बसना/धरमपुर में श्रीकृष्ण जन्मोत्सव की दिव्यता में जनसेवा की झलक, विधायक डॉ. संपत अग्रवाल ने किया जनसंवाद और पूजन

बसना/धरमपुर में श्रीकृष्ण जन्मोत्सव की दिव्यता में जनसेवा की झलक, विधायक डॉ. संपत अग्रवाल ने किया जनसंवाद और पूजन

 

बसना/श्रीकृष्ण जन्मोत्सव में विधायक डॉ. संपत अग्रवाल ने बाँटी योजनाओं की रोशनी,कहा-जनता की सेवा ही मेरा धर्म है धरमपुर में श्रीकृष्ण जन्मोत्सव बना जनसेवा का मंच: विधायक डॉ. संपत अग्रवाल ने सुनीं समस्याएं, दिए समाधान के निर्देशश्रीकृष्ण जन्मोत्सव पर विधायक डॉ. संपत अग्रवाल का जनसंवाद, विधायक डॉ अग्रवाल ने कहा-जहाँ भक्ति है, वहाँ सेवा है

बसना विधानसभा क्षेत्र के ग्राम धरमपुर में इस वर्ष झूलन रथयात्रा एवं श्रीकृष्ण जन्माष्टमी महोत्सव का आयोजन एक अलौकिक उत्सव की तरह हुआ। पूरे ग्राम में भक्ति, उल्लास और सामाजिक समरसता की ऐसी छटा बिखरी कि हर चेहरा मुस्कान से दमक उठा।

इस पावन अवसर पर क्षेत्र के जनप्रिय विधायक डॉ. संपत अग्रवाल ने स्वयं उपस्थित होकर भगवान श्रीकृष्ण की पूजा-अर्चना की और प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि की कामना की।

पूजन के पश्चात ग्राम में आयोजित जनचौपाल ने इस उत्सव को एक नई दिशा दी। विधायक डॉ. अग्रवाल ने न केवल ग्रामवासियों से संवाद किया, बल्कि उनकी समस्याओं को गहराई से सुना। उन्होंने अधिकारियों को तत्काल समाधान के निर्देश दिए,।

 

विधायक डॉ. अग्रवाल ने कहा कि जनता की सेवा ही मेरा धर्म है। सरकार की योजनाएं तभी सफल होती हैं जब वे अंतिम व्यक्ति तक पहुँचें। मेरा कर्तव्य है कि मैं आप सभी को हर योजना की जानकारी दूँ और उसका लाभ दिलवाऊँ।

 

विधायक डॉ अग्रवाल ने प्रधानमंत्री मोदी सरकार द्वारा ग्राम विकास हेतु चलाई जा रही योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी। चाहे वह प्रधानमंत्री आवास योजना हो, स्वच्छ भारत मिशन, उज्ज्वला योजना या किसान सम्मान निधि । उन्होंने कहा कि इन योजनाओं का उद्देश्य है ग्रामीण जीवन को सशक्त बनाना और हर परिवार को आत्मनिर्भरता की ओर ले जाना।

 

इस अवसर पर ग्राम धरमपुर में पुलिस विभाग और विधायक डॉ संपत अग्रवाल ने पोस्टर के माध्यम से ड्रग्स के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की जानकारी भी दी । विधायक डॉ अग्रवाल ने कहा कि देश को नशामुक्त बनाने और मादक पदार्थों के दुरुपयोग को रोकने के लिए सरकार ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। ‘ड्रग्स के खिलाफ जीरो टॉलरेंस’ की नीति के तहत, नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) ने एक डिजिटल पहल ‘मानस’ शुरू की है। यह पहल देश के हर नागरिक को नशे के खिलाफ लड़ाई में शामिल होने का अवसर देती है।

 

विधायक डॉ अग्रवाल ने जानकारी देते हुए कहा कि नशा मुक्त भारत के निर्माण के लिए ‘मानस’ (MANAS) नामक एक राष्ट्रीय नारकोटिक्स हेल्पलाइन (1933) और अन्य संपर्क माध्यम उपलब्ध कराए गए हैं। यह हेल्पलाइन आम नागरिकों को नशे से संबंधित किसी भी जानकारी या समस्या को गोपनीय तरीके से साझा करने का मंच प्रदान करती है।

 

