महासमुंद/पुनरीक्षित हॉफ बिजली बिल योजना से जिले के एक लाख 40 हजार से अधिक सामान्य और कमजोर वर्ग के उपभोक्ता होंगे लाभान्वित

महासमुंद/पुनरीक्षित हॉफ बिजली बिल योजना से जिले के एक लाख 40 हजार से अधिक सामान्य और कमजोर वर्ग के उपभोक्ता होंगे लाभान्वित

महासमुन्द/ छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा घरेलू उपभोक्ताओं को राहत देने हेतु हॉफ बिजली बिल योजना में संशोधन करते हुए अब 100 यूनिट तक की मासिक खपत पर 50 प्रतिशत रियायत देने का निर्णय लिया गया है। अधीक्षण अभियंता (वृत्त) श्री वाय. के. मनहर ने बताया कि पुनरीक्षित योजना से महासमुन्द जिले के लगभग एक लाख 40 हजार 393 सामान्य और कमजोर वर्ग के उपभोक्ता लाभान्वित होंगे। जिले के 56 हजार 501 बीपीएल परिवारों को पूर्ववत 30 यूनिट तक मुफ्त बिजली मिलती रहेगी, साथ ही वे हॉफ बिजली बिल योजना के अन्य लाभों के भी पात्र बने रहेंगे।

इसी कड़ी में प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना को भी जिले में प्रभावी रूप से लागू किया जा रहा है। इस योजना के तहत रूफटॉप सोलर प्लांट लगाने पर उपभोक्ताओं को अधिकतम एक लाख 08 हजार तक की सब्सिडी प्रदान की जा रही है। इनमें 2 किलोवॉट प्लांट पर 90 हजार तक सब्सिडी जिसमें 60 हजार केंद्र और 30 हजार राज्य सरकार द्वारा एवं 3 किलोवॉट प्लांट पर एक लाख 08 हजार सब्सिडी जिसमें 78 हजार केंद्र और 30 हजार रुपए राज्य सरकारी की ओर से सब्सिडी मिलती है। बैंक ऋण के लिए 6.3 से 6.5 प्रतिशत वार्षिक ब्याज दर पर आसान दस्तावेज़ों के साथ वित्तीय सहायता उपलब्ध है, जिसमें बिजली बिल, आधार, पैन कार्ड, वेंडर कोटेशन व फिज़िबिलिटी रिपोर्ट शामिल हैं।

अब तक जिले में 2759 आवेदन प्राप्त हुए हैं। 2006 उपभोक्ताओं ने वेंडर का चयन कर लिया है। 319 घरों में सोलर प्लांट स्थापित कर निरीक्षण पूर्ण हुआ है एवं 230 हितग्राहियों को सब्सिडी का भुगतान भी किया जा चुका है।

उल्लेखनीय है कि वर्तमान में बाजार में 3 किलोवॉट तक के डीसीआर सोलर सिस्टम की कीमत 1.8 लाख से 2.10 लाख तक है, जिसमें सब्सिडी घटाकर शेष राशि उपभोक्ताओं को वहन करनी होती है। कई बीमा कंपनियां सोलर प्लांट का बीमा भी उपलब्ध करा रही हैं। 2 किलोवॉट या उससे अधिक क्षमता वाले प्लांट से प्रतिमाह औसतन 240 यूनिट से अधिक बिजली का 25 साल तक कर सकते हैं, जो 03 अगस्त 2025 के पहले लागू हॉफ बिजली योजना से मिलने वाली अधिकतम छूट 400 यूनिट पर 200 यूनिट रियायत से भी ज्यादा है। जिससे उपभोक्ता न सिर्फ स्वयं की बिजली जरूरतें पूरी कर सकते हैं, बल्कि अतिरिक्त बिजली ग्रिड को बेचकर आय अर्जित भी कर सकते हैं। यह योजना न सिर्फ स्वच्छ ऊर्जा, आर्थिक बचत और ऊर्जा आत्मनिर्भरता की ओर प्रेरित करेगी, बल्कि पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी एक बड़ा कदम साबित होगा।

