्वय और निर्णय क्षमता की जो धुरी रही, वह हैं – प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी। प्रधानमंत्री श्री मोदी की सक्रिय भागीदारी, व्यक्तिगत निगरानी और स्पष्ट निर्देशों के कारण ही यह मिशन समयबद्ध, सुरक्षित और सफलतापूर्वक सम्पन्न हो पाया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जब हम “वसुधैव कुटुंबकम” की भावना की बात करते हैं, तो ऐसे मिशन हमें यह विश्वास दिलाते हैं कि भारत केवल अपने नागरिकों की ही नहीं, बल्कि सम्पूर्ण मानवता की रक्षा के लिए भी कर्तव्यनिष्ठ है। प्रधानमंत्री श्री मोदी जी के नेतृत्व में भारत की साख अंतरराष्ट्रीय मंचों पर नई ऊंचाइयों को स्पर्श कर रही है। ऑपरेशन गंगा, ऑपरेशन कावेरी, ऑपरेशन देवी शक्ति, और अब ऑपरेशन सिन्दूर — भारत ने बार-बार यह सिद्ध किया है कि वह वैश्विक संकटों में मूक दर्शक नहीं, बल्कि सक्रिय संकट-निवारक राष्ट्र है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पहलगाम की वीभत्स घटना के पश्चात हमारे प्रदेश के सपूत स्वर्गीय दिनेश मिरानिया का पार्थिव शरीर भी लौटकर आया। मैंने स्वयं उनके परिवार की पीड़ा को देखा। हमारी बहन ने अपनी आँखों के सामने अपना सुहाग उजड़ते देखा — यह पीड़ा कितनी गहरी है, यह पूरा सदन समझ सकता है। आतंकियों ने उन्हें केवल इस कारण मार डाला कि वे नहीं चाहते थे कि जम्मू-कश्मीर, जो भारत का अभिन्न अंग है, उसमें अन्य प्रांतों के नागरिकों की आवाजाही हो सके। उन्हें धर्म देखकर मारा गया। देश भर की माताओं-बहनों के बिलखने की तस्वीरें सामने आईं और इनके साथ पूरा देश रोया। यह एक ऐसी अमानवीय घटना थी, जिसमें सम्पूर्ण मानवता तार-तार हो गई।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जहां आतंकवादियों ने निर्दोष लोगों का रक्त बहाया, वहीं भारतीय सेना ने जवाबी कार्रवाई में इस बात का विशेष ध्यान रखा कि पाकिस्तान के आम नागरिकों को कोई क्षति न पहुँचे। हमारे नेतृत्व ने यह स्पष्ट कर दिया कि भारत किसी को छेड़ता नहीं, परंतु छेड़ने वालों को छोड़ता भी नहीं। ऑपरेशन सिन्दूर के माध्यम से भारत ने स्पष्ट संदेश दिया है कि हम प्रत्येक रक्त की बूँद का हिसाब लेते हैं। जिन आतंकी ठिकानों पर हमला किया गया, वे संसद हमले, मुंबई हमले, अक्षरधाम हमला और पुलवामा जैसी भीषण घटनाओं में लिप्त थे। भारत ने आतंकवाद को शह देने वाले देशों को विश्व मंच पर बेनकाब किया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत ने सदैव शांति को प्राथमिकता दी है, परंतु संप्रभुता पर किसी भी प्रकार का हमला बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और उसका माकूल उत्तर दिया जाएगा। जो देश आतंकवादियों की भाषा बोलते हैं, वे आज वैश्विक मंचों पर अलग-थलग पड़ चुके हैं — इसका श्रेय भारतीय नेतृत्व की अडिग इच्छाशक्ति को जाता है। पाकिस्तान समर्थित आतंकवाद को बेनकाब करने हेतु प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी ने जिस प्रकार सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल विभिन्न देशों में भेजा, वह भारतीय लोकतंत्र की सुंदरता और “एक भारत श्रेष्ठ भारत” की भावना का आदर्श उदाहरण है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें गर्व है कि उन्हें यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व वाली मंत्रिपरिषद में कार्य करने का अवसर प्राप्त हुआ। उनके व्यक्तित्व में संकल्प, समन्वय और संवेदनशीलता का अद्भुत संगम देखने को मिलता है। रक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने हेतु प्रधानमंत्री जी ने जो सतत परिश्रम किया, उसका प्रभाव हमें ऑपरेशन सिन्दूर में प्रत्यक्ष रूप से देखने को मिला। यह ऑपरेशन 140 करोड़ देशवासियों की एकजुटता और अखंडता का प्रतीक बन चुका है और सदा स्मरणीय रहेगा।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि ऑपरेशन सिन्दूर केवल आतंकवाद के विरुद्ध कार्रवाई नहीं, बल्कि यह नारी सम्मान और शक्ति का भी प्रतीक है,  मातृशक्ति को समर्पित एक ऐतिहासिक सैन्य-संकल्प है।