उन्होंने कहा कि इस पहल का उद्देश्य समाज के हर वर्ग को नशे के खिलाफ जागरूक करना और उन्हें इस समस्या से निपटने में भागीदार बनाना है। ‘आओ मिलकर नशा मुक्त भारत का करें निर्माण’ के नारे के साथ यह अभियान देश को एक स्वस्थ और नशामुक्त भविष्य की ओर ले जाने का संकल्प दिखाता है।

 

इस अवसर पर विधायक डॉ. अग्रवाल ने भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं का भी वर्णन करते हुए कहा कि भगवान श्री कृष्ण केवल एक देवता नहीं, वे जीवन के हर संघर्ष में मार्गदर्शक हैं। उनका जन्म अंधकार में हुआ, लेकिन उन्होंने संसार को प्रकाश दिया। हमें भी उनके आदर्शों से प्रेरणा लेकर समाज में प्रेम, सेवा और न्याय की भावना फैलानी चाहिए।

 

इस शुभ अवसर पर वरिष्ठ भाजपा नेता कैलाश अग्रवाल,कोलता समाज सभापति मथामणी बढ़ाई,भूलिया समाज अध्यक्ष ग्राम उपसरपंच सुशील कुमार मेहेर, भूलिया समाज उपाध्यक्ष वासुदेव मेहेर, विधायक प्रतिनिधि सोनू छाबड़ा,विवेकानंद पटेल,पूर्व उपसरपंच बंशीधर पटेल,भाजपा नेता सुशील प्रधान,कमल साहू, पंच नौरथीया पटेल, पंच आशाराम साहू,खेमू अग्रवाल,क्षमा राम पटेल,जयराम प्रधान,हेमकुमार चौहान, डमरूधर पटेल, पंच डमरूधर चौधरी, पंच प्रताप पटेल सहित भारी संख्या में ग्रामवासी उपस्थित रहे।

CG:हाईवे पर गोवंशों की मौत को लेकर Chhattisgarh HC की सख्त टिप्पणी, कहा- अफसरों के इंतजाम नाकाफी

CG:हाईवे पर गोवंशों की मौत को लेकर Chhattisgarh HC की सख्त टिप्पणी, कहा- अफसरों के इंतजाम नाकाफी

 

CG:बिलासपुर: राष्ट्रीय राजमार्गों पर आवारा मवेशियों की वजह से बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं पर छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है। अदालत ने कहा कि राज्य सरकार और भारतीय
राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआइ) द्वारा उठाए गए कदम इस समस्या के समाधान के लिए पर्याप्त नहीं हैं।

खंडपीठ मुख्य न्यायाधीश रमेश सिन्हा और न्यायमूर्ति रवींद्र कुमार अग्रवाल ने रतनपुर–केंदा मार्ग (एनएच 45) पर एक अज्ञात वाहन की चपेट में आने से 16 लावारिस मवेशियों की मौत की घटना पर सुनवाई करते हुए यह टिप्पणी की। मुख्य सचिव द्वारा दायर हलफनामे में बताया गया कि घटना के बाद संयुक्त निगरानी दल गठित किए गए हैं, 2,000 से अधिक मवेशियों पर रेडियम पट्टी लगाई गई है, नसबंदी और कान टैगिंग अभियान चलाए जा रहे हैं। साथ ही आश्रय स्थल की व्यवस्था और उच्च जोखिम वाले क्षेत्रों की पहचान भी की गई है।

NHAI के निदेशक से मांगा हलफनामा

इसके बावजूद न्यायालय ने माना कि दुर्घटनाओं की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं, जिससे स्पष्ट है कि अब तक किए गए उपाय पर्याप्त नहीं हैं। अदालत ने एनएचएआइ के परियोजना निदेशक को व्यक्तिगत हलफनामा प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं, जिसमें बेसहारा पशुओं की रोकथाम और सुरक्षा के लिए उठाए गए कदमों का विवरण हो।

साथ ही न्यायालय ने एनएचएआइ को यह भी निर्देश दिए कि वह जनता को जागरूक करने के लिए सकारात्मक अभियान चलाए, ताकि वाहन चालक सतर्क रहें और न तो मानव जीवन और न ही सड़क पर बैठे पशुओं को नुकसान पहुंचे।

सड़क पर बैठे बेसहारा मवेशियों और वाहन चालकों की लगातार हो रही मौतों को लेकर नईदुनिया ने अभियान चलाया था। इसमें बताया गया था कि नगर निगम के साथ ही स्थानीय निकाय इसे लेकर गंभीर नहीं है। साथ ही मवेशी मालिक भी जमकर लापरवाही बरत रहे हैं। हाई कोर्ट की कड़ाई के बाद कुछ मवेशी मालिकों के खिलाफ एफआइआर दर्ज की गई। हालांकि यह भी अपर्याप्त है। अभी भी मवेशी सड़कों पर विचरण करते देखे जा सकते हैं।