उपभोक्ताओं को इन योजनाओं का लाभ पूरी तरह ऑनलाइन प्रक्रिया के माध्यम से प्रदान किया जा रहा है। अधिक जानकारी और आवेदन के लिए उपभोक्ता https://pmsuryaghar.gov.in पोर्टल पर अवलोकन कर सकते हैं अथवा पीएम सूर्यघर मोबाईल ऐप सीएसपीडीसीएल के वेबसाईट, मोर बिजली ऐप एवं बिजली कंपनी की टोल फ्री नंबर 1912 पर कॉल कर आवेदन कर सकते है। अधिक जानकारी के लिए सीएसपीडीसीएल के नजदीकी बिजली दफ्तर में संपर्क कर सकते है। इस स्कीम के तहत उपभोक्ता सौर प्लांट के स्थापना हेतु वेंडर का चयन ऑनलाईन खुद कर सकते है।

सौर प्लांट स्थापित होने के बाद केन्द्र एंव राज्य से प्राप्त होने वाली सब्सिडी राशि सीधे उपभोक्ता के खाते में अथवा बैंक से लोन लेने वाले प्रकरण में सीधे बैंक के खाते में प्राप्त होगी। इच्छुक हितग्राही जो इस योजना का लाभ लेना चाहते है, वे आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर आवेदन कर सकते है और एक उज्ज्वल और हरित भविष्य की ओर कदम बढ़ा सकते है।

महासमुंद/पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत शिविर का आयोजन 30 से अधिक कर्मचारियों ने दी सोलर पैनल लगाने की सहमति

महासमुंद/पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत शिविर का आयोजन 30 से अधिक कर्मचारियों ने दी सोलर पैनल लगाने की सहमति

महासमुन्द/ प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के प्रचार-प्रसार एवं लाभान्वयन हेतु 06 अगस्त को विद्युत वितरण विभाग द्वारा बीटीआई रोड स्थित विद्युत कंपनी परिसर में शिविर का आयोजन किया गया। यह शिविर छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड (सीएसपीडीसीएल) के महासमुन्द ग्रामीण वितरण केन्द्र परिसर में संपन्न हुआ।

शिविर में अधीक्षण अभियंता (वृत्त) श्री वाय. के. मनहर एवं कार्यपालन अभियंता (सं/स) श्री पी. आर. वर्मा द्वारा उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना के तहत अपने मकानों की छतों पर रूफटॉप सोलर पैनल अनिवार्य रूप से लगाने हेतु प्रेरित किया गया। उन्होंने इस महत्वाकांक्षी योजना के लाभ, पर्यावरणीय महत्व तथा दीर्घकालिक बचत की जानकारी भी साझा की। शिविर के दौरान लगभग 30 अधिकारियों-कर्मचारियों ने अपने घरों में रूफटॉप सोलर पैनल स्थापित करने हेतु सहमति दी, जिससे स्पष्ट होता है कि यह योजना विभागीय कर्मचारियों के बीच भी उत्साहपूर्वक अपनाई जा रही है।

इस अवसर पर कार्यपालन अभियंता श्री एल. के. राठौर, श्रीमती मुक्तेश्वरी साहू, एस. के. लांझी, व्ही. के. टंडन, नरेन्द्र साहू, एम. एल. सिन्हा, सुरेश साहू, ए. के. ध्रुव, के. एल. निर्मलकर, वर्धमान आनंद उइके, अमर सिंह कंवर, गौतम राज, अनिल कश्यप, प्रखर कुमार चन्द्रवंशी, भूपेन्द्र कुमार साहू, प्रभात श्रीवास्तव, राजेश देवांगन, डोमार चन्द्राकर, अश्वनी तिवारी, कमलेश चन्द्राकर, कृष्ण कुमार तावेरकर, श्रीमती सुमित्रा जटवार, शैलेन्द्र भुवाल, श्रीमती राधा चन्द्राकर, श्रीमती झमित उइके, विकास गिरी गोस्वामी, अमित चन्द्राकर, रेणुका वर्मा, गिरजा साहू, सूरज वर्मा, भुनेश्वर पटेल, धनेश साहू, डिगेश पटेल, रेखुराम साहू सहित कुल 100 से अधिक अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

