बसना क्षेत्र में महीनों से नेटवर्क खराब, सभापति प्रकाश सिन्हा की पहल पर कलेक्टर ने तुरंत दिए जाँच के निर्देश अंकोरी सहित कई गाँवों में नेटवर्क संकट गहराया, सभापति सिन्हा के ज्ञापन पर प्रशासन सक्रिय
बसना। जनपद पंचायत बसना के सभापति एवं क्षेत्र क्रमांक 21 अंकोरी के जनपद सदस्य प्रकाश सिन्हा ने ग्रामीणों की गंभीर नेटवर्क समस्या को लेकर जिला कलेक्टर महासमुंद को विस्तृत ज्ञापन सौंपा था, जिसमें कई गाँवों में लंबे समय से नेटवर्क पूरी तरह बाधित रहने की बात प्रमुख रूप से उठाई गई थी।
ज्ञापन में उन्होंने बताया कि जनपद क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम पंचायत अंकोरी, कायतपाली, ठाकुरपाली, पलसापाली (अ), देवरी समेत आसपास के अनेक गाँव लगातार कमजोर नेटवर्क से परेशान हैं। कई स्थानों पर नेटवर्क दिनों नहीं, बल्कि महीनों से बंद है, जिससे शासन की योजनाएँ, अस्पताल संबंधी सेवाएँ, ऑनलाइन शिक्षा, बैंकिंग कार्य और राशन वितरण जैसी बुनियादी सुविधाएँ बाधित हो रही हैं।
सिन्हा ने कहा कि “डिजिटल युग में नेटवर्क के बिना ग्रामीण जीवन ठप हो जाता है। शासन की अत्यंत महत्वपूर्ण योजनाएँ भी सही तरीके से लागू नहीं हो पा रही हैं। यह समस्या अब जनजीवन को प्रभावित करने लगी है, इसलिए इसका समाधान आवश्यक है।” सभापति सिन्हा ने जिला प्रशासन की कार्रवाई पर संतोष जताते हुए कहा कि “यह ग्रामीणों के हित में बहुत महत्वपूर्ण कदम है, और उम्मीद है कि जल्द ही परिणाम दिखाई देंगे।”
कलेक्टर ने की त्वरित कार्रवाई—संबंधित विभाग को दिए जांच के निर्देश
ज्ञापन मिलते ही जिला कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने समस्या की गंभीरता को ध्यान में रखते हुए बिना देरी भारत संचार निगम लिमिटेड (BSNL) के अधिकारियों को तत्काल जांच एवं तकनीकी कार्यवाही के निर्देश जारी कर दिए। कलेक्टर ने विभाग को स्पष्ट कहा है कि सभी प्रभावित गाँवों की मैदानी जाँच कर वास्तविक स्थिति की रिपोर्ट दें और समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करें।
ग्रामीणों में उम्मीद की नई किरण
सिन्हा द्वारा उठाए गए इस मुद्दे और कलेक्टर की त्वरित प्रतिक्रिया से ग्रामीणों में राहत की उम्मीद बढ़ी है। क्षेत्र के लोगों का कहना है कि यदि नेटवर्क समस्या का समाधान हो जाता है, तो शासकीय योजनाओं, शिक्षा, स्वास्थ्य एवं बैंकिंग सेवाओं में तेजी आएगी।

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर सभी केंद्रों में पारदर्शी ऑनलाइन टोकन प्रणाली, इलेक्ट्रॉनिक तौल कांटा, नमी मापक यंत्र, पर्याप्त बारदाना और अन्य सुविधाएं मुहैया कराई गई है, जिससे किसानों को कोई परेशानी नहीं हो रही। साथ ही धान बिक्री के साथ ही त्वरित भुगतान की व्यवस्था भी सुनिश्चित की गई है।
कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह के मार्गदर्शन में सभी केन्द्रों में धान खरीदने सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। महासमुंद जिले में भी अब किसान उत्साह से धान खरीदी केंद्रों में धान लेकर पहुंच रहे हैं। बरौंडाबाजार गांव के कृषक ताम्रध्वज साहू ने आज 13 एकड़ खेती से 150 क्विंटल धान बेचा, मचेवा गांव के प्रणव साहू ने 18 एकड़ से 75 क्विंटल धान विक्रय किया। इसके अलावा लाफिन खुर्द गांव के बसंत सिंह ठाकुर ने 6 एकड़ खेती से 60 क्विंटल धान बेचा और एक दिन पहले ही ऑनलाइन टोकन कटवाकर आसानी से उपज बेची। इन सभी किसानों ने बताया कि इस बार टोकन व्यवस्था पूरी तरह पारदर्शी है, तौलाई सही हो रही है, बारदाने की कोई कमी नहीं है और सरकार की व्यवस्थाओं से वे पूरी तरह संतुष्ट हैं। जिला प्रशासन ने किसानों से अपील किया है कि हड़ताल के बावजूद वैकल्पिक इंतजामों से धान खरीदी का कार्य सुगमता पूर्वक हो रहा है। अतः किसान बिना किसी भ्रम के उपार्जन केन्द्र पहुंचे और अपने धान का विक्रय करें।