CG : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने नन्हें बाल गोपालों के संग मुख्यमंत्री निवास में हर्षोल्लास के साथ मनाई जन्माष्टमी  

CG : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने नन्हें बाल गोपालों के संग मुख्यमंत्री निवास में हर्षोल्लास के साथ मनाई जन्माष्टमी

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने मुख्यमंत्री निवास में इस बार जन्माष्टमी का उत्सव राजधानी रायपुर के बैरन बाजार स्थित आंगनबाड़ी के नन्हें-मुन्ने बच्चों के साथ मनाया। बच्चों ने राधा और कृष्ण का रूप धरकर अपनी अठखेलियों और मनमोहक वेशभूषा से कार्यक्रम को जीवंत बना दिया।

राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास में आज श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का पर्व हर्षोल्लास और पारंपरिक श्रद्धा के साथ मनाया गया। पूरे निवास परिसर को फूलों, रंगीन रोशनियों और सजावट से सुसज्जित किया गया, जिससे वातावरण भक्ति और उल्लास से भर गया।

कार्यक्रम में छोटे-छोटे बच्चों ने कृष्ण-लीला की झांकियां और प्रसंग प्रस्तुत किए। उनकी मासूमियत और भावपूर्ण अभिनय ने उपस्थित सभी लोगों का मन मोह लिया। मुख्यमंत्री निवास बच्चों की हंसी और उल्लास से गुलजार रहा।

मुख्यमंत्री श्री साय ने बच्चों के साथ भगवान श्रीकृष्ण की पूजा-अर्चना की और प्रदेश की सुख-समृद्धि, खुशहाली और निरंतर तरक्की की कामना की। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण की लीला हमें धर्म, नीति और कर्तव्य पालन की प्रेरणा देती है। छत्तीसगढ़ की जनता की मेहनत और आस्था से प्रदेश निरंतर प्रगति कर रहा है। हमारा संकल्प है कि भगवान श्री कृष्ण के उपदेशों से प्रेरणा लेकर छत्तीसगढ़ को न्याय, सद्भाव और विकास की नई ऊंचाइयों तक ले जाएं। मुख्यमंत्री श्री साय ने स्नेहपूर्वक सभी बच्चों को अपने हाथों से चाकलेट, शिक्षण सामग्री और प्रसाद का वितरण किया।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि ऐसे सांस्कृतिक और धार्मिक आयोजन न केवल हमारी परंपराओं को जीवित रखते हैं, बल्कि नई पीढ़ी को संस्कारों से जोड़ते हैं। उन्होंने सभी प्रदेशवासियों को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की हार्दिक शुभकामनाएं  दीं।

इस अवसर पर छत्तीसगढ़ राज्य वन विकास निगम के अध्यक्ष श्री राम सेवक पैकरा, छत्तीसगढ़ राज्य नागरिक आपूर्ति निगम के अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव, मितुल कोठारी, सुनील पिल्ले,  मुख्यमंत्री निवास कार्यालय के अधिकारी-कर्मचारी सहित अन्य गणमान्यजन उपस्थित थे।

 

CG News: नवा रायपुर में स्टंट करने वाले 128 बाइक और 6 कार ड्राइवरों पर कार्रवाई

CG News: नवा रायपुर में स्टंट करने वाले 128 बाइक और 6 कार ड्राइवरों पर कार्रवाई

 

CG: स्वतंत्रता दिवस के दिन नवा रायपुर की सड़कों पर स्टंट करने पहुंचे बाइकर्स गैंग पर पुलिस ने कार्रवाई की। पुलिस की घेराबंदी में 128 दोपहिया वाहन और 6 कार चालक पकड़े गए। सभी पर तेज रफ्तार, लापरवाहीपूर्वक वाहन चलाने, बिना नंबर और दस्तावेजी खामियों समेत विभिन्न धाराओं में प्रकरण दर्ज किया गया है।

 

एसएसपी डॉ. लाल उम्मेद सिंह के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यातायात डॉ. प्रशांत शुक्ला और एएसपी अटल नगर विवेक शुक्ला के मार्गदर्शन में विशेष योजना बनाकर कार्रवाई की गई। डीएसपी सतीश ठाकुर व गुरजीत सिंह के नेतृत्व में 40 सदस्यीय टीम ने घेराबंदी कर स्टंटबाजों को पकड़ा। जब्त वाहन थाना राखी, मंदिर हसौद और अटल नगर यातायात थाने में रखे गए हैं।