महासमुंद/सांकरा ग्राम लालमाटी में अवैध शराब के साथ एक आरोपी गिरफ्तार, 60 लीटर हाथ भट्ठी शराब जब्त

महासमुंद/सांकरा ग्राम लालमाटी में अवैध शराब के साथ एक आरोपी गिरफ्तार, 60 लीटर हाथ भट्ठी शराब जब्त

 

महासमुंद /थाना सांकरा पुलिस ने अवैध शराब के विरुद्ध बड़ी कार्रवाई करते हुए ग्राम लालमाटी के सिदार पोल्ट्री फार्म से एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। आरोपी के कब्जे से 60 लीटर हाथ भट्ठी महुआ शराब बरामद की गई, जिसकी कीमत लगभग 12,000 रुपये आंकी गई है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, प्रार्थी प्रधान आरक्षक नीलकंठ नायक अपने हमराह स्टाफ व आरक्षकों के साथ दिनांक 06 अगस्त को ग्राम सल्डीह की ओर गश्त पर रवाना हुए थे। इसी दौरान उन्हें मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि ग्राम लालमाटी चौक स्थित सिदार पोल्ट्री फार्म में एक व्यक्ति अवैध रूप से शराब बेचने के लिए रखे हुआ है।

सूचना की तस्दीक के लिए दो स्वतंत्र गवाहों के साथ मौके पर पहुंची टीम ने घेराबंदी कर दबिश दी। मौके पर सुरेश सिदार (उम्र 35 वर्ष), निवासी लालमाटी थाना सांकरा, उपस्थित मिला। पूछताछ करने पर उसने शराब रखना स्वीकार किया और एक नीले रंग की 60 लीटर क्षमता वाली जरकीन में भरी हाथ भट्ठी महुआ शराब को पेश किया, जिसे मौके पर सीलबंद कर जप्त किया गया।

आरोपी के पास शराब रखने के वैध दस्तावेज नहीं पाए गए, जिसके चलते उसे धारा 34(2) छत्तीसगढ़ आबकारी अधिनियम के तहत गिरफ्तार किया गया। आरोपी को विधिवत रूप से गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।

पुलिस ने बताया कि यह मामला अजमानतीय श्रेणी का है और देहाती नालसी के आधार पर थाना सांकरा में अपराध क्रमांक 0/2025 दर्ज किया गया है।

महासमुंद : नगर पंचायत पिथौरा में गोवंश की सुरक्षा और सड़क सुरक्षा के लिए नई मुहिम शुरू

 

महासमुंद 6 अगस्त 2025/ नगर पंचायत पिथौरा ने एक सराहनीय और अभिनव पहल करते हुए आवारा घूमंतु गोवंश की सुरक्षा के साथ-साथ आम नागरिकों की सड़क सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में महत्त्वपूर्ण कदम उठाया है। पशु चिकित्सा विभाग के सहयोग से नगर क्षेत्र में कुल 45 गोवंशों को रेडियम बेल्ट पहनाया गया और 90 गोवंशों को टैग किया गया है जिससे उनकी पहचान और निगरानी आसान हो गई है। यह अभियान कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह के निर्देश पर

चलाई जा रही है, जिसकी सीएमओ बिरजू सोनबर द्वारा सतत मॉनिटरिंग की जा रही है। इस अभियान के तहत एक विशेष निगरानी दल भी गठित किया गया है, जिसका नेतृत्व नोडल अधिकारी रूपलाल सिन्हा, प्रभारी अधिकारी नितिन सिंह, सफाई दरोगा एवं चार कर्मचारी कर रहे हैं। यह दल मुख्य रूप से बस स्टैंड, गार्डन चौक, बार चौक, लहरौद पड़ाव और रामकुमार राजपूत मार्ग क्षेत्र में प्रभावी निगरानी कर रहा है।