स्टंट करते गिरा युवक

इसी दौरान स्टंट करते समय एक युवक गिरकर घायल हो गया। पुलिस ने तत्काल एंबुलेंस बुलाकर उसे अस्पताल भिजवाया, जहां उसका हाथ फैक्चर पाया गया।

रील बनाने के लिए करते हैं स्टंट

नवा रायपुर में बाइकर्स इंटरनेट मीडिया पर वीडियो और रील बनाने के लिए स्टंट करते हैं। इससे प्रेरित होकर कई युवा भी जोखिम उठाते हैं और कई बार हादसों में घायल या मौत का शिकार हो जाते हैं।

पुलिस को किया था चैलेंज

कुछ दिन पहले एक वीडियो प्रसारित हुआ था। उसमें बाइकर्स ने रील बनाई और 15 अगस्त को नवा रायपुर में स्टंट करने की बात कही। उसमें पुलिस को भी चैलेंज किया गया था। पुलिस ने वीडियो के आधार पर सभी बाइकर्स को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।

पुलिस ने की अपील

रायपुर पुलिस ने युवाओं से अपील की है कि इंटरनेट मीडिया पर वायरल स्टंट वीडियो की नकल कर अपनी जान जोखिम में न डालें। स्टंट करना खतरनाक है, इससे चोट, विकलांगता या मौत भी हो सकती है। समझदारी दिखाते हुए सुरक्षित ढंग से वाहन चलाएं और यातायात नियमों का पालन करें।

छत्तीसगढ़:पुलिस को चकमा देकर थाने से फरार हुआ नाबालिग के अपहरण और दुष्कर्म का आरोपी, मचा हड़कंप

छत्तीसगढ़:पुलिस को चकमा देकर थाने से फरार हुआ नाबालिग के अपहरण और दुष्कर्म का आरोपी, मचा हड़कंप

बिलासपुर: जिले के कोनी थाने से नाबालिग के अपहरण और दुष्कर्म के मामले में गिरफ्तार आरोपी फरार हो गया। इसकी जानकारी लगते ही थाने में हड़कंप मच गया। इसकी जानकारी तत्काल अधिकारियों को दी गई। इधर पुलिस की टीम आरोपी की तलाश कर रही है।

 

कोतवाली सीएसपी गगन कुमार ने बताया कि सरकंडा क्षेत्र के मोपका गार्डन सिटी में रहने वाले स्वरित सिंह (20) को कोनी पुलिस ने नाबालिग के अपहरण और दुष्कर्म के मामले में गुरुवार को गिरफ्तार किया था। कार्रवाई के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश करने कार्रवाई में जुटी थी। सुबह करीब चार बजे आरोपी हथकड़ी को खिसकाकर निकाल लिया। इसके बाद वह थाने में मौजूद पुलिसकर्मियों को चकमा देकर भाग निकला।

 

इसकी जानकारी लगते ही थाने में हड़कंप मच गया। थाने में मौजूद पुलिसकर्मियों ने आनन-फानन में इसकी जानकारी अधिकारियों को दी। इसके बाद फरार आरोपी की तलाश शुरू की गई। साथ ही शहर के सभी थानों में इसकी सूचना दी गई। पुलिस की टीम ने आरोपी के घर पर भी इसकी जानकारी दी। थाने में पदस्थ प्रधान आरक्षक बालेश्वर तिवारी की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ एक और मामला दर्ज किया गया है।

चल रही जांच, जिम्मेदार पर होगी कार्रवाई

कोतवाली सीएसपी गगन कुमार ने बताया कि आरोपित हथकड़ी निकालकर थाने से भाग निकला। इसकी जानकारी होते ही पुलिस की टीम उसके संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। अधिकारियों के निर्देश पर पूरी घटना की जानकारी ली जा रही है। थाने में ड्यूटी पर तैनात जवानों से पूछताछ की जा रही है। घटना में जिम्मेदार पाए जाने पर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

CG : महासमुन्द मे नशीली दवाओं की तस्करी और सेवन में लिप्त 09 आरोपियों को गिरफ्तार रायपुर ओड़िशा निवासी

CG : महासमुन्द मे नशीली दवाओं की तस्करी और सेवन में लिप्त 09 आरोपियों को गिरफ्तार रायपुर ओड़िशा निवासी

महासमुंद। पुलिस और एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स की संयुक्त कार्रवाई में नशीली दवाओं की तस्करी और सेवन में लिप्त 09 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों के कब्जे से बड़ी मात्रा में नशीली कफ सिरप, 500 नग नशीली टैबलेट और चाकू बरामद किए गए हैं।

जानकारी के मुताबिक, 14 अगस्त को मुखबिर से सूचना मिली थी कि महासमुंद के वार्ड क्रमांक 11 नयापारा दलदली रोड निवासी प्रवीण साहू अवैध रूप से नशीली कफ सिरप बेचने की तैयारी कर रहा है। पुलिस ने मौके पर दबिश देकर आरोपी को गिरफ्तार किया और उसके पास से 1300 एमएल कोडीन फॉस्फेट ट्रिप्रोलिडाइन सिरप तथा एक बटन चाकू बरामद किया। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 21(सी), 22 और आर्म्स एक्ट 25 के तहत अपराध दर्ज किया गया।

पूछताछ में प्रवीण साहू ने बताया कि वह उड़ीसा के पदमपुर निवासी सुशांत प्रधान से नशीली दवाइयां खरीदता है। पुलिस ने आरोपी सुशांत प्रधान को भी गिरफ्तार किया, जिसके कब्जे से 50 स्ट्रीप में कुल 500 नग नाइट्राजेपाम टैबलेट जप्त किए गए।

इसके अलावा तस्करी और सेवन में शामिल अन्य सात आरोपियों —

टी. बजरंग (रायपुर),

सोनू साहू (फाफाडीह, रायपुर),

जनक बघेल (त्रिमूर्ति नगर, रायपुर),

अमित यादव (फाफाडीह, रायपुर),

सचिन ध्रुव (फाफाडीह, रायपुर),

शुभम उर्फ चंद्रमणी साहू (फाफाडीह, रायपुर),

कुनाल फेकर (देवेंद्र नगर, रायपुर)

को भी संकलित साक्ष्यों के आधार पर गिरफ्तार किया गया।

सभी आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 21(सी), 22 और 27 के तहत अपराध दर्ज कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।

पुलिस का कहना है कि एंड-टू-एंड इन्वेस्टिगेशन के तहत नशे के स्रोत से लेकर डेस्टिनेशन प्वाइंट तक की जानकारी जुटाकर आगे की कार्रवाई की जा रही है।

रायपुर में ‘अंधविश्वास या चमत्कार से इलाज’ का दावा, इंडियन ड्रग एंड मैजिक रेमेडी एक्ट के तहत 54 बीमारियाँ ऐसी हैं जिनके बारे में “चमत्कार से ठीक करने” का दावा करने पर सज़ा का प्रावधान

रायपुर में ‘अंधविश्वास या चमत्कार से इलाज’ का दावा, इंडियन ड्रग एंड मैजिक रेमेडी एक्ट के तहत 54 बीमारियाँ ऐसी हैं जिनके बारे में “चमत्कार से ठीक करने” का दावा करने पर सज़ा का प्रावधान है लेकिन शासन प्रशासन ऐसे अंधविश्वास के खिलाड़ियों को लेकर सख्त नहीं है कुकरबेड़ा इलाके के होम चर्च में मिनी चंगाई सभा, तेल-पानी से बीमारी ठीक करने का दावा; बजरंग दल और स्थानीयों ने जताया विरोध

रायपुर | राजधानी रायपुर के कुकरबेड़ा इलाके में रविवार को एक होम चर्च में ‘यशु-यशु स्टाइल’ में चमत्कार से इलाज का दावा किया गया। पास्टर ने एक युवक के हाथ पर तेल लगाकर प्रार्थना की और कुछ देर बाद उसका हाथ ऊपर उठ गया। यह नज़ारा देख भीड़ “हलेलुया” के जयकारों से गूंज उठी। इसी घटना का वीडियो सामने आने के बाद इलाके में विवाद बढ़ गया है।

दैनिक भास्कर खबर की माने तो स्थानीय लोगों और हिंदू संगठनों का आरोप है कि इस तरह की ‘मिनी चंगाई सभाओं’ के जरिए लोगों को बरगलाकर धर्म परिवर्तन कराया जा रहा है। वहीं, चर्च में आने वाली महिलाएं कह रही हैं कि वे अपनी मर्जी से प्रेयर के लिए आती हैं और किसी तरह का धर्म परिवर्तन नहीं हुआ है।