रेडियम बेल्ट विशेष रूप से रात्रि समय में वाहनों को गोवंश की उपस्थिति का संकेत देती है, जिससे सड़क दुर्घटनाओं में गिरावट की संभावना है। साथ ही, टैगिंग के ज़रिए गोवंशों की निगरानी और मालिकों की पहचान सुनिश्चित की जा रही है।
नगर पंचायत ने यह भी फैसला लिया है कि यदि कोई भी गोपालक अपने पशुओं को आवारा अवस्था में सड़क पर

छोड़ता है, और वह पशु पकड़ा जाता है, तो गोपालक पर एक हजार रुपए जुर्माना लगाया जाएगा। इस दंडात्मक प्रावधान से पशुपालकों में ज़िम्मेदारी की भावना विकसित होगी। जनता और गौवंश दोनों की सुरक्षा यह पहल केवल गोवंश की ही नहीं, बल्कि नागरिकों की भी सुरक्षा सुनिश्चित करती है। सड़क पर मवेशियों के अनियंत्रित विचरण से होने वाली दुर्घटनाओं पर रोक लगाने के लिए यह एक प्रभावी कदम है।

महासमुंद/ग्राम हरनादादर पण्डवानी कार्यक्रम के दौरान युवक पर हमला, सिर में गंभीर चोट रिपोर्ट दर्ज

महासमुंद/ग्राम हरनादादर पण्डवानी कार्यक्रम के दौरान युवक पर हमला, सिर में गंभीर चोट रिपोर्ट दर्ज

महासमुंद /ग्राम हरनादादर (थाना बागबाहरा) में 5 अगस्त की रात पण्डवानी कार्यक्रम के दौरान एक युवक पर पुरानी रंजिश को लेकर जानलेवा हमला कर दिया गया। पीड़ित की शिकायत पर बागबाहरा थाना में मामला दर्ज किया गया है।

पीड़ित युवक ने बताया कि वह गांव के गौठान के पास आयोजित पण्डवानी कार्यक्रम देखने गया था। तभी गांव का ही एक व्यक्ति चुलेश गाड़ा वहां आया और पुरानी रंजिश को लेकर मां-बहन की अश्लील गालियां देने लगा तथा जान से मारने की धमकी दी। इसी दौरान उसने अपने हाथ में पहने चुड़ा से सिर पर वार कर दिया, जिससे युवक के सिर में गंभीर चोट आई और खून बहने लगा।

घटना की सूचना डायल 112 को दी गई, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और घायल को इलाज के लिए तत्काल बागबाहरा के सरकारी अस्पताल ले जाया गया। इलाज के बाद युवक की स्थिति में सुधार हुआ और उसने 6 अगस्त को बागबाहरा थाना में अपनी रिपोर्ट दर्ज कराई।

पीड़ित ने बताया कि घटना के समय दादू नेताम, महेन्द्र सहित कई ग्रामीण मौजूद थे, जिन्होंने बीच-बचाव भी किया। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा 115(2)-BNS, 296-BNS, 351(2)-BNS के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

महासमुंद/ग्राम झलप बाइक चोरी की वारदात: घर के बाहर से अज्ञात चोर ने उड़ाई Pulsar बाइक

महासमुंद/ग्राम झलप बाइक चोरी की वारदात: घर के बाहर से अज्ञात चोर ने उड़ाई  Pulsar बाइक

 

महासमुंद/ग्राम झलप थाना पटेवा क्षेत्र के ग्राम झलप स्थित वृन्दावन कॉलोनी में बाइक चोरी की एक घटना सामने आई है। पीड़ित ने 04 अगस्त की सुबह जब घर से बाहर निकलकर देखा तो उसकी बाइक घर के बाहर से गायब थी।

जानकारी के अनुसार, निवासी नं. 20 वृन्दावन कॉलोनी, ग्राम झलप, थाना पटेवा जिला महासमुंद निवासी एक व्यक्ति जो वर्तमान में राजस्व निरीक्षक मंडल झलप के अंतर्गत हल्का नंबर 26 में पटवारी के पद पर कार्यरत हैं, ने रिपोर्ट दर्ज कराई है कि उनका बड़ा बेटा जयकुमार चन्द्राकर अपनी मोटर सायकल BAJAJ PULSAR RS 200 (क्रमांक CG 04 PW 6118) को दिनांक 02 अगस्त 2025 को घर के बाहर लॉक कर खड़ा करके उज्जैन (म.प्र.) चला गया था।

दिनांक 03 अगस्त की रात करीब 11 बजे तक बाइक घर के बाहर खड़ी दिखी थी, लेकिन 04 अगस्त की सुबह 6 बजे जब वे घर से बाहर निकले तो बाइक वहां से गायब थी।

काफी तलाश के बावजूद जब बाइक का कोई सुराग नहीं मिला, तो दिनांक 06 अगस्त 2025 को थाने में शिकायत दर्ज कराई गई। चोरी गई बाइक की अनुमानित कीमत करीब ₹60,000 बताई जा रही है।

प्रकरण में अज्ञात चोर के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 303(2) के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस मामले की विवेचना में जुटी हुई है।

महासमुंद/पति और बेटे ने महिला से की मारपीट, घर से निकाला; थाने में दर्ज हुई शिकायत

महासमुंद/पति और बेटे ने महिला से की मारपीट, घर से निकाला; थाने में दर्ज हुई शिकायत

 

महासमुंद /पति और बेटे द्वारा मारपीट कर घर से निकाल दिए जाने के मामले में एक महिला ने थाना तुमगांव में शिकायत दर्ज कराई है। पीड़िता रूखमणी जायसवाल, जो मूलतः वार्ड क्रमांक 10, नगर पंचायत खरोरा, जिला रायपुर की निवासी हैं, ने बताया कि वह फिलहाल अपने मायके खैरझिटी (थाना तुमगांव) में रह रही थीं।

 

महिला ने बताया कि 04 अगस्त को जब वह अपने छोटे बेटे भावेश (उम्र 8 वर्ष) के साथ मायके से अपने घर खरोरा पहुंची, तो उसके पति मोहन जायसवाल और बड़े बेटे टेकेश्वर जायसवाल ने घर में घुसने से मना कर दिया। दोनों ने गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी। बेटा टेकेश्वर बेल्ट से मारते रहा और पति ने हाथ-मुक्के से पिटाई की, जिससे महिला को गंभीर चोटें आईं।

 

महिला ने बताया कि वह दो महीने से अपने मायके में बेटे की पढ़ाई के कारण रह रही थी। जब वह अपने छोटे बेटे को लेकर ससुराल गई, तो उसे ठहरने तक नहीं दिया गया और वापस जाने का दबाव बनाया गया।

 

पीड़िता ने इस संबंध में थाना तुमगांव में आवेदन देकर कार्यवाही की मांग की है। मामले में धारा 115(2)-BNS, 296-BNS, 3(5)-BNS के तहत अपराध पंजीबद्ध कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।

 

पुलिस द्वारा महिला का मेडिकल परीक्षण भी करवाया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

महासमुंद सिंघोड़ा : चोर गैंग की कार से कुचले गए आम नागरिक की मौत, पुलिस ने गिरोह को दबोचा 2 कार से आए थे गैंग

 

 

महासमुंद जिले के सरायपाली सिंघोड़ा क्षेत्र में पुलिस ने आज तड़के एक सक्रिय बकरी चोर गैंग को दबोच लिया। यह गिरोह दो कारों में सवार होकर भाग रहा था, लेकिन पुलिस की सक्रिय कार्रवाई ने उन्हें पकड़ने में सफलता दिलाई। हालांकि, इस पूरी कार्रवाई के दौरान एक निर्दोष व्यक्ति की जान चली गई।