विवाद की शुरुआत

10 अगस्त को मोहल्लेवासियों ने आरोप लगाया था कि कुकरबेड़ा स्थित इस होम चर्च में पैसों और बिजनेस का लालच देकर धर्म परिवर्तन कराया जाता है। विरोध के बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर एक महिला और दो युवकों को थाने ले जाकर पूछताछ की थी। फिलहाल, चर्च का वह कमरा पुलिस ने सील कर दिया है।

क्या कहते हैं स्थानीय लोग

पूजा ध्रुव का कहना है कि वे हिंदू होते हुए भी यीशु पर विश्वास करती हैं और प्रेयर से स्वास्थ्य लाभ हुआ है।

हर्षिता निहाल ने आरोप लगाया कि तेल-पानी से इलाज का दावा किया गया, लेकिन फायदा न मिलने पर उन्होंने चर्च जाना बंद कर दिया।
कुछ महिलाओं ने बताया कि उन्हें 5 लाख रुपये, राशन और बिजनेस खोलने तक का लालच दिया गया।

बजरंग दल और VHP की प्रतिक्रिया
बजरंग दल का कहना है कि तेल-पानी से चमत्कार दिखाकर लोगों को भ्रमित किया जा रहा है और धर्म बदलने के लिए उकसाया जा रहा है। हालांकि, संगठन ने अश्लील इशारों के आरोप से इंकार किया है।
वहीं, विश्व हिंदू परिषद का कहना है कि “इलाके में पहले से चर्च मौजूद हैं, लेकिन होम चर्च खोलकर पैसों और चमत्कार के नाम पर धर्मांतरण कराया जा रहा है।”

बड़ा परिप्रेक्ष्य
छत्तीसगढ़ में पिछले कुछ सालों से धर्मांतरण को लेकर टकराव बढ़ा है। 2021 से अब तक प्रदेश में 104 बार हिंदू और ईसाई समाज आमने-सामने आए हैं। 44 FIR दर्ज हुई हैं, जिनमें 23 मामले पिछले एक साल के भीतर दर्ज किए गए। कोरबा, महासमुंद, दुर्ग और बिलासपुर जैसे जिले हॉटस्पॉट बने हुए हैं।

CG : एक अजीबोगरीब मामला का खुलासा…एक शिक्षक जी एमपी और छत्तीसगढ़ दोनों जगह कर रहे सरकारी नौकरी, रोज लगाते हैं हाजिरी

CG : एक अजीबोगरीब मामला का खुलासा…एक शिक्षक जी एमपी और छत्तीसगढ़ दोनों जगह कर रहे सरकारी नौकरी, रोज लगाते हैं हाजिरी

 

CG:सूरजपुर: जिले के दूरस्थ ओड़गी विकासखंड के बिहारपुर स्थित स्वामी आत्मानन्द उत्कृष्ट हिंदी व अंग्रेजी माध्यम उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में पदस्थ सामाजिक विज्ञान विषय के व्याख्याता राजेश कुमार वैश्य के इस विद्यालय के अलावा सरहदी राज्य मध्य प्रदेश के सिंगरौली जिला स्थित ग्राम मकरोहर शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में भी पदस्थ रहने का सनसनीखेज मामला प्रकाश में आया है। दो राज्यों की स्कूल में सेवाएं देने की बात सामने आने जिला शिक्षा अधिकारी के निर्देश पर जांच शुरू कर दी गई है।

बिहारपुर चांदनी के स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी एवं हिन्दी माध्यम उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में सामाजिक विज्ञान के व्याख्याता राजेश कुमार वैश्य सरहदी राज्य मध्यप्रदेश के सिंगरौली जिलान्तर्गत मकरोहर गांव के निवासी है। वे वहीं शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में पदस्थ भी हैं। इसके साथ ही वे बिहारपुर स्थित स्वामी आत्मानन्द हिंदी व अंग्रेजी माध्यम उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में भी सामाजिक विज्ञान विषय के व्याख्याता के पद पर भी पदस्थ हैं। वे इस विद्यालय में जानकारी छिपाकर नवंबर 2022 से पदस्थ है।

बनाया दोनों राज्यों का निवास प्रमाण पत्र

बता दें कि ग्राम मकरोहर मध्य प्रदेश के सिंगरौली जिले का अंतिम गांव है और जिले के बिहारपुर से लगा हुआ है। मकरोहर के ग्रामीण अपनी दैनिक जरूरतों के सामानों की खरीदी करने अक्सर बिहारपुर आते जाते रहते हैं। इसी का फायदा उठाते हुए मकरोहर निवासी राजेश कुमार वैश्य ने अपनी पहुंच से ग्राम मकरोहर मध्यप्रदेश के साथ ही छत्तीसगढ़ के बिहारपुर तहसील का निवास प्रमाण पत्र हासिल कर लिया है। मकरोहर मध्यप्रदेश में शिक्षक पद पर नौकरी करते हुए नवंबर 2022 से बिहारपुर स्थित स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी एवं हिन्दी माध्यम विद्यालय में भी पदस्थ है।

जानकारी के मुताबिक ग्राम मकरोहर स्थित हायर सेकेण्डरी स्कूल का संचालन सुबह 10.30 से शाम 4 बजे तक होता है। वहीं बिहारपुर स्थित स्वामी आत्मानंद स्कूल का संचालन दो पालियों में होता है। प्रथम पाली में सुबह 8 बजे से 11.45 बजे तक संचालित होती है।

दोनों स्कूलों में हाजिरी लगाता है शिक्षक

ग्रामीणों का कहना है कि वह सुबह 8 बजे स्वामी आत्मानंद स्कूल में उपस्थित होता है। दोपहर ग्राम मकरोहर स्थित हायर सेकेण्डरी स्कूल में उपस्थित होता है और उपस्थिति पंजी में अपनी हाजिरी भी दर्ज करता है। स्थानीय होने के कारण प्राचार्य सहित स्कूल के अन्य शिक्षक चुप्पी साधे रहते हैं।

मामला संज्ञान में आते ही जांच कमेटी गठित कर दी गई है। जांच प्रतिवेदन मिलते ही तथ्यों के आधार पर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

-भारती वर्मा, डीईओ सूरजपुर

CG:आश्रम में रह रही नाबालिग के खाने में नींद की दवाई मिलाकर दुष्कर्म, ऐसा हुआ मामले का खुलासा, आरोपी को उम्रकैद

CG:आश्रम में रह रही नाबालिग के खाने में नींद की दवाई मिलाकर दुष्कर्म, ऐसा हुआ मामले का खुलासा, आरोपी को उम्रकैद

 

CG:जांजगीर चांपा: नींद की गोली खिलाकर नाबालिग से अनाचार करने वाले आरोपी को अपर सत्र न्यायाधीश (पाक्सो) अनिल कुमार बारा ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही पांच सौ रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है।

अभियोजन के अनुसार 14 वर्षीय पीड़िता अपने पिता के निधन बाद वह अपने मामा के घर में रहती थी। 13 मई 2023 को वह अपने बड़े भाई के साथ अपने बड़े पिता के पुत्र दिलेश्वर महंत के साथ एक आश्रम में रहने गई थी। उसका भाई उसे छोड़कर कमाने खाने गुजरात चला गया। दिलेश्वर महंत कई वर्षो से आश्रम में देखरेख का काम करता था। आश्रम में दिलेश्वर महंत पीड़िता को रोज खाना निकालकर देता था। खाना में नींद की दवा जैसी कुछ मिलाता था, जिससे पीड़िता सो जाती थी। तब दिलेश्वर महंत पीड़िता के साथ अनाचार करता था।

 

चार जुलाई 2023 की रात को पीड़िता खाना नहीं खाई थी, बिना खाना खाए सो गई थी। तब दिलेश्वर उसके बेड में आया और उसके हाथ, बांह को पकड़ा, तब पीड़िता जाग गई, तब आरोपी अलग सो गया। पीड़िता अगली सुबह ग्राम टुंड्रा चली गई। जहां जुलाई माह में उसके पेट में दर्द हुआ, पीरियड आना बंद हो गया।

उसने इसकी जानकारी अपने स्वजन को दी और प्रेग्नेंसी टेस्ट किया गया तो वह प्रेग्नेंट थी। तब उसने अपने भाई को बताया कि आश्रम में रूकी थी तब आरोपी नींद की दवा मिलाकर गलत काम किया है। पीड़िता के भाई ने आरोपी से पूछताछ किया तो वह इंकार करते हुए चला गया, बाद में भाग गया।

पीड़िता ने घटना की रिपोर्ट शिवरीनारायण थाना में दर्ज कराई। जिस पर अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। संपूर्ण विवेचना पूर्ण कर अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। अपर सत्र न्यायाधीश (पाक्सो) अनिल कुमार बारा ने आरोपित दिलेश्वर उर्फ निर्मलदास को धारा 376 के तहत आजीवन कारावास की सजा सुनाई।

साथ ही पांच सौ रुपये के अर्थदंड से दंडित किया। अर्थदंड की राशि नहीं पटाने पर एक माह का अतिरिक्त कारावास भुगतने का आदेश दिया गया। अभियोजन की ओर से विशेष लोक अभियोजक (पाक्सो) चंद्रप्रताप सिंह ने पैरवी की।

छत्तीसगढ़/कोरबा: 400 करोड़ के डीएमएफ घोटाले में माया वारियर सहित कई अफसर व ठेकेदारों पर एफआईआर दर्ज

छत्तीसगढ़/कोरबा: 400 करोड़ के डीएमएफ घोटाले में माया वारियर सहित कई अफसर व ठेकेदारों पर एफआईआर दर्ज

 

छत्तीसगढ़ के कोरबा में हुए बहुचर्चित खनिज न्यास मद (डीएमएफ) घोटाले में एक बार फिर बड़ी कार्रवाई हुई है। पूर्व सहायक आयुक्त माया वारियर, तत्कालीन सहायक अभियंता, उप अभियंता, डाटा ऑपरेटर सहित चार ठेकेदारों के विरुद्ध पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है। बता दें कि कांग्रेस शासनकाल में सामने आए इस करीब 400 करोड़ रुपये के घोटाले में माया वारियर पहले से ही जेल में बंद हैं।

जानकारी के अनुसार वर्ष 2021-22 में केंद्र सरकार ने कोरबा जिले के जर्जर छात्रावास और आश्रमों की मरम्मत के लिए राशि स्वीकृत की थी। उस दौरान कलेक्टर रानू साहू की पदस्थापना कोरबा में थी। उन्होंने अपने करीबी अधिकारी माया वारियर को आदिवासी विकास विभाग में सहायक आयुक्त बनवाया, जिसके बाद डीएमएफ से गड़बड़ी का सिलसिला शुरू हुआ।

आरोप है कि रानू साहू के निर्देश पर माया वारियर कार्य आवंटित करती थीं। केंद्र से राशि मिलने के बावजूद उन्हाेंने मिलीभगत कर डीएमएफ से भी उन्हीं कार्यों के लिए स्वीकृति दिलवाई। 80 लाख रुपये की कार्य योजना बनाई गई, जिसमें सांई ट्रेडर्स, पालीवाल बुक डिपो, श्री सांई कृपा बिल्डर्स, एसएसए कंस्ट्रक्शन और बालाजी इंफ्रास्ट्रक्चर जैसी कंपनियों को काम दिया गया। इनमें से चार कार्य तो शुरू ही नहीं किए गए, लेकिन भुगतान कर दिया गया। बाकी कार्य निम्नस्तरीय थे, फिर भी बिना भौतिक सत्यापन के कमीशन लेकर राशि जारी कर दी गई।

जांच रिपोर्ट में साफ हुआ कि 80 लाख रुपये के कार्य पूरे हुए ही नहीं। अनुबंध की शर्तों के अनुसार एक माह में काम पूर्ण होना था, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। कलेक्टर के निर्देश पर प्रशासन ने मामला दर्ज कराया, जिसके बाद सिविल लाइन थाना रामपुर में आर्थिक अनियमितता व सरकारी दस्तावेज गायब करने का अपराध पंजीबद्ध किया गया है।

इनके खिलाफ मामला दर्ज

जांच में सामने आया कि पूर्व सहायक आयुक्त माया वारियर, पूर्व सहायक अभियंता अजीत कुमार तिग्गा, पूर्व उप अभियंता राकेश वर्मा और डाटा एंट्री ऑपरेटर कुश कुमार देवांगन ने मिलीभगत कर यह गड़बड़ी की। चार ठेकेदार कंपनियों ने भी उनका साथ देते हुए बिना काम किए भुगतान प्राप्त किया।

पहले से ही जेल में, और बढ़ी मुश्किलें

डीएमएफ और कोयला परिवहन घोटाले में फंसी रानू साहू की गिरफ्तारी जुलाई 2023 में हुई थी और उन्हें 31 मई 2025 को जमानत मिली। वहीं माया वारियर को ईडी ने 16 अक्टूबर 2024 को गिरफ्तार किया था और वह अब तक जेल में है। ताजा मामले में एफआईआर दर्ज होने से माया की कानूनी मुश्किलें और बढ़ गई हैं।