भागते चोरों ने आम आदमी को कुचला, मौके पर ही मौत

सूत्रों के अनुसार, बकरी चोर गिरोह दो वाहनों — स्कार्पियो और एक आर्टिका कार में सवार था। पुलिस द्वारा पीछा किए जाने पर चोरों ने तेज रफ्तार में भागने की कोशिश की, इसी दौरान उन्होंने सड़क से गुजर रहे एक मोटरसाइकिल सवार आम नागरिक को कुचल दिया। बताया जा रहा है कि मृतक लहसुन-मिर्च बेचने का काम करता था और घटना के वक्त वह कहीं सामान बेचने जा रहा था। घटना स्थल पर ही उसकी दर्दनाक मौत हो गई।

फिलहाल पुलिस मृतक की पहचान में जुटी हुई है, लेकिन अब तक उसकी पहचान नहीं हो पाई है।

इलाके में पहले से सक्रिय था गिरोह, हो चुकी थी शिकायतें

सरायपाली और सिंघोड़ा क्षेत्र के ग्रामीण इस बकरी चोर गैंग से पहले से परेशान थे। कई किसानों की दर्जनों बकरियां चोरी हो चुकी थीं। कुछ दिन पहले थाने में इन घटनाओं को लेकर एफआईआर भी दर्ज की गई थी, लेकिन आरोपी गिरोह पकड़ से बाहर था।

गिरफ्तारी और पूछताछ जारी

पुलिस ने गिरोह के कुछ सदस्यों को कार सहित पकड़ लिया है और थाने लाया गया है। कुछ आरोपी कार छोड़कर भाग गए थे, जिन्हें भी बाद में दबोच लिया गया। पूछताछ जारी है और पुलिस को उम्मीद है कि गिरोह के अन्य सदस्यों के बारे में भी महत्वपूर्ण जानकारी मिलेगी।

ग्रामीणों में आक्रोश, न्याय की मांग

इस घटना के बाद क्षेत्र में भारी आक्रोश है। ग्रामीणों ने मांग की है कि चोरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए!

सिंघोड़ा/ ग्राम गहनाखार में बिजली खंभे से केबल तार चोरी, अज्ञात आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज

सिंघोड़ा/ ग्राम गहनाखार में बिजली खंभे से केबल तार चोरी, अज्ञात आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज

 

सिंघोड़ा (महासमुंद), थाना सिंघोड़ा क्षेत्र अंतर्गत ग्राम गहनाखार में खेत में लगे विद्युत खंभे से लगभग 300 मीटर विद्युत केबल चोरी होने का मामला सामने आया है। इस संबंध में छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड में पदस्थ कनिष्ठ अभियंता कोमल साहू ने थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई है।

 

कोमल साहू, पिता श्री राम खिलावन साहू, उम्र 36 वर्ष, निवासी ग्राम जर्वे, जिला जांजगीर-चांपा, जो वर्तमान में छुईपाली में पदस्थ हैं, ने अपने आवेदन में बताया कि ग्राम गहनाखार के खेत में लगे बिजली के खंभों से पुराना उपयोग किया गया लगभग 300 मीटर विद्युत केबल, जिसकी अनुमानित कीमत करीब ₹85,000, है, उसे 30 जुलाई 2025 की मध्यरात्रि को अज्ञात व्यक्ति द्वारा चोरी कर लिया गया।

शिकायत की गंभीरता को देखते हुए थाना सिंघोड़ा में भारतीय न्याय संहिता की धारा 303(2) BNS के तहत मामला पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ कर दी गई है।

थाना प्रभारी ने बताया कि अज्ञात आरोपी की तलाश की जा रही है और जल्द ही आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा।

महासमुंद : ब्लैक मार्केटिंग की भी मिल रही शिकायतें, किसान परेशान / बसना के ठुठापाली सोसायटी मे खाद संकट के बीच राहत: सुपर खाद की आपूर्ति शुरू, DAP की कमी अभी भी बरकरार

महासमुंद : ब्लैक मार्केटिंग की भी मिल रही शिकायतें, किसान परेशान / बसना के ठुठापाली सोसायटी मे खाद संकट के बीच राहत: सुपर खाद की आपूर्ति शुरू, DAP की कमी अभी भी बरकरार

 

बसना, महासमुंद | 07 अगस्त 2025:
खाद की कमी से जूझ रहे किसानों को आज थोड़ी राहत मिली, जब बसना ब्लॉक के ठुठापाली सहकारी समिति में सुपर खाद की आपूर्ति की गई। जैसे ही इसकी जानकारी फैली, किसानों की भीड़ सोसायटी में उमड़ पड़ी। हालांकि DAP खाद की आपूर्ति अब भी नहीं हो सकी है, जिससे किसान पूरी तरह संतुष्ट नहीं हैं।

सोसायटी प्रभारी सुनील चौधरी ने बताया कि, “पहले चरण में DAP खाद आया था, जिसे किसानों को वितरित किया गया। फिलहाल DAP की सप्लाई रुकी हुई है, लेकिन आगे आने की उम्मीद है। इस बीच किसानों को सुपर खाद उपलब्ध कराया जा रहा है।” उन्होंने यह भी बताया कि 2 से 4 दिनों के भीतर यूरिया खाद की भी आपूर्ति होने की संभावना है।

ब्लैक मार्केटिंग पर उठे सवाल

जहां एक ओर सरकारी समितियों में खाद की कमी देखी जा रही है, वहीं दूसरी ओर ब्लैक मार्केटिंग की शिकायतें भी सामने आ रही हैं।
ग्राम सिरको के किसान दीप पटेल ने बताया, “बसना की कुछ निजी दुकानों में DAP 2000 रुपए और यूरिया 600 रुपए में बेचा जा रहा है, जबकि सरकार की तय दर इससे काफी कम है। प्रशासन को इस पर तुरंत कार्रवाई करनी चाहिए।”

फसलों पर असर, किसान चिंतित

DAP की अनुपलब्धता के कारण कई किसान सुपर खाद और यूरिया को मिलाकर खेतों में डाल रहे हैं। लेकिन कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि यह तरीका फसलों की संतुलित पोषण जरूरतों को पूरा नहीं कर पाता, जिससे पैदावार पर नकारात्मक असर हो सकता है।

स्थानीय किसानो ने चिंता जताते हुए कहा, “हम खाद की कमी से परेशान हैं। समय पर बुवाई हो जाए, इसके लिए जो खाद मिल रहा है, उसी से काम चला रहे हैं। लेकिन इससे उत्पादन पर असर तो पड़ेगा ही।”

प्रशासन और विभाग से अपील

किसानों ने जिला प्रशासन और कृषि विभाग से अपील की है कि खाद की नियमित और पारदर्शी आपूर्ति सुनिश्चित की जाए।
किसानों का कहना है कि यदि खाद समय पर नहीं मिला तो बुवाई प्रभावित होगी और इसका असर सीधा आमदनी और अनाज की उपलब्धता पर पड़ेगा।

जनप्रतिनिधियों की चुप्पी पर सवाल

गांवों के किसानों का यह भी कहना है कि खाद संकट के इस दौर में स्थानीय जनप्रतिनिधियों की चुप्पी समझ से परे है। किसानों ने मांग की है कि वे सामने आकर जिला प्रशासन से खाद संकट पर ठोस कदम उठवाएं।

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निष्कर्ष:
जहां सुपर खाद की आपूर्ति से थोड़ी राहत मिली है, वहीं DAP और यूरिया की कमी, ब्लैक मार्केटिंग और वितरण की धीमी गति